फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   आठ माह के बच्चे में स्वाइन फ्लू की पुष्टि से मचा हड़कंप

आठ माह के बच्चे में स्वाइन फ्लू की पुष्टि से मचा हड़कंप

Fri, 01 Mar 2019 12:27 AM IST
pawan chandra पवन चंद्रा
Updated Fri, 01 Mar 2019 12:27 AM IST
विज्ञापन
आठ माह के बच्चे में स्वाइन फ्लू की पुष्टि से मचा हड़कंप
पीलीभीत। जिले में स्वाइन फ्लू के दस्तक देने से हड़कंप मचा है। शहर में रहने वाले एक आठ माह के बच्चे में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। पीड़ित बच्चे को गुड़गांव ले जाकर एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उसकी हालत में सुधार है। जिले में स्वाइन फ्लू का पहला मामला सामने आने पर सीएमओ ने एडवाइजरी जारी की है। उन्होंने जिला अस्पताल के सीएमएस और सभी सीएचसी-पीएचसी प्रभारियों को अलर्ट रहने को कहा है।
विज्ञापन

शहर की वल्लभनगर कॉलोनी निवासी व्यापारी विवेक सेठ के आठ माह के बेटे इबहान की छह दिन पहले अचानक तबीयत खराब हुई थी। शुरू में उसे शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जहां चिकित्सक ने बच्चे के फेफड़ों में दिक्कत बताकर इलाज किया। बच्चे की तबीयत में सुधार न होने पर परिवार वाले उसे बरेली के एक निजी अस्पताल ले गए। वहां डॉक्टरों स्वाइन फ्लू की आशंका जताकर सैंपल जांच के लिए केजीएमसी लखनऊ भेजा था। शनिवार को जांच रिपोर्ट आने पर स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इसके बाद परिवारीजन बच्चे को इलाज के लिए गुड़गांव ले गए। वहां एक निजी अस्पताल में बच्चे को भर्ती कराया गया। उसकी हालत स्थिर बनाई जाती है।
विज्ञापन

इस मामले की जानकारी लगने के बाद से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा है। स्वाइन फ्लू के खतरे को भांपते सीएमओ डॉ. सीमा अग्रवाल एडवाइजरी जारी कर दी है। उन्होंने सभी सीएचसी, पीएचसी और निजी अस्पतालों के डॉक्टरों को किसी मरीज में स्वाइन फ्लू के लक्षण मिलने पर तुरंत सूचना देने के निर्देश दिए हैं। सीएमओ ने लोगों से अपील की है, कि स्वाइन फ्लू के लक्षण नजर मिलने पर मरीज को तुरंत डाक्टर को दिखाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिला अस्पताल में आइसोलेशन वार्ड बना
जिले में स्वाइन फ्लू के मरीज का पता लगने पर जिला अस्पताल के संक्रामक वार्ड में छह बेड का एक आइसोलेशन वार्ड बनाया गया है। जहां जांच किट के साथ ही दवाईयां उपलब्ध हैं। सीएमएस डॉ. रतनपाल सिंह सुमन का कहना है कि चिकित्सकों को स्वाइन फ्लू संबंधी कोई मामला सामने आने पर तुरंत सूचित करने को कहा है।

ये हैं स्वाइन फ्लू के लक्षण
किसी व्यक्ति के स्वाइन फ्लू के वायरस से संक्रमित होने पर आमतौर पर मौसमी इन्फ्लूएंजा जैसे लक्षण दिखते हैं। इसमें बुखार आना, थकान लगना, भूख की कमी, खांसी और गले में खराश होती हैं। कुछ लोगों को उल्टी और दस्त भी हो सकते हैं।

लापरवाही बन सकती है जानलेवा
चिकित्सकों के मुताबिक थोड़ी सी लापरवाही स्वाइन फ्लू के शिकार मरीज के लिए जानलेवा साबित हो सकती है। इससे बचने के लिए सादा पानी पीएं और पोषणयुक्त खाना खाएं। प्रभावित व्यक्ति से अन्य लोग थोड़ी दूरी बनाकर रखें। मरीज खांसते अथवा छींकते समय मुंह और नाक को रुमाल से ढकें। मरीज को उल्टी आने पर चिकित्सक को अवश्य दिखाएं। इस्तेमाल किए टिशु पेपर को दोबारा इस्तेमाल न करें।

शहर के निजी अस्पताल में चिकित्सक की लापरवाही से इबहान की तबियत बिगड़ी थी। उसके बरेली रेफर करने के बाद स्वाइन फ्लू की पुष्टि होने पर गुड़गांव ले जाकर इलाज कराया। बच्चे की हालत में पूरी तरह सुधार है।

विवेक सेठ, इबहान के पिता

बच्चे में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। जिले में यह पहला मामला सामने आया है। सभी सीएचसी व पीएचसी के चिकित्सा प्रभारियों को अलर्ट कर दिया गया है। बरेली में इलाज के दौरान कराई गई जांच में बच्चे को स्वाइन फ्लू होने की पुष्टि होने के बाद परिवार वाले गुड़गांव ले गए है। उनसे भी संपर्क किया जा रहा है।
- डॉ. सीमा अग्रवाल, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed