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विधवा पेंशन में 50 लाख का घोटाला

Fri, 04 Sep 2015 12:50 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
ब्यूरो/ अमर उजाला, मुजफ्फरनगर Updated Fri, 04 Sep 2015 12:50 AM IST
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Widow Pension scam
मुजफ्फरनगर। विधवा पेंशन में विभाग के लिपिक ने अधिकारियों के फर्जी लेटर तैयार कर 50 लाख रुपये के घोटाले को अंजाम दे दिया।
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खुलासा तब हुआ जब डाक विभाग ने तीन खातों में 18 लाख 88 हजार 200 रुपये जारी करने के लिए डीआरडीए के परियोजना निदेशक को पत्र लिखकर तीनों खातों के पेन नंबर मांग लिए।

पत्र पाकर अफसर हतप्रभ रह गए। मामले से सीडीओ अवनीश कुमार को अवगत कराया गया। बुधवार को रात्रि में ही प्रोबेशन ऑफिस सील कर दिया गया। गुरुवार को दिनभर पूरे मामले की छानबीन की गई।
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जिला प्रोबेशन अधिकारी कार्यालय में विधवा पेंशन में 50 लाख के घोटाले का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घोटाले का पैसा सुजडू की पीएनबी शाखा के माध्यम से डाक विभाग के सहारे हजम किया जा रहा था। विभाग का माफिया घोटाले का 20 लाख 88 हजार नवंबर माह 2014 को तीन महिलाओं के खातों में ट्रांसफर कराने में सफल रहा।
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इसके बाद दस लाख 88 हजार 800 ताज कंप्यूटर के खाते 15 जून को भेजा गया। बुधवार को मामला उस समय पकड़ में आया जब विकास भवन में परियोजना निदेशक वीपी श्रीवास्तव के पास डाक विभाग से एक पत्र आया।

 इस पत्र में कहा गया कि आपने तीