{"_id":"5c7d5cacbdec221429017fb8","slug":"151551719596-pilibhit-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दो लाख देने के बाद भी 83 हजार की उधारी से नहीं हो सका मुक्त","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
दो लाख देने के बाद भी 83 हजार की उधारी से नहीं हो सका मुक्त
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पीलीभीत। सूदखोरी का मकड़जाल पूरे जिले में फैला है। ब्याज बढ़ने की गति ऐसी कि उधार में लिए मूलधन से अधिक रुपया चुकता करने के बाद भी कर्ज से मुक्ति नहीं मिल रही है। जी हां, पैसों की जरूरत पड़ने पर एक युवक ने 83 हजार रुपये की रकम ब्याज पर ली। तय की गई रकम से अधिक करीब 2.15 लाख रुपये भी दे दिए। इसके बावजूद उधारी कम नहीं हुुई। आरोपी सूदखोर रुपये लौटाने का दबाव बनाता रहा। विरोध करने पर आरोपी ने घर में घुसकर पीड़ित की पिटाई कर दी। कोतवाली पुलिस ने तहरीर के आधार पर एक नामजद, तीन अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला बुजकसवान निवासी सलीम पुत्र अहमद वली खां ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि चार मई 2014 को उसने काम के सिलसिले में खैरूल्लाशाह मोहल्ले के निवासी अशरफ से 83 हजार रुपये उधार लिए थे। इस दौरान तय किया गया था कि 30 माह तक पांच-पांच हजार रुपये की किस्त देनी होगी, जिससे कर्ज चुकता हो जाएगा। इसके बावजूद पीड़ित ने 43 माह तक किस्तें दी। जिसके तहत 2.15 लाख रुपये आरोपी को दिए। इसके बाद भी आरोपी उधार लिए 83 हजार की बकायेदारी दर्शाता रहा। उसको चुकाने के लिए लगातार दबाव बना रहा है। पीड़ित ने इसका विरोध किया और हिसाब मांगा तो आरोपी ने 15 फरवरी 2019 को घर में घुसकर मारपीट की। उधार ली रकम न देने पर जान से मारने की धमकी दी गई। पीड़ित के चीख पुकार करने पर आसपास के काफी लोग जमा हो गए। इस पर आरोपी धमकी देकर भाग गए। प्रभारी निरीक्षक वीके मिश्रा ने बताया कि दी गई तहरीर के आधार पर अशरफ और तीन अज्ञात के खिलाफ घर में घुसकर मारपीट और धमकाने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। उधार लिए रुपये के लेनदेन का विवाद बताया गया है। इसकी जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला बुजकसवान निवासी सलीम पुत्र अहमद वली खां ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि चार मई 2014 को उसने काम के सिलसिले में खैरूल्लाशाह मोहल्ले के निवासी अशरफ से 83 हजार रुपये उधार लिए थे। इस दौरान तय किया गया था कि 30 माह तक पांच-पांच हजार रुपये की किस्त देनी होगी, जिससे कर्ज चुकता हो जाएगा। इसके बावजूद पीड़ित ने 43 माह तक किस्तें दी। जिसके तहत 2.15 लाख रुपये आरोपी को दिए। इसके बाद भी आरोपी उधार लिए 83 हजार की बकायेदारी दर्शाता रहा। उसको चुकाने के लिए लगातार दबाव बना रहा है। पीड़ित ने इसका विरोध किया और हिसाब मांगा तो आरोपी ने 15 फरवरी 2019 को घर में घुसकर मारपीट की। उधार ली रकम न देने पर जान से मारने की धमकी दी गई। पीड़ित के चीख पुकार करने पर आसपास के काफी लोग जमा हो गए। इस पर आरोपी धमकी देकर भाग गए। प्रभारी निरीक्षक वीके मिश्रा ने बताया कि दी गई तहरीर के आधार पर अशरफ और तीन अज्ञात के खिलाफ घर में घुसकर मारपीट और धमकाने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। उधार लिए रुपये के लेनदेन का विवाद बताया गया है। इसकी जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन