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Saharanpur News: भाजपा के दो विधायकों और मंत्री पर फोड़ा हार का ठीकरा, हंगामा
Fri, 21 Jun 2024 03:24 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Fri, 21 Jun 2024 03:24 AM IST
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सहारनपुर के सर्किट में चुनाव को लेकर बैठक लेते प्रदेश महामंत्री गोविंद नारायण शुक्ला
सहारनपुर। लोकसभा चुनाव में भाजपा सहारनपुर सीट हार गई। इसकी समीक्षा के लिए पार्टी हाईकमान ने दो सदस्यीय टीम भेजी। गोपनीय बैठक के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने हंगामा कर दिया। उन्होंने राज्यमंत्री लोक निर्माण विभाग बृजेश सिंह, नगर विधायक राजीव गुंबर और रामपुर मनिहारान विधायक देवेंद्र निम पर हार का ठीकरा फोड़ा है। आरोप लगाया कि इन्होंने अपने क्षेत्र में मेहनत नहीं की। इस वजह से हार का मुंह देखना पड़ा।
लोकसभा चुनाव में इंडिया गठबंधन के प्रत्याशी इमरान मसूद भाजपा प्रत्याशी राघव लखनपाल शर्मा को करीब 64 हजार वोटों से हराकर सांसद बने। हार की वजह की समीक्षा के लिए पार्टी हाईकमान ने प्रदेश महामंत्री गोविंद नारायण शुक्ला और हरदोई जिले से विधायक आशीष सिंह को सहारनपुर भेजा। बृहस्पतिवार को सर्किट हाऊस में सबसे पहले प्रदेश महामंत्री गोविंद नारायण शुक्ला और विधायक आशीष सिंह ने लोकसभा चुनाव संचालन समिति के सदस्यों और वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ बंद कमरे में वार्ता की। इसके पश्चात समस्त पदाधिकारियों के साथ हार की वजह जानने के लिए समीक्षा बैठक की। इसी दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने हंगामा कर दिया। उन्होंने कहा कि राज्यमंत्री बृजेश सिंह, नगर विधायक राजीव गुंबर और रामपुर मनिहारान विधायक देवेंद्र निम ने अपने-अपने क्षेत्र में चुनाव में मेहनत नहीं की। उनके क्षेत्र में वोट प्रतिशत कम रहा। हिंदू बाहुल्य इलाकों से भी वोट नहीं दिलवा पाए, जबकि विधानसभा चुनाव के दौरान यहां से पार्टी प्रत्याशियों को भारी मत मिले थे, प्रत्याशी जीतकर विधायक बने थे। आरोप लगाया कि लोकसभा चुनाव में सीट हारने के जिम्मेदार दोनों विधायक और राज्यमंत्री हैं। हंगामे की वजह से कुछ देर बैठक रोकनी भी पड़ी। हंगामा करने वाले राघव लखनपाल शर्मा के समर्थक बताए जा रहे हैं। सूत्र बताते हैं कि राघव लखनपाल शर्मा के भाई राहुल लखनपाल शर्मा ने भी बैठक से पहले प्रदेश महामंत्री से मुलाकात कर सहयोग न करने वाले जनप्रतिनिधियों के बारे में शिकायत की थी।
इस दौरान महापौर डॉ. अजय कुमार, जिलाध्यक्ष डॉ. महेंद्र सैनी, विधायक मुकेश चौधरी, कीरत सिंह, महानगर अध्यक्ष पुनीत त्यागी, जिला प्रभारी डीके शर्मा, सोनेंद्र राणा, विरेंद्र पुंडीर सहित पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे। वहीं, इसको लेकर कोई पदाधिकारी बोलने को तैयार नहीं हैं।
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वर्जन:
- मैं किसी कार्य से जनपद से बाहर हूं, मुझे कोई इस तरह की जानकारी नहीं है। पार्टी प्रत्याशी को जितवाने के लिए पूरी मेहनत की गई थी।-- बृजेश सिंह, राज्यमंत्री, उप्र सरकार
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- महानगर में पार्टी प्रत्याशी को जिताने के लिए पूरी मेहनत की गई है। घर-घर जाकर जनसंपर्क किया गया और मतदान कराया। प्रदेश में कई सीटों पर मतदान कम हुआ है। इसी तरह नगर विधानसभा सीट पर सवा दो प्रतिशत मतदान कम रहा। कहां चूक हुई है, इसकी उनके स्तर से भी समीक्षा की जा रही है।-- -राजीव गुंबर, नगर विधायक
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लोकसभा चुनाव में इंडिया गठबंधन के प्रत्याशी इमरान मसूद भाजपा प्रत्याशी राघव लखनपाल शर्मा को करीब 64 हजार वोटों से हराकर सांसद बने। हार की वजह की समीक्षा के लिए पार्टी हाईकमान ने प्रदेश महामंत्री गोविंद नारायण शुक्ला और हरदोई जिले से विधायक आशीष सिंह को सहारनपुर भेजा। बृहस्पतिवार को सर्किट हाऊस में सबसे पहले प्रदेश महामंत्री गोविंद नारायण शुक्ला और विधायक आशीष सिंह ने लोकसभा चुनाव संचालन समिति के सदस्यों और वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ बंद कमरे में वार्ता की। इसके पश्चात समस्त पदाधिकारियों के साथ हार की वजह जानने के लिए समीक्षा बैठक की। इसी दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने हंगामा कर दिया। उन्होंने कहा कि राज्यमंत्री बृजेश सिंह, नगर विधायक राजीव गुंबर और रामपुर मनिहारान विधायक देवेंद्र निम ने अपने-अपने क्षेत्र में चुनाव में मेहनत नहीं की। उनके क्षेत्र में वोट प्रतिशत कम रहा। हिंदू बाहुल्य इलाकों से भी वोट नहीं दिलवा पाए, जबकि विधानसभा चुनाव के दौरान यहां से पार्टी प्रत्याशियों को भारी मत मिले थे, प्रत्याशी जीतकर विधायक बने थे। आरोप लगाया कि लोकसभा चुनाव में सीट हारने के जिम्मेदार दोनों विधायक और राज्यमंत्री हैं। हंगामे की वजह से कुछ देर बैठक रोकनी भी पड़ी। हंगामा करने वाले राघव लखनपाल शर्मा के समर्थक बताए जा रहे हैं। सूत्र बताते हैं कि राघव लखनपाल शर्मा के भाई राहुल लखनपाल शर्मा ने भी बैठक से पहले प्रदेश महामंत्री से मुलाकात कर सहयोग न करने वाले जनप्रतिनिधियों के बारे में शिकायत की थी।
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इस दौरान महापौर डॉ. अजय कुमार, जिलाध्यक्ष डॉ. महेंद्र सैनी, विधायक मुकेश चौधरी, कीरत सिंह, महानगर अध्यक्ष पुनीत त्यागी, जिला प्रभारी डीके शर्मा, सोनेंद्र राणा, विरेंद्र पुंडीर सहित पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे। वहीं, इसको लेकर कोई पदाधिकारी बोलने को तैयार नहीं हैं।
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वर्जन:
- मैं किसी कार्य से जनपद से बाहर हूं, मुझे कोई इस तरह की जानकारी नहीं है। पार्टी प्रत्याशी को जितवाने के लिए पूरी मेहनत की गई थी।
- महानगर में पार्टी प्रत्याशी को जिताने के लिए पूरी मेहनत की गई है। घर-घर जाकर जनसंपर्क किया गया और मतदान कराया। प्रदेश में कई सीटों पर मतदान कम हुआ है। इसी तरह नगर विधानसभा सीट पर सवा दो प्रतिशत मतदान कम रहा। कहां चूक हुई है, इसकी उनके स्तर से भी समीक्षा की जा रही है।