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दबिश के दौरान वृद्ध की मौत, हत्या का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो बिलसंडा (पीलीभीत)।
Updated Mon, 24 Jul 2017 09:55 PM IST
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- फोटो : amar ujala
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सूचना मिलने पर पहुंचे एएसपी, जुटाई जानकारी
यूपी 100 के पुलिसकर्मियों की पिटाई से मौत का आरोप
बिलसंडा थाना क्षेत्र के ढकरिया गांव की वारदात
मारपीट के एक मामले में ढकरिया गांव पहुंची यूपी 100 पुलिस की दबिश के दौरान बुजुर्ग रामपाल (55) की मौत हो गई। इसके बाद दबिश देने आए पुलिसकर्मी भाग खड़े हुए। परिवारीजनों ने पुलिसकर्मियों की पिटाई से बुजुर्ग की मौत का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। इसकी सूचना मिलने पर एएसपी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। घटना की जानकारी करने के साथ ही परिवारीजनों को निष्पक्ष कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया। मृतक के बेटे ने यूपी 100 की गाड़ी 2076 के पुलिसकर्मियों के खिलाफ तहरीर पुलिस को दी। इसके आधार पर पुलिस ने डायल 100 टीम पर गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
बिलसंडा थाना क्षेत्र के ढकरिया गांव निवासी रामपाल का बेटा सत्यवीर रविवार शाम को अपने खेत पर था। इस दौरान गांव के ही अंकित पुत्र सुरजीत के जानवर उसके खेत में आ गए। इसका विरोध करने पर दोनों के बीच मारपीट हो गई। दोनों न घर आकर अपने परिवारीजनों को घटना बताई, लेकिन पुलिस कार्रवाई नहीं की। सोमवार सुबह इसी बात को लेकर दोबारा मामला गरमा गया। जिसके बताद सुरजीत ने मारपीट का आरोप लगाते हुए सत्यवीर की शिकायत पुलिस से कर दी। इस पर यूपी 100 की 2076 गाड़ी मौके पर पहुंची। सत्यवीर के घर पर न मिलने पर पुलिस ने उसके पिता रामपाल को हिरासत मेें ले लिया और उसको तलाशते हुए खेत पर पहुंच गए। यहां संदिग्ध परिस्थितियों में रामपाल की मौत हो गई। रामपाल के खेत पर गिरते ही पुलिसकर्मी घबराकर मौके से भाग निकले। इसकी जानकारी मिलने पर परिवारीजन खेत पर पहुंचे और रामपाल को लेकर सिरसा गांव के एक अस्पताल आए, जहां चिकित्सकों ने उसको मृत घोषित कर दिया। पुलिस हार्टअटैक से बुजुर्ग के मरने की बात कहती रही। वहीं परिवार वालों ने पुलिस की पिटाई से मौत का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। इसकी सूचना मिलने पर पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। कुछ ही देर में बिलसंडा एसओ रूम सिंह बघेल मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों को जमा होता देख आसपास के कई थानों का फोर्स बुला लिया गया। एएसपी रोहित मिश्रा, सीओ प्रवीण कुमार भी मौके पर पहुंच गए। मौका मुआयना करने के साथ ही दोनों पक्षों से जानकारी की गई। मृतक के बेटे सत्यवीर ने यूपी 100 के पुलिसकर्मियों की पिटाई से मौत का आरोप लगाते हुए तहरीर पुलिस को दी। एएसपी ने निष्पक्ष कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया। जिसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतक के तीन अविवाहित बेटे राजवीर, सत्यवीर, सुखवीर और तीन विवाहित बेटी ज्ञानदेवी, ऊषादेवी, नन्हीं देवी हैं।
एएसपी को मौके पर जांच के लिए भेजा गया है। परिवारीजन पुलिस की पिटाई से मरने की बात कह रहे हैं। इसको लेकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
