{"_id":"5d7bd6538ebc3e01696877f1","slug":"sp-leader-akhilesh-told-university-is-not-for-me-and-abdullah-rampur-news-mbd322037324","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूनिवर्सिटी ना तो मेरे लिए ना अब्दुल्ला के लिए","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूनिवर्सिटी ना तो मेरे लिए ना अब्दुल्ला के लिए
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रामपुर। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि आजम खां ने जौहर यूनिवर्सिटी न तो मेरी लिए बनाई है और ना ही अब्दुल्ला के लिए। यूनिवर्सिटी बनी है आने वाली पीढ़ी को बेहतर शिक्षा देने के लिए। सरकार को सीखना है कि यूनिवर्सिटी कैसी बनायी जाती है तो यहां आकर देखें एक बार। आने वाले समय में यही यूनिवर्सिटी एक मिसाल बनेगी।
शुक्रवार को हमसफर रिसोर्ट में कार्यकर्ता से अखिलेश ने कहा कि आजम खां ने लोगों का भाग्य बदलने के लिए इसे बनाया है। आजम पर लिखे जाने वाले मुक़दमों की भाषा है, जैसे लगता है कोई एक ही आदमी लिखकर दे रहा है तहरीर। प्रदेश में क्या हो रहा है। पत्रकार अगर सच लिख रहे हैं तो क्या हो रहा है। मिर्जापुर के एक पत्रकार ने स्कूल में बच्चों के साथ अन्याय दिखाया तो उस पर मुक़दमे लाद दिए गए। एक बार नेता जी (मुलायम सिंह यादव) पर भी एक साथ एक सौ से ज्यादा मुक़दमे दर्ज हो गए। उनके बाद अगर किसी पर इतने मुक़दमे हुए हैं, तो वो हैं आजम खां। लोकसभा में आजम खां की रमा देवी पर टिप्पणी के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि लोकसभा में सभी महिला सांसद आजम खां के ख़िलाफ़ एक हो गई थीं। मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि उन्नाव की बेटी के मामले में वो सब कहां ग़ायब थीं। आज भी वो लड़की जीवन के लिए संघर्ष कर रही है। बीजेपी के लोगों का चेहरा देखिए, पता नहीं कैसे आ गए सत्ता में। सरकार में शामिल लोगों का इतिहास देखिए। हमारी सरकार को गुंडों की सरकार कहते थे, जरा मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के इतिहास को भी तो देख लिया जाए।
विज्ञापन
शुक्रवार को हमसफर रिसोर्ट में कार्यकर्ता से अखिलेश ने कहा कि आजम खां ने लोगों का भाग्य बदलने के लिए इसे बनाया है। आजम पर लिखे जाने वाले मुक़दमों की भाषा है, जैसे लगता है कोई एक ही आदमी लिखकर दे रहा है तहरीर। प्रदेश में क्या हो रहा है। पत्रकार अगर सच लिख रहे हैं तो क्या हो रहा है। मिर्जापुर के एक पत्रकार ने स्कूल में बच्चों के साथ अन्याय दिखाया तो उस पर मुक़दमे लाद दिए गए। एक बार नेता जी (मुलायम सिंह यादव) पर भी एक साथ एक सौ से ज्यादा मुक़दमे दर्ज हो गए। उनके बाद अगर किसी पर इतने मुक़दमे हुए हैं, तो वो हैं आजम खां। लोकसभा में आजम खां की रमा देवी पर टिप्पणी के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि लोकसभा में सभी महिला सांसद आजम खां के ख़िलाफ़ एक हो गई थीं। मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि उन्नाव की बेटी के मामले में वो सब कहां ग़ायब थीं। आज भी वो लड़की जीवन के लिए संघर्ष कर रही है। बीजेपी के लोगों का चेहरा देखिए, पता नहीं कैसे आ गए सत्ता में। सरकार में शामिल लोगों का इतिहास देखिए। हमारी सरकार को गुंडों की सरकार कहते थे, जरा मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के इतिहास को भी तो देख लिया जाए।
विज्ञापन