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तराई की 50 हजार आबादी को जर्जर मार्गों से मिलेगी मुक्ति
Updated Wed, 10 Jan 2018 10:01 AM IST
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तराई की 50 हजार आबादी को जर्जर मार्गों से मिलेगी मुक्ति
शारदा डैम जाने वाले मार्ग का निर्माण शुरू
गड्ढा मुक्त योजना से शुरू हुई बाइफरकेशन मार्ग की मरम्मत
09 पीबीटीपी 21
अमर उजाला ब्यूरो
माधोटांडा। तराईवासियों व बाइफरकेशन घूमने वाले पर्यटकों के लिए राहत भरी खबर है। अब उन्हें जर्जर मार्गों पर हिचकोले नहीं खाने पड़ेंगे। सिंचाई विभाग के दो खंडों की सब डिवीजन ने अपने-अपने क्षेत्रों में मार्ग की मरम्मत व निर्माण कार्य शुरू कर दिया है।
तराई क्षेत्र की लगभग पचास हजार आबादी को तहसील मुख्यालय से जोड़ने वाला बाइफरकेशन मार्ग बेहद जर्जर हो चुका है। पहले इस मार्ग को आरईएस ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनाया था, लेकिन घटिया कार्य कराने के चलते एक वर्ष में ही मार्ग उखड़ गया। पिछले लंबे अरसे से यह मार्ग जर्जर पड़ा हुआ है। तराईवासी लंबे समय से इस जर्जर मार्ग के निर्माण की मांग करते आ रहे थे। जर्जर मार्ग के चलते अधिकांश किसान अपनी कृषि फसलों को बिक्री के लिए मंडियों तक नहीं ले जा पा रहे हैं। मजबूरन उन्हें अपनी फसल उत्तराखंड की खटीमा व किच्छा मंडियों में बेचनी पड़ रही है।
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बाइफरकेशन मार्ग की मरम्मत का कार्य शुरू
असम हाईवे से हरदोई ब्रांच के किनारे बाइफरकेशन तक इस मार्ग की देखरेख की जिम्मेदारी सिंचाई विभाग की हेड वर्क्स खंड की सब डिवीजन बाइफरकेशन के अधीन हैं। पहले इस जर्जर मार्ग के पुनर्निर्माण का इस्टीमेट बनाकर भेजा गया, लेकिन शासन स्तर पर इसका इस्टीमेट गड्ढा मुक्त योजना के तहत बनाकर भेजने को कहा गया। जिसकेे बाद एक करोड़ रुपये का इस्टीमेट बनाकर भेजा गया। शासन द्वारा स्वीकृति मिलने के बाद सिंचाई विभाग द्वारा टेंडर कर इस जर्जर मार्ग की मरम्मत का कार्य तेजी से शुरू कराया गया है।
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बाइफरकेशन से शारदा डैम तक मार्ग का निर्माण शुरू
बाइफरकेशन से शारदा डैम के जीरो किलोमीटर तक का मार्ग भी पूरी तरह जर्जर हो चुका था। इसकी देखरेख शारदा सागर की प्रथम सब डिवीजन के पास थी। विभाग द्वारा इस जर्जर मार्ग के पुनर्निर्माण का इस्टीमेट बनाकर भेजा गया। शासन ने 56 लाख रुपये की लागत से मार्ग निर्माण की स्वीकृति दे दी। जिसके बाद शारदा सागर की प्रथम सब डिवीजन द्वारा टेंडर प्रक्रिया पूरी करने के बाद उक्त मार्ग के पुनर्निर्माण को पुराने मार्ग को जेसीबी मशीन से उखड़वाना शुरू कर दिया है।
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वर्जन:
बाइफरकेशन से शारदा डैम तक मार्ग के पुनर्निर्माण की मंजूरी मिली है। टेंडर प्रक्रिया पूरी कर निर्माण कार्य शुरू कराया गया है। प्रथम चरण में मार्ग को उखड़वाकर पत्थर बिछाने का कार्य किया जा रहा है।
धर्म घोष, सहायक अभियंता, शारदा सागर
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हरदोई ब्रांच के हेड से जनपद सीमा तक 37 किमी लंबे मार्ग को गड्ढा मुक्त योजना से मरम्मत कराने को मंजूरी मिली है। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद अधीक्षण अभियंता के निर्देश पर कार्य शुरू करा दिया गया है। मानक के अनुसार ही मार्ग की मरम्मत कराई जाएगी।
राजेश कुमार चौधरी, इंचार्ज अवर अभियंता, हेड वक्र्स खंड बाइफरकेशन
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शारदा डैम जाने वाले मार्ग का निर्माण शुरू
गड्ढा मुक्त योजना से शुरू हुई बाइफरकेशन मार्ग की मरम्मत
09 पीबीटीपी 21
अमर उजाला ब्यूरो
माधोटांडा। तराईवासियों व बाइफरकेशन घूमने वाले पर्यटकों के लिए राहत भरी खबर है। अब उन्हें जर्जर मार्गों पर हिचकोले नहीं खाने पड़ेंगे। सिंचाई विभाग के दो खंडों की सब डिवीजन ने अपने-अपने क्षेत्रों में मार्ग की मरम्मत व निर्माण कार्य शुरू कर दिया है।
तराई क्षेत्र की लगभग पचास हजार आबादी को तहसील मुख्यालय से जोड़ने वाला बाइफरकेशन मार्ग बेहद जर्जर हो चुका है। पहले इस मार्ग को आरईएस ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनाया था, लेकिन घटिया कार्य कराने के चलते एक वर्ष में ही मार्ग उखड़ गया। पिछले लंबे अरसे से यह मार्ग जर्जर पड़ा हुआ है। तराईवासी लंबे समय से इस जर्जर मार्ग के निर्माण की मांग करते आ रहे थे। जर्जर मार्ग के चलते अधिकांश किसान अपनी कृषि फसलों को बिक्री के लिए मंडियों तक नहीं ले जा पा रहे हैं। मजबूरन उन्हें अपनी फसल उत्तराखंड की खटीमा व किच्छा मंडियों में बेचनी पड़ रही है।
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बाइफरकेशन मार्ग की मरम्मत का कार्य शुरू
असम हाईवे से हरदोई ब्रांच के किनारे बाइफरकेशन तक इस मार्ग की देखरेख की जिम्मेदारी सिंचाई विभाग की हेड वर्क्स खंड की सब डिवीजन बाइफरकेशन के अधीन हैं। पहले इस जर्जर मार्ग के पुनर्निर्माण का इस्टीमेट बनाकर भेजा गया, लेकिन शासन स्तर पर इसका इस्टीमेट गड्ढा मुक्त योजना के तहत बनाकर भेजने को कहा गया। जिसकेे बाद एक करोड़ रुपये का इस्टीमेट बनाकर भेजा गया। शासन द्वारा स्वीकृति मिलने के बाद सिंचाई विभाग द्वारा टेंडर कर इस जर्जर मार्ग की मरम्मत का कार्य तेजी से शुरू कराया गया है।
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बाइफरकेशन से शारदा डैम तक मार्ग का निर्माण शुरू
बाइफरकेशन से शारदा डैम के जीरो किलोमीटर तक का मार्ग भी पूरी तरह जर्जर हो चुका था। इसकी देखरेख शारदा सागर की प्रथम सब डिवीजन के पास थी। विभाग द्वारा इस जर्जर मार्ग के पुनर्निर्माण का इस्टीमेट बनाकर भेजा गया। शासन ने 56 लाख रुपये की लागत से मार्ग निर्माण की स्वीकृति दे दी। जिसके बाद शारदा सागर की प्रथम सब डिवीजन द्वारा टेंडर प्रक्रिया पूरी करने के बाद उक्त मार्ग के पुनर्निर्माण को पुराने मार्ग को जेसीबी मशीन से उखड़वाना शुरू कर दिया है।
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वर्जन:
बाइफरकेशन से शारदा डैम तक मार्ग के पुनर्निर्माण की मंजूरी मिली है। टेंडर प्रक्रिया पूरी कर निर्माण कार्य शुरू कराया गया है। प्रथम चरण में मार्ग को उखड़वाकर पत्थर बिछाने का कार्य किया जा रहा है।
धर्म घोष, सहायक अभियंता, शारदा सागर
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हरदोई ब्रांच के हेड से जनपद सीमा तक 37 किमी लंबे मार्ग को गड्ढा मुक्त योजना से मरम्मत कराने को मंजूरी मिली है। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद अधीक्षण अभियंता के निर्देश पर कार्य शुरू करा दिया गया है। मानक के अनुसार ही मार्ग की मरम्मत कराई जाएगी।
राजेश कुमार चौधरी, इंचार्ज अवर अभियंता, हेड वक्र्स खंड बाइफरकेशन