{"_id":"5b86f44942c792462d134f50","slug":"121535571017-saharanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"देवीकुंड सरोवर में छोड़ी गई गैंबूसिया मछली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
देवीकुंड सरोवर में छोड़ी गई गैंबूसिया मछली
Updated Thu, 30 Aug 2018 01:00 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देवीकुंड सरोवर में छोड़ी गई गैंबूसिया मछली
देवबंद। स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को श्री त्रिपुर मां बाला सुंदरी देवी मंदिर स्थित देवीकुंड सरोवर में एंटी लार्वा मछली गैंबूसिया को छोड़कर देवबंद में अभियान की शुरूआत की। अधिकारियों का कहना है कि गैंबूसिया मछली डेंगू रोकने में स्वास्थ्य विभाग की सहयोगी बनेगी।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. बी.एस. सोढ़ी, जिला मलेरिया अधिकारी शिवांका गौड़ और मलेरिया निरीक्षक धर्मेंद्र द्वारा गैंबूसिया मछली को देवीकुंड सरोवर में छोड़ा गया। जिला मलेरिया अधिकारी डा. शिवांका गौड़ ने बताया कि इस मछली को एंटी लार्वा भी कहा जाता है, क्योंकि इस मछली का भोजन मच्छर व इनके अंडे होते हैं। इनके द्वारा संचारी रोगों (मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया) पर नियंत्रण स्थापित किया जाएगा। उन्होंने जनता से अपील की कि सभी लोग अपने घरों के आसपास पानी इकट्ठा न होने दें, क्योंकि रुके हुए पानी में ही डेंगू, मलेरिया के मच्छर पनपते हैं। मच्छरों से बचने के लिए शरीर को पूरा ढकने वाले कपड़े पहनने चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि किसी घर में डेंगू का लार्वा पाया जाता है तो उस पर पांच हजार रुपये जुर्माना वसूला जाएगा। इस मौके पर चिकित्सा प्रकोष्ठ के जिला संयोजक डा. सुखपाल सिंह, भाजपा नगराध्यक्ष गजराज सिंह राणा, डा. इंद्राज ंसिंह, नईम अहमद, रविंद्र कुमार, अजब सिंह, पार्वती, ममता त्यागी, सुंदरलाल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
देवबंद। स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को श्री त्रिपुर मां बाला सुंदरी देवी मंदिर स्थित देवीकुंड सरोवर में एंटी लार्वा मछली गैंबूसिया को छोड़कर देवबंद में अभियान की शुरूआत की। अधिकारियों का कहना है कि गैंबूसिया मछली डेंगू रोकने में स्वास्थ्य विभाग की सहयोगी बनेगी।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. बी.एस. सोढ़ी, जिला मलेरिया अधिकारी शिवांका गौड़ और मलेरिया निरीक्षक धर्मेंद्र द्वारा गैंबूसिया मछली को देवीकुंड सरोवर में छोड़ा गया। जिला मलेरिया अधिकारी डा. शिवांका गौड़ ने बताया कि इस मछली को एंटी लार्वा भी कहा जाता है, क्योंकि इस मछली का भोजन मच्छर व इनके अंडे होते हैं। इनके द्वारा संचारी रोगों (मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया) पर नियंत्रण स्थापित किया जाएगा। उन्होंने जनता से अपील की कि सभी लोग अपने घरों के आसपास पानी इकट्ठा न होने दें, क्योंकि रुके हुए पानी में ही डेंगू, मलेरिया के मच्छर पनपते हैं। मच्छरों से बचने के लिए शरीर को पूरा ढकने वाले कपड़े पहनने चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि किसी घर में डेंगू का लार्वा पाया जाता है तो उस पर पांच हजार रुपये जुर्माना वसूला जाएगा। इस मौके पर चिकित्सा प्रकोष्ठ के जिला संयोजक डा. सुखपाल सिंह, भाजपा नगराध्यक्ष गजराज सिंह राणा, डा. इंद्राज ंसिंह, नईम अहमद, रविंद्र कुमार, अजब सिंह, पार्वती, ममता त्यागी, सुंदरलाल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन