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डेढ़ साल से गायब हेडमास्टर सस्पेंड
अमर उजाला ब्यूरो/रामपुर
Updated Mon, 08 Feb 2016 11:44 PM IST
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डेढ़ साल से गायब चल रहे हेडमास्टर को सस्पेंड कर दिया गया है। बीएसए ने इस मामले में खंड शिक्षाधिकारी की भूमिका को संदिग्ध मानते हुए उनको नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। एक शिक्षामित्र का भी मानदेय रोक दिया गया है। ये कार्रवाई हेल्पलाइन पर आई शिकायत की जांच के बाद की गई है।
परिषदीय स्कूलों की व्यवस्था को सुधारने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से हेल्पलाइन शुरू की गई है। सोमवार को मिलक क्षेत्र के क्रमचा के प्रधान मुकेश कुमार ने शिकायत की कि नारायण नगला गांव के प्राथमिक विद्यालय में तैनात हेडमास्टर मुकेश कुमार डेढ़ साल से गायब हैं।
शिकायत खंड शिक्षाधिकारी से की गई, लेकिन खंड शिक्षाधिकारी ने भी इस मामले में कार्रवाई से इंकार कर दिया। बीआरपी से रिपोर्ट ली गई, जिसके बाद बीएसए एसके तिवारी ने हेडमास्टर मुकेश कुमार को सस्पेंड कर दिया। मिलक के खंड शिक्षाधिकारी को नोटिस जारी करते हुए उनसे जवाब तलब किया गया है।
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पूछा है कि आखिर किस वजह से उक्त हेडमास्टर पर कार्रवाई की संस्तुति नहीं की गई। स्वार के शिक्षामित्र का भी मानदेय रोक दिया गया है। बीएसए एसके तिवारी ने बताया कि हेल्पलाइन पर आने वाली शिकायतों को गंभीरता से लिया जा रहा है।
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परिषदीय स्कूलों की व्यवस्था को सुधारने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से हेल्पलाइन शुरू की गई है। सोमवार को मिलक क्षेत्र के क्रमचा के प्रधान मुकेश कुमार ने शिकायत की कि नारायण नगला गांव के प्राथमिक विद्यालय में तैनात हेडमास्टर मुकेश कुमार डेढ़ साल से गायब हैं।
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शिकायत खंड शिक्षाधिकारी से की गई, लेकिन खंड शिक्षाधिकारी ने भी इस मामले में कार्रवाई से इंकार कर दिया। बीआरपी से रिपोर्ट ली गई, जिसके बाद बीएसए एसके तिवारी ने हेडमास्टर मुकेश कुमार को सस्पेंड कर दिया। मिलक के खंड शिक्षाधिकारी को नोटिस जारी करते हुए उनसे जवाब तलब किया गया है।
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पूछा है कि आखिर किस वजह से उक्त हेडमास्टर पर कार्रवाई की संस्तुति नहीं की गई। स्वार के शिक्षामित्र का भी मानदेय रोक दिया गया है। बीएसए एसके तिवारी ने बताया कि हेल्पलाइन पर आने वाली शिकायतों को गंभीरता से लिया जा रहा है।