{"_id":"61b26758a5269758d044d098","slug":"road-safety-tips-pilibhit-news-bly468745276","type":"story","status":"publish","title_hn":"वाहन चलते समय बरतें सावधानी, परिवार कर रहा है आपका इंतजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वाहन चलते समय बरतें सावधानी, परिवार कर रहा है आपका इंतजार
विज्ञापन
ट्राली के पीछे रिफ्लेक्टर लगाते एआरटीओ अमिताभ राय। संवाद
- फोटो : PILIBHIT
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पीलीभीत। परिवहन विभाग की ओर से सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि बीसलपुर विधायक रामसरन वर्मा ने लोगों को सड़क सुरक्षा को लेकर जानकारी दी। कहा- वाहन चलाते समय सावधानी बरते। परिवार आप का इंतजार कर रहा है। इस दौरान वाहनों के पीछे रिफ्लेक्टर भी लगाए गए।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ने कहा कि सिर हमारे शरीर का नियंत्रण केंद्र है। इस पर चोट मौत का कारण होती है। इसलिए हेलमेट का इस्तेमाल जरूरत करें। एआरटीओ अमिताभ राय ने ग्रामीण क्षेत्र में सड़क दुर्घटनाओं के कारणों के विषय में बताया। कहा कि ग्रामीण सड़कों से मुख्य मार्ग पर बाइक चालक बिना देखे मुख्य सड़क पर आ जाते हैं और बड़े वाहनों से टकराकर दुर्घटना का कारण बनते हैं। ट्रैक्टर ट्राली के पीछे अभियान चलाकर रिफ्लेक्टिव टेप लगाए जाने पर जोर दिया।
कहा कि वाहन चलाते समय मोबाइल फोन पर बात करना घातक साबित हो सकता है। एआरटीओ ने बुलेट बाइक के साइलेंसर को मॉडिफाई करके चलाने से होने वाले नुकसान के बारे में बताया। मॉडिफाइड साइलेंसर वाले दो पहिया वाहनों पर कार्रवाई को लेकर भी कहा। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि एसडीएम बीसलपुर राकेश गुप्ता ने सड़क सुरक्षा की जानकारी दी। सीओ प्रशांत सिंह ने दुर्घटनाओं के कारण होने वाली हानि के बारे में बताया।
विज्ञापन
सड़क सुरक्षा प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इधर, एआरटीओ ऑफिस में सेव लाइफ फाउंडेशन लखनऊ द्वारा ऑनलाइन ट्रक, बस, ऑटो चालकों का फर्स्ट रिस्पांडर ट्रेनिंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। चालकों को घटना के कारणों के विषय में प्रशिक्षण दिया गया। विशेष तौर पर दुर्घटना के पश्चात किस तरीके से दुर्घटना में घायल व्यक्ति को मदद पहुंचाई जाए।
बताया गया कि चालक, परिचालक ही प्रथम व्यक्ति होता है जो कि दुर्घटना को देखता है। एआरटीओ वीरेंद्र सिंह ने बताया कि दुर्घटना के बाद का पहला घंटा बहुत महत्वपूर्ण होता है। इसे गोल्डन आवर कहते हैं। इसमें घायल व्यक्ति को मदद मिली बहुत आवश्यक है।
विज्ञापन
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ने कहा कि सिर हमारे शरीर का नियंत्रण केंद्र है। इस पर चोट मौत का कारण होती है। इसलिए हेलमेट का इस्तेमाल जरूरत करें। एआरटीओ अमिताभ राय ने ग्रामीण क्षेत्र में सड़क दुर्घटनाओं के कारणों के विषय में बताया। कहा कि ग्रामीण सड़कों से मुख्य मार्ग पर बाइक चालक बिना देखे मुख्य सड़क पर आ जाते हैं और बड़े वाहनों से टकराकर दुर्घटना का कारण बनते हैं। ट्रैक्टर ट्राली के पीछे अभियान चलाकर रिफ्लेक्टिव टेप लगाए जाने पर जोर दिया।
विज्ञापन
कहा कि वाहन चलाते समय मोबाइल फोन पर बात करना घातक साबित हो सकता है। एआरटीओ ने बुलेट बाइक के साइलेंसर को मॉडिफाई करके चलाने से होने वाले नुकसान के बारे में बताया। मॉडिफाइड साइलेंसर वाले दो पहिया वाहनों पर कार्रवाई को लेकर भी कहा। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि एसडीएम बीसलपुर राकेश गुप्ता ने सड़क सुरक्षा की जानकारी दी। सीओ प्रशांत सिंह ने दुर्घटनाओं के कारण होने वाली हानि के बारे में बताया।
विज्ञापन
सड़क सुरक्षा प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इधर, एआरटीओ ऑफिस में सेव लाइफ फाउंडेशन लखनऊ द्वारा ऑनलाइन ट्रक, बस, ऑटो चालकों का फर्स्ट रिस्पांडर ट्रेनिंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। चालकों को घटना के कारणों के विषय में प्रशिक्षण दिया गया। विशेष तौर पर दुर्घटना के पश्चात किस तरीके से दुर्घटना में घायल व्यक्ति को मदद पहुंचाई जाए।
बताया गया कि चालक, परिचालक ही प्रथम व्यक्ति होता है जो कि दुर्घटना को देखता है। एआरटीओ वीरेंद्र सिंह ने बताया कि दुर्घटना के बाद का पहला घंटा बहुत महत्वपूर्ण होता है। इसे गोल्डन आवर कहते हैं। इसमें घायल व्यक्ति को मदद मिली बहुत आवश्यक है।