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बवाल के दूसरे दिन शांति, व्यवस्था हुई कायम
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रामपुर। नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में प्रदर्शन के दौरान हुए बवाल के बाद दूसरे दिन शहर में शांति व्यवस्था कायम रही। रातभर और पूरे दिन पुलिस के वाहन इधर उधर दौड़ते रहे। एडीजी अविनाश चन्द्रा और एसपी डॉ. अजय पाल शर्मा पुलिस बल के साथ शहर का दौरा करते रहे। प्रमुख चौराहों एवं बाजारों पुलिस फोर्स तैनात रही। पुलिस प्रशासन की इसी सतर्कता के चलते शहर के हालात सामान्य हो गए।
मुस्लिम तंजीमों की ओर से नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में 21 दिसंबर को रामपुर बंद का आह्वान किया था। इसके लिए ईदगाह पर बड़ी तादाद में लोग एकत्र हो गए। प्रदर्शन के दौरान ही हाथीखाना चौराहे पर हिंसा हो गई। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस कर्मियों को बंधक बनाने के साथ ही जमकर पथराव किया। बचाव में पुलिस ने भी आंसू गैस के गोले दाग दिए। इस बीच प्रदर्शन के दौरान एक युवक की मौत हो गई थी, जिसके बाद तो हालात बिगड़ते चले गए। बवालियों ने छह बाइकें और पुलिस की एक जीप फूंक दी। ऐसे में हालात सामान्य करने के लिए पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह से सक्रिय हो गया और मुस्लिम तंजीमों के मौलानाओं से अपील कराकर प्रदर्शन खत्म कराया, जिसके बाद पूरी तरह से पुलिस प्रशासन शांति व्यवस्था कायम करने में जुट गया। शाम तक बरेली समेत अन्य जिलों से पुलिस फोर्स बुला ली गई, जिसके बाद पुलिस ने गश्त की। रातभर पुलिस के वाहन शांति की अपील करते रहे। शहर के प्रमुख चैराहों एवं बाजारों पुलिस बल तैनात कर दिया। संदिग्धों की कड़ी निगरानी की गई। रविवार को सुबह होते ही एडीजी अविनाश चन्द्रा आ गए। उन्होंने पुलिस अधीक्षक डॉ. अजयपाल शर्मा के साथ शहर का दौरा कर लोगों से शांति की अपील की। इस दौरान शहर के हालात सामान्य नजर आए। बाजार भी खुल गए, जहां चहल पहल भी नजर आई।
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मुस्लिम तंजीमों की ओर से नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में 21 दिसंबर को रामपुर बंद का आह्वान किया था। इसके लिए ईदगाह पर बड़ी तादाद में लोग एकत्र हो गए। प्रदर्शन के दौरान ही हाथीखाना चौराहे पर हिंसा हो गई। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस कर्मियों को बंधक बनाने के साथ ही जमकर पथराव किया। बचाव में पुलिस ने भी आंसू गैस के गोले दाग दिए। इस बीच प्रदर्शन के दौरान एक युवक की मौत हो गई थी, जिसके बाद तो हालात बिगड़ते चले गए। बवालियों ने छह बाइकें और पुलिस की एक जीप फूंक दी। ऐसे में हालात सामान्य करने के लिए पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह से सक्रिय हो गया और मुस्लिम तंजीमों के मौलानाओं से अपील कराकर प्रदर्शन खत्म कराया, जिसके बाद पूरी तरह से पुलिस प्रशासन शांति व्यवस्था कायम करने में जुट गया। शाम तक बरेली समेत अन्य जिलों से पुलिस फोर्स बुला ली गई, जिसके बाद पुलिस ने गश्त की। रातभर पुलिस के वाहन शांति की अपील करते रहे। शहर के प्रमुख चैराहों एवं बाजारों पुलिस बल तैनात कर दिया। संदिग्धों की कड़ी निगरानी की गई। रविवार को सुबह होते ही एडीजी अविनाश चन्द्रा आ गए। उन्होंने पुलिस अधीक्षक डॉ. अजयपाल शर्मा के साथ शहर का दौरा कर लोगों से शांति की अपील की। इस दौरान शहर के हालात सामान्य नजर आए। बाजार भी खुल गए, जहां चहल पहल भी नजर आई।
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