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मृतक के नाम दर्ज कराई बिजली चोरी की रिपोर्ट
पीलीभीत।
Updated Tue, 21 Apr 2015 12:04 AM IST
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पांच साल पहले जिस व्यक्ति की मौत हो चुकी है। उसके खिलाफ एसडीओ टाउन दीपक नेगी ने एक महीने पूर्व बिजली चोरी करने की रिपोर्ट शहर कोतवाली में दर्ज करा दी। इस बात का खुलासा पुलिस की विवेचना में हुआ। पुलिस अब मामले में एफआर लगाने की तैयारी कर रही है।
16 मार्च 15 को एसडीओ टाउन दीपक नेगी ने मोहल्ला शिवनगर निवासी सियाराम के खिलाफ सदर कोतवाली में बिजली चोरी करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने जब मामले की जांच की तो आरोपी की रिपोर्ट दर्ज होने से करीब पांच साल पहले मौत हो जाने की पुष्टि हुई। मृतक की पत्नी सत्यवती ने बताया कि 15 फरवरी 2009 को पति सियाराम की मौत हो चुकी है।
विभाग का उस पर 20 हजार रुपये का बिल बकाया था। बकाया रुपये जमा करने के लिए उसने संविदा कर्मचारी को 20 हजार रुपये दिए थे, लेकिन उसने पैसा जमा नहीं किया। इस बात की जानकारी उन्हें तब हुई जब नौ मार्च 15 को बिजली कर्मचारी उसके घर का कनेक्शन काटने आए। बिजली बिल बकाया होने पर कर्मचारियों ने कनेक्शन काट दिया था। जिस पर उसे संविदा कर्मचारी के खिलाफ ठेका पुलिस चौकी से शिकायत की।
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शिकायत पर पुलिस ने पैसा वापस दिलवाकर समझौता करा दिया था। इसके बावजूद भी बिजली विभाग ने उसके पति को बिजली चोरी से जलाते हुए पकड़ा जाना दर्शाकर रिपोर्ट दर्ज करा दी। शहर कोतवाल अतुल प्रधान ने बताया कि जांच में आरोपी की पांच साल पहले मौत होने की पुष्टि हुई है। जांच पूरी होने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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16 मार्च 15 को एसडीओ टाउन दीपक नेगी ने मोहल्ला शिवनगर निवासी सियाराम के खिलाफ सदर कोतवाली में बिजली चोरी करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने जब मामले की जांच की तो आरोपी की रिपोर्ट दर्ज होने से करीब पांच साल पहले मौत हो जाने की पुष्टि हुई। मृतक की पत्नी सत्यवती ने बताया कि 15 फरवरी 2009 को पति सियाराम की मौत हो चुकी है।
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विभाग का उस पर 20 हजार रुपये का बिल बकाया था। बकाया रुपये जमा करने के लिए उसने संविदा कर्मचारी को 20 हजार रुपये दिए थे, लेकिन उसने पैसा जमा नहीं किया। इस बात की जानकारी उन्हें तब हुई जब नौ मार्च 15 को बिजली कर्मचारी उसके घर का कनेक्शन काटने आए। बिजली बिल बकाया होने पर कर्मचारियों ने कनेक्शन काट दिया था। जिस पर उसे संविदा कर्मचारी के खिलाफ ठेका पुलिस चौकी से शिकायत की।
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शिकायत पर पुलिस ने पैसा वापस दिलवाकर समझौता करा दिया था। इसके बावजूद भी बिजली विभाग ने उसके पति को बिजली चोरी से जलाते हुए पकड़ा जाना दर्शाकर रिपोर्ट दर्ज करा दी। शहर कोतवाल अतुल प्रधान ने बताया कि जांच में आरोपी की पांच साल पहले मौत होने की पुष्टि हुई है। जांच पूरी होने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।