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- कलानिधि नैथानी, एसपी
24 दिन में दबिश के दौरान बुजुर्ग की मौत का दूसरा मामला
पीलीभीत। ढकरिया गांव में यूपी 100 की दबिश के दौरान बुजुर्ग रामपाल की मौत की गुत्थी सुलझाने के लिए अधिकारी पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं। ग्रामीणों एवं मौके पर गई पुलिस से जानकारी कर प्रत्येक बिंदुओं पर छानबीन की जा रही है। मौत की वजह कुछ भी रही हो, लेकिन खाकी की एक बार फिर फजीहत शुरू हो गई है। दबिश के दौरान पुलिस की गुंडई की चर्चाएं जोर पकड़ने लगी हैं। पुलिस के व्यवहार पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
बिलसंडा क्षेत्र में पुलिस की दबिश के दौरान बुजुर्ग की मौत का यह पहला मामला नहीं है। एक जुलाई को मानपुर गांव में भी इसी तरह की घटना सामने आई थी। जहां किशोरी को अगवा करने के आरोपी के घर पुलिस ने दबिश दी थी। आरोपी मौके पर नहीं मिला था। इस बीच उसकी मां नन्ही देवी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। परिवार वालों ने पुलिस की पिटाई से मरने का आरोप लगाया था। मामले का मुकदमा भी पुलिसकर्मियों के खिलाफ बिलसंडा थाना पर दर्ज किया गया है। जिसको लेकर अभी अफसर अपनी साख नहीं बचा सके थे कि अब ढकरिया में घटी वारदात के बाद फिर पुलिस पर दबिश के दौरान दुर्व्यवहार और गुंडई का आरोप लगा है। जिसने अफसरों की ओर से मातहतों को दिए जाने वाले व्यवहार सुधार के दावों की भी हकीकत उजागर कर दी है। अधिकांश ग्रामीण घटना के बाद से एकजुट होकर पुलिस के खिलाफ लामबंद होकर पीड़ित परिवार के साथ खड़े हैं, तो अधिकारी महकमे की साख बचाने का रास्ता तलाश रहे हैं। मृतक पत्नी कांतिदेवी रो रोकर पति की मौत के पीछे पुलिसकर्मियों को जिम्मेदार ठहराकर सख्त कार्रवाई की मांग कर रही है। परिवार में पुलिस के प्रति आक्रोश के बीच मातम पसरा हुआ है।
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यूपी 100 के पुलिसकर्मियों की पिटाई से मौत का आरोप
बिलसंडा थाना क्षेत्र के ढकरिया गांव की वारदात
मारपीट के एक मामले में ढकरिया गांव पहुंची यूपी 100 पुलिस की दबिश के दौरान बुजुर्ग रामपाल (55) की मौत हो गई। इसके बाद दबिश देने आए पुलिसकर्मी भाग खड़े हुए। परिवारीजनों ने पुलिसकर्मियों की पिटाई से बुजुर्ग की मौत का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। इसकी सूचना मिलने पर एएसपी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। घटना की जानकारी करने के साथ ही परिवारीजनों को निष्पक्ष कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया। मृतक के बेटे ने यूपी 100 की गाड़ी 2076 के पुलिसकर्मियों के खिलाफ तहरीर पुलिस को दी। इसके आधार पर पुलिस ने डायल 100 टीम पर गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
बिलसंडा थाना क्षेत्र के ढकरिया गांव निवासी रामपाल का बेटा सत्यवीर रविवार शाम को अपने खेत पर था। इस दौरान गांव के ही अंकित पुत्र सुरजीत के जानवर उसके खेत में आ गए। इसका विरोध करने पर दोनों के बीच मारपीट हो गई। दोनों न घर आकर अपने परिवारीजनों को घटना बताई, लेकिन पुलिस कार्रवाई नहीं की। सोमवार सुबह इसी बात को लेकर दोबारा मामला गरमा गया। जिसके बताद सुरजीत ने मारपीट का आरोप लगाते हुए सत्यवीर की शिकायत पुलिस से कर दी। इस पर यूपी 100 की 2076 गाड़ी मौके पर पहुंची। सत्यवीर के घर पर न मिलने पर पुलिस ने उसके पिता रामपाल को हिरासत मेें ले लिया और उसको