{"_id":"5b95739d867a557fee025b17","slug":"141536521117-saharanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"रणखंडी की फ्लाईट लेफ्टिनेंट शिखा को बेस्ट आफिसर इन फिल्ड इवेन्टस का खिताब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रणखंडी की फ्लाईट लेफ्टिनेंट शिखा को बेस्ट आफिसर इन फिल्ड इवेन्टस का खिताब
Updated Mon, 10 Sep 2018 12:55 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
छुटमलपुर (सहारनपुर)। सहारनपुर की बेटी ने भारतीय वायु सेना में शानदार उपलब्धि हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। गांव रणखंडी निवासी फ्लाइट लेफ्टिनेंट डा. शिखा शर्मा को सशस्त्र सेनाओं के मेडिकल अफसरों की पासिंग आउट परेड में बेस्ट आफीसर इन फील्ड इवेंट्स मेजर लैशराम ज्योतिन सिंह अशोक चक्र स्मृति ट्राफी से सम्मानित किया गया है। डा. शिखा ने पीओपी में सेकेंड परेड कमांडर की भूमिका भी निभाई है। उसकी इस उपलब्धि पर परिजनों और गांव में खुशी का माहौल है।
देवबंद तहसील के गांव रणखंडी के रहने वाले थल सेना से सेवानिवृत्त सतीश कुमार की बेटी डा. शिखा शर्मा का गत वर्ष अगस्त माह में वायु सेना में मेडिकल आफिसर के लिए चयन हुआ था। हाल ही में तीनों सेनाओं के मेडिकल अफसरों का दो माह का प्रशिक्षण सेना चिकित्सा कोर की लखनऊ स्थित अफसर ट्रेनिंग एकेडमी में संपन्न हुआ है। एक सितंबर को लखनऊ में छावनी स्थित सेना चिकित्सा कोर में संपन्न हुई पासिंग आउट परेड में दो माह के प्रशिक्षण के दौरान देश भर के 122 सैन्य मेडिकल आफिसरों के बीच शानदार प्रदर्शन के लिए शिखा शर्मा को बेस्ट आल राउंडर रोलिंग ट्राफी और बेस्ट ड्रिल एंड टर्न आउट ट्राफी से सम्मानित किया गया। बेस्ट आफिसर इन फील्ड इवेंट्स के लिए डा. शिखा को मेजर लेशराम ज्योतिन सिंह अशोक चक्र स्मृति ट्राफी देकर परेड के मुख्य अतिथि मेजर जनरल एस नैथानी ने सम्मानित किया है। डा. शिखा ने इस परेड के दौरान सेकेंड परेड कमांडर की भूमिका भी निभाई है। उनकी इस उपलब्धि पर परिजनों और गांव में खुशी का माहौल है। डा. शिखा के बड़े भाई विनीत शर्मा भी भारतीय थल सेना में कैप्टन के पद पर हैं। वह वर्तमान में जम्मू में तैनात हैं। जबकि उनके पिता सतीश कुमार थल सेना से सेवानिवृत्त हो चुके हैं। उन्हें सेवाकाल के दौरान एडवेंचर की विभिन्न उपलब्धियों को लेकर भारतीय सेना के प्रतिष्ठित सेना मैडल से नवाजा जा चुका है। पिता सतीश कुमार और भाई कैप्टन विनीत शर्मा ने शिखा को उसकी उपलब्धि के लिए बधाई दी है।
विज्ञापन
देवबंद तहसील के गांव रणखंडी के रहने वाले थल सेना से सेवानिवृत्त सतीश कुमार की बेटी डा. शिखा शर्मा का गत वर्ष अगस्त माह में वायु सेना में मेडिकल आफिसर के लिए चयन हुआ था। हाल ही में तीनों सेनाओं के मेडिकल अफसरों का दो माह का प्रशिक्षण सेना चिकित्सा कोर की लखनऊ स्थित अफसर ट्रेनिंग एकेडमी में संपन्न हुआ है। एक सितंबर को लखनऊ में छावनी स्थित सेना चिकित्सा कोर में संपन्न हुई पासिंग आउट परेड में दो माह के प्रशिक्षण के दौरान देश भर के 122 सैन्य मेडिकल आफिसरों के बीच शानदार प्रदर्शन के लिए शिखा शर्मा को बेस्ट आल राउंडर रोलिंग ट्राफी और बेस्ट ड्रिल एंड टर्न आउट ट्राफी से सम्मानित किया गया। बेस्ट आफिसर इन फील्ड इवेंट्स के लिए डा. शिखा को मेजर लेशराम ज्योतिन सिंह अशोक चक्र स्मृति ट्राफी देकर परेड के मुख्य अतिथि मेजर जनरल एस नैथानी ने सम्मानित किया है। डा. शिखा ने इस परेड के दौरान सेकेंड परेड कमांडर की भूमिका भी निभाई है। उनकी इस उपलब्धि पर परिजनों और गांव में खुशी का माहौल है। डा. शिखा के बड़े भाई विनीत शर्मा भी भारतीय थल सेना में कैप्टन के पद पर हैं। वह वर्तमान में जम्मू में तैनात हैं। जबकि उनके पिता सतीश कुमार थल सेना से सेवानिवृत्त हो चुके हैं। उन्हें सेवाकाल के दौरान एडवेंचर की विभिन्न उपलब्धियों को लेकर भारतीय सेना के प्रतिष्ठित सेना मैडल से नवाजा जा चुका है। पिता सतीश कुमार और भाई कैप्टन विनीत शर्मा ने शिखा को उसकी उपलब्धि के लिए बधाई दी है।
विज्ञापन