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दिखी भीड़ तो गुस्साए अफसर, खुद संभाली कमान, मातहतों की फटकार
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शाहजहांपुर में जनता कफ्र्यू के बाद सोमवार को खुला सदर बाजार में छाया सन्नाटा । संवाद
- फोटो : SHAHJAHANPUR
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पीलीभीत। लॉकडाउन होने के बावजूद जिम्मेदारों की ओर से शुरुआत में लापरवाही बरती गई। नतीजतन सोमवार सुबह से सड़कों पर रोजमर्रा की तरह चहलकदमी हो गई। दुकानें खुल गई और लोग खरीदारी को उमड़ पड़े। बाद में हालातों को देखकर गुस्साए आला अफसरों ने मातहतों को फटकारा और खुद कमान संभाली।
सोमवार को कागजों में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी फील्ड पर थे, लेकिन सड़कों पर कहीं कोई रोकता नहीं दिखा। जब एडीएम एफआर अतुल सिंह, एएसपी रोहित मिश्र शहर का भ्रमण करने निकले तो सड़कों पर भीड़ का नजारा देखा तो दंग रह गए। धुनों वाला चौराहा, मोहल्ला डालचंद, सुनहरी मस्जिद चौराहा, जमुनी चौराहा, रंगीलाल चौराहा, लाल रोड, नखासा तिराहा होते हुए गैस चौराहा तक पैदल पहुंचे। कहीं कोई पुलिसकर्मी ड्यूटी पर नहीं दिखा। इसके बाद अफसरों का पारा चढ़ गया। पहले तो खुद ही सख्ती करते हुए दुकानें बंद कराई और बेवजह घरों से निकले लोगों को लौटाया। फिर गैस चौराहा पर सुनगढ़ी, कोतवाली के समस्त चौकी प्रभारी, गश्ती बाइक पवन मोबाइल पर तैनात सिपाहियों को बुला लिया। उनकी फटकार लगाई गई। साफ कहा कि कोई वाहन नहीं चलेगा। मेडिकल स्टोर छोड़कर अन्य दुकानें बंद रहेंगी। इसके बावजूद पालन नहीं हो रहा। कड़ी फटकार लगाते खकरा और कमल्ले चौकी इंचार्ज के न पहुंचने पर उनकी रपट लिखने के निर्देश दिए। अधिकारियों की फटकार के बाद मातहत एक्शन में आ गए। सिटी मजिस्ट्रेट अतुल कुमार, एसडीएम अविनाश चंद्र मौर्य, कोतवाल श्रीकांत द्विवेदी, इंस्पेक्टर सुनगढ़ी अतर सिंह फोर्स के साथ आ गए। थाना सुनगढ़ी के सामने ही एक मेगामार्ट खुला था। उसे भी अधिकारियों ने तत्काल बंद कराया। अधिकारियों की फटकार के असर पर कुछ घंटे तो पुलिस सख्त दिखी, लेकिन दोपहर बाद फिर सुस्त पड़ती दिखाई दी। जनता कर्फ्यू की अपेक्षा सोमवार को असर शत प्रतिशत नहीं रहा।
बैरियर लगाकर तैनात कर दी गई फोर्स
लॉकडाउन होने के बाद गौहनिया चौराहा, छतरी चौराहा, सुनहरी मस्जिद चौराहा, ड्रमंडगंज चौराहा, असम चौराहा समेत मुख्य चौराहों पर मोबाइल बैरियर लगा दिए गए। फोर्स की तैनाती कर दी गई है।
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ग्रामीण इलाकों में नहीं दिखा असर
26 मार्च तक किए गए लॉकडाउन का असर ग्रामीण इलाकों में कम ही दिखा। रोजमर्रा की तरह लोग सड़कों पर रहे। दुकानें खुली रहीं। उन्हें रोकने-टोकने की जहमत नहीं उठाई गई। बरखेड़ा, गजरौला, बिलसंडा समेत कई इलाकों में हाल ऐसा ही रहा।
लॉकडाउन के बाद बढ़ी भीड़ तो सतर्क हुए अफसर
पीलीभीत। कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए पूरे जिले को लॉकडाउन कर दिया गया है। जिले की सभी सीमाएं सील कर दी गई हैं। लॉकडाउन होने के बाद भी सोमवार सुुबह बाजार में लोगों की भीड़ बढ़ने लगी। सूचना पर प्रशासनिक अफसर और पुलिस भी पहुंच गई। अधिकारियों ने लोगों को लॉकडाउन की जानकारी देकर अति आवश्यक न हो तो घरों से बाहर न निकलने की अपील की। गौहनिया चौराहा पर अपराह्न सिटी मजिस्ट्रेट और एएसपी रोहित मिश्रा ने घूम रहे लोगों को डांटकर बाहर न घूमने की चेतावनी दी। फिलहाल प्रशासन द्वारा किसी पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। संवाद
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सोमवार को कागजों में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी फील्ड पर थे, लेकिन सड़कों पर कहीं कोई रोकता नहीं दिखा। जब एडीएम एफआर अतुल सिंह, एएसपी रोहित मिश्र शहर का भ्रमण करने निकले तो सड़कों पर भीड़ का नजारा देखा तो दंग रह गए। धुनों वाला चौराहा, मोहल्ला डालचंद, सुनहरी मस्जिद चौराहा, जमुनी चौराहा, रंगीलाल चौराहा, लाल रोड, नखासा तिराहा होते हुए गैस चौराहा तक पैदल पहुंचे। कहीं कोई पुलिसकर्मी ड्यूटी पर नहीं दिखा। इसके बाद अफसरों का पारा चढ़ गया। पहले तो खुद ही सख्ती करते हुए दुकानें बंद कराई और बेवजह घरों से निकले लोगों को लौटाया। फिर गैस चौराहा पर सुनगढ़ी, कोतवाली के समस्त चौकी प्रभारी, गश्ती बाइक पवन मोबाइल पर तैनात सिपाहियों को बुला लिया। उनकी फटकार लगाई गई। साफ कहा कि कोई वाहन नहीं चलेगा। मेडिकल स्टोर छोड़कर अन्य दुकानें बंद रहेंगी। इसके बावजूद पालन नहीं हो रहा। कड़ी फटकार लगाते खकरा और कमल्ले चौकी इंचार्ज के न पहुंचने पर उनकी रपट लिखने के निर्देश दिए। अधिकारियों की फटकार के बाद मातहत एक्शन में आ गए। सिटी मजिस्ट्रेट अतुल कुमार, एसडीएम अविनाश चंद्र मौर्य, कोतवाल श्रीकांत द्विवेदी, इंस्पेक्टर सुनगढ़ी अतर सिंह फोर्स के साथ आ गए। थाना सुनगढ़ी के सामने ही एक मेगामार्ट खुला था। उसे भी अधिकारियों ने तत्काल बंद कराया। अधिकारियों की फटकार के असर पर कुछ घंटे तो पुलिस सख्त दिखी, लेकिन दोपहर बाद फिर सुस्त पड़ती दिखाई दी। जनता कर्फ्यू की अपेक्षा सोमवार को असर शत प्रतिशत नहीं रहा।
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बैरियर लगाकर तैनात कर दी गई फोर्स
लॉकडाउन होने के बाद गौहनिया चौराहा, छतरी चौराहा, सुनहरी मस्जिद चौराहा, ड्रमंडगंज चौराहा, असम चौराहा समेत मुख्य चौराहों पर मोबाइल बैरियर लगा दिए गए। फोर्स की तैनाती कर दी गई है।
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ग्रामीण इलाकों में नहीं दिखा असर
26 मार्च तक किए गए लॉकडाउन का असर ग्रामीण इलाकों में कम ही दिखा। रोजमर्रा की तरह लोग सड़कों पर रहे। दुकानें खुली रहीं। उन्हें रोकने-टोकने की जहमत नहीं उठाई गई। बरखेड़ा, गजरौला, बिलसंडा समेत कई इलाकों में हाल ऐसा ही रहा।
लॉकडाउन के बाद बढ़ी भीड़ तो सतर्क हुए अफसर
पीलीभीत। कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए पूरे जिले को लॉकडाउन कर दिया गया है। जिले की सभी सीमाएं सील कर दी गई हैं। लॉकडाउन होने के बाद भी सोमवार सुुबह बाजार में लोगों की भीड़ बढ़ने लगी। सूचना पर प्रशासनिक अफसर और पुलिस भी पहुंच गई। अधिकारियों ने लोगों को लॉकडाउन की जानकारी देकर अति आवश्यक न हो तो घरों से बाहर न निकलने की अपील की। गौहनिया चौराहा पर अपराह्न सिटी मजिस्ट्रेट और एएसपी रोहित मिश्रा ने घूम रहे लोगों को डांटकर बाहर न घूमने की चेतावनी दी। फिलहाल प्रशासन द्वारा किसी पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। संवाद