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दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता की हत्या
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बिलसंडा। दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर विवाहिता की गला दबाकर हत्या कर दी गई। उसका शव कमरे में मिला। गर्दन पर रस्सी के निशान थे। नायब तहसीलदार ने पुलिस फोर्स संग मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल की। शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मायके वालों की तहरीर पर पति समेत ससुराल पक्ष के सात लोगों पर दहेज उत्पीड़न की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
शाहजहांपुर के निगोही निवासी रामचंद्र की बेटी सरोज (28) की शादी तीन साल पूर्व बिलसंडा के गांव चपरौआ कुईया निवासी चंद्रशेखर से हुई थी। मायके वालों के मुताबिक उन्होंने बेटी की शादी में हैसियत अनुसार अच्छा दान दहेज दिया। बावजूद इसके ससुराल वाले खुश नहीं थे। शादी के कुछ समय बाद दहेज के नाम पर दो लाख की नकदी और घरेलू सामान की मांग को लेकर प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। आरोप है कि मांग पूरी नहीं होने पर पूर्व में पति चंद्रशेखर और उसके परिवारवालों ने सरोज की गला दबाकर हत्या करने की कोशिश की। इसका पता चलने पर मायके वालों ने ससुराल पहुंचकर अपनी आर्थिक स्थिति का हवाला देकर समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने। आरोप है कि रविवार को मांग पूरी नहीं होने पर सरोज की गला दबाकर हत्या कर दी गई। शक न हो इसलिए मायके वालों को फोन कर बताया कि सरोज ने आग लगाकर जान देने की कोशिश की और बाद में फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया। बेटी की मौत की खबर मिलते ही मायके वाले घर पहुंचे तो कमरे में शव पड़ा था। गले में रस्सी के निशान थे और ससुराल वाले लापता थे। इंस्पेक्टर अतर सिंह ने बताया कि जांच पड़ताल के बाद शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। तहरीर के आधार पर पति चंद्रशेखर, ससुर इतवारी लाल, सास रामवती, बहन सदासुखी, बहनोई रामभांजा, राजेंद्र और उनकी पत्नी के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
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शाहजहांपुर के निगोही निवासी रामचंद्र की बेटी सरोज (28) की शादी तीन साल पूर्व बिलसंडा के गांव चपरौआ कुईया निवासी चंद्रशेखर से हुई थी। मायके वालों के मुताबिक उन्होंने बेटी की शादी में हैसियत अनुसार अच्छा दान दहेज दिया। बावजूद इसके ससुराल वाले खुश नहीं थे। शादी के कुछ समय बाद दहेज के नाम पर दो लाख की नकदी और घरेलू सामान की मांग को लेकर प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। आरोप है कि मांग पूरी नहीं होने पर पूर्व में पति चंद्रशेखर और उसके परिवारवालों ने सरोज की गला दबाकर हत्या करने की कोशिश की। इसका पता चलने पर मायके वालों ने ससुराल पहुंचकर अपनी आर्थिक स्थिति का हवाला देकर समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने। आरोप है कि रविवार को मांग पूरी नहीं होने पर सरोज की गला दबाकर हत्या कर दी गई। शक न हो इसलिए मायके वालों को फोन कर बताया कि सरोज ने आग लगाकर जान देने की कोशिश की और बाद में फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया। बेटी की मौत की खबर मिलते ही मायके वाले घर पहुंचे तो कमरे में शव पड़ा था। गले में रस्सी के निशान थे और ससुराल वाले लापता थे। इंस्पेक्टर अतर सिंह ने बताया कि जांच पड़ताल के बाद शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। तहरीर के आधार पर पति चंद्रशेखर, ससुर इतवारी लाल, सास रामवती, बहन सदासुखी, बहनोई रामभांजा, राजेंद्र और उनकी पत्नी के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
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