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ऑक्सीजन न मिलने पर गई युवक की जान
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ऊंचाहार (रायबरेली)। सीएचसी ऊंचाहार में चिकित्सकों की लापरवाही मरीजों पर भारी पड़ रही है। ऑक्सीजन न मिलने पर एक युवक की जान चली गई। आरोप है कि डॉक्टर ने ऑक्सीजन न देकर युवक को जिला अस्पताल रेफर कर दिया। युवक की मौत से उसके तिलकोत्सव कार्यक्रम की खुशियां गम में तब्दील हो गई।
ऊंचाहार तहसील क्षेत्र के पट्टी रहस कैथवल गांव निवासी राजीव सिंह (35) का 30 अप्रैल को तिलकोत्सव कार्यक्रम है। तिलक की तैयारी घर पर चल रही थी। शुक्रवार की शाम अचानक राजीव की तबियत बिगड़ गई। शरीर में ऑक्सीजन का स्तर कम हो रहा था। घरवाले लेकर सीएचसी पहुंचे, जहां ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने कोई जिम्मेदारी नहीं निभाई।
घरवालों का आरोप है कि डॉक्टर से बार-बार कहने के बाद भी ऑक्सीजन नहीं लगाया, जबकि सीएचसी मे ऑक्सीजन मौजूद थी। डॉक्टर सीधे जिला अस्पताल ले जाने की बात करते रहे।
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मृतक के भाई दीपक सिंह ने बताया कि डॉक्टर ने ऑक्सीजन नहीं दिया। मैं भाई को लेकर रायबरेली गया, फिर लालगंज, लेकिन किसी ने नहीं सुना। रात में भाई की मौत हो गई। उधर, सीएचसी अधीक्षक डॉ. एमके शर्मा ने बताया कि मरीज आया था। ऑक्सीजन लेवल कम था। इसलिए जिला अस्पताल मे भेजा गया था, लेकिन परिवारीजन उसे घर लेकर चले गए थे। ऑक्सीजन न देने का आरोप गलत है।
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ऊंचाहार तहसील क्षेत्र के पट्टी रहस कैथवल गांव निवासी राजीव सिंह (35) का 30 अप्रैल को तिलकोत्सव कार्यक्रम है। तिलक की तैयारी घर पर चल रही थी। शुक्रवार की शाम अचानक राजीव की तबियत बिगड़ गई। शरीर में ऑक्सीजन का स्तर कम हो रहा था। घरवाले लेकर सीएचसी पहुंचे, जहां ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने कोई जिम्मेदारी नहीं निभाई।
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घरवालों का आरोप है कि डॉक्टर से बार-बार कहने के बाद भी ऑक्सीजन नहीं लगाया, जबकि सीएचसी मे ऑक्सीजन मौजूद थी। डॉक्टर सीधे जिला अस्पताल ले जाने की बात करते रहे।
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मृतक के भाई दीपक सिंह ने बताया कि डॉक्टर ने ऑक्सीजन नहीं दिया। मैं भाई को लेकर रायबरेली गया, फिर लालगंज, लेकिन किसी ने नहीं सुना। रात में भाई की मौत हो गई। उधर, सीएचसी अधीक्षक डॉ. एमके शर्मा ने बताया कि मरीज आया था। ऑक्सीजन लेवल कम था। इसलिए जिला अस्पताल मे भेजा गया था, लेकिन परिवारीजन उसे घर लेकर चले गए थे। ऑक्सीजन न देने का आरोप गलत है।