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पीलीभीत: वरुण गांधी बोले- संविदाकर्मियों को अधिकार दिलाने के लिए खुद को दांव पर लगाने को तैयार, भीख मांगने से नहीं मिलता अधिकार
Sun, 19 Dec 2021 10:45 PM IST
सुशील कुमार
अमर उजाला ब्यूरो, पीलीभीत
अमर उजाला ब्यूरो, पीलीभीत
Published by: सुशील कुमार
Updated Sun, 19 Dec 2021 10:45 PM IST
सार
यशवंतरी देवी मंदिर प्रांगण में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, शिक्षा मित्रों, आशा बहुओं, रोजगार सेवकों, अनुदेशकों के साथ जिले के विभिन्न विभागों में तैनात संविदा कर्मचारियों के संवाद कार्यक्रम में सांसद वरुण गांधी ने यह बात कही।
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varun gandhi
- फोटो : ANI
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विस्तार
विभिन्न विभागों में सेवारत संविदाकर्मियों के बीच पहुंचे सांसद वरुण गांधी ने कहा कि भीख मांगने से कभी अधिकार नहीं मिलता। इसलिए अपनी शक्ति दिखाइए। ताकि अधिकार के लिए किसी के आगे हाथ न फैलाना पड़े। उन्होंने यहां तक कह दिया कि संविदाकर्मियों की आवाज को बुलंद करने के लिए वह खुद को भी दांव पर लगाने को तैयार हैं।
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यशवंतरी देवी मंदिर प्रांगण में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, शिक्षा मित्रों, आशा बहुओं, रोजगार सेवकों, अनुदेशकों के साथ जिले के विभिन्न विभागों में तैनात संविदा कर्मचारियों के संवाद कार्यक्रम में सांसद वरुण गांधी ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि वह जान चुके हैं कि देश के किसान, मजदूर और नौजवान तथा निजीकरण से परेशान बैंककर्मियों की तरह आप भी बहुत कष्ट में हैं। मगर यह समझना चाहिए कि भीख मांगने से कभी सम्मान और अधिकार नहीं मिलता। इसलिए अपनी ताकत को पहचानिए। खुद को संगठित करके इस कदर अपनी शक्ति दिखाइए कि अधिकारों के लिए किसी के आगे हाथ न फैलाना पड़े। उन्होंने कहा कि पिछले सवा साल से बड़ी बहादुरी के साथ हक की लड़ाई लड़ रहे किसानों का जब उन्होंने साथ दिया तो कुछ उनसे कहने लगे थे कि दल क्या सोचेगा। मगर मैंने कहा कि दल को तो हम समझा लेंगे लेकिन इससे पहले हमको सोचना है कि देश क्या सोचेगा। विभिन्न विभागों के संविदा कर्मचारियों के संवाद कार्यक्रम को संबोधित करने से पहले उन्होंने जमीन पर बैठकर उनका दर्द सुना। फिर मंच से संबोधित किया।
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मैंने नहीं लिया 13 साल से कोई वेतन
सांसद ने संविदा कर्मचारियों से कहा कि वह उनकी बात को सिर्फ संसद में उठाने के लिए नहीं आए हैं, वहां तो उठाऊंगा ही बल्कि खास तौर पर वह यह कहने आए हैं कि आपकी आवाज के इस रास्ते पर अगर खुद को दांव पर भी लगाना पड़े तो उसके लिए भी तैयार हूं। उन्होंने कहा कि वह ईमानदारी से काम करते हैं वह उनकी तरह नहीं हैं जो जुल्म और भ्रष्टाचार के बलबूते अपनी बड़ी-बड़ी कोठियां और कॉलोनियां खड़ी करते हैं। वह बोले- 13 साल से कोई वेतन नहीं लिया, न सरकारी गाड़ी से चलते हैं न सरकारी मकान में रहते हैं।
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इस घुटन के वातावरण को एकजुट होकर हटाना पड़ेगा
सांसद वरुण गांधी ने संविदाकर्मियों के बीच कहा कि हम आपके साथ यहां बैठे हैं, आवश्यकता होने पर आपकी ताकत और आवाज बनकर लखनऊ में भी आपके साथ बैठेंगे। उन्होंने कहा कि इस घुटन के वातावरण को अब हमें एकजुट खोकर हटाना पड़ेगा। वह पूरी तरह साथ हैं। उन्होंने समान वेतन प्रणाली, पेंशन और ग्रेच्युटी और हर मांग का समर्थन करते हुए और अपनी आवाज उनकी आवाज में जोड़ते हुए हर मंच हर स्तर पर साथ देने का संविदाकर्मियों को पूर्ण विश्वास दिलाया।