तलाशते हुए खेत पर पहुंच गए। यहां संदिग्ध परिस्थितियों में रामपाल की मौत हो गई। रामपाल के खेत पर गिरते ही पुलिसकर्मी घबराकर मौके से भाग निकले। इसकी जानकारी मिलने पर परिवारीजन खेत पर पहुंचे और रामपाल को लेकर सिरसा गांव के एक अस्पताल आए, जहां चिकित्सकों ने उसको मृत घोषित कर दिया। पुलिस हार्टअटैक से बुजुर्ग के मरने की बात कहती रही। वहीं परिवार वालों ने पुलिस की पिटाई से मौत का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। इसकी सूचना मिलने पर पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। कुछ ही देर में बिलसंडा एसओ रूम सिंह बघेल मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों को जमा होता देख आसपास के कई थानों का फोर्स बुला लिया गया। एएसपी रोहित मिश्रा, सीओ प्रवीण कुमार भी मौके पर पहुंच गए। मौका मुआयना करने के साथ ही दोनों पक्षों से जानकारी की गई। मृतक के बेटे सत्यवीर ने यूपी 100 के पुलिसकर्मियों की पिटाई से मौत का आरोप लगाते हुए तहरीर पुलिस को दी। एएसपी ने निष्पक्ष कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया। जिसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतक के तीन अविवाहित बेटे राजवीर, सत्यवीर, सुखवीर और तीन विवाहित बेटी ज्ञानदेवी, ऊषादेवी, नन्हीं देवी हैं।
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एएसपी को मौके पर जांच के लिए भेजा गया है। परिवारीजन पुलिस की पिटाई से मरने की बात कह रहे हैं। इसको लेकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
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- कलानिधि नैथानी, एसपी
24 दिन में दबिश के दौरान बुजुर्ग की मौत का दूसरा मामला
पीलीभीत। ढकरिया गांव में यूपी 100 की दबिश के दौरान बुजुर्ग रामपाल की मौत की गुत्थी सुलझाने के लिए अधिकारी पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं। ग्रामीणों एवं मौके पर गई पुलिस से जानकारी कर प्रत्येक बिंदुओं पर छानबीन की जा रही है। मौत की वजह कुछ भी रही हो, लेकिन खाकी की एक बार फिर फजीहत शुरू हो गई है। दबिश के दौरान पुलिस की गुंडई की चर्चाएं जोर पकड़ने लगी हैं। पुलिस के व्यवहार पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
बिलसंडा क्षेत्र में पुलिस की दबिश के दौरान बुजुर्ग की मौत का यह पहला मामला नहीं है। एक जुलाई को मानपुर गांव में भी इसी तरह की घटना सामने आई थी। जहां किशोरी को अगवा करने के आरोपी के घर पुलिस ने दबिश दी थी। आरोपी मौके पर नहीं मिला था। इस बीच उसकी मां नन्ही देवी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। परिवार वालों ने पुलिस की पिटाई से मरने का आरोप लगाया था। मामले का मुकदमा भी पुलिसकर्मियों के खिलाफ बिलसंडा थाना पर दर्ज किया गया है। जिसको लेकर अभी अफसर अपनी साख नहीं बचा सके थे कि अब ढकरिया में घटी वारदात के बाद फिर पुलिस पर दबिश के दौरान दुर्व्यवहार और गुंडई का आरोप लगा है। जिसने अफसरों की ओर से मातहतों को दिए जाने वाले व्यवहार सुधार के दावों की भी हकीकत उजागर कर दी है। अधिकांश ग्रामीण घटना के बाद से एकजुट होकर पुलिस के खिलाफ लामबंद होकर पीड़ित परिवार के साथ खड़े हैं, तो अधिकारी महकमे की साख बचाने का रास्ता तलाश रहे हैं। मृतक पत्नी कांतिदेवी रो रोकर पति की मौत के पीछे पुलिसकर्मियों को जिम्मेदार ठहराकर सख्त कार्रवाई की मांग कर रही है। परिवार में पुलिस के प्रति आक्रोश के बीच मातम पसरा हुआ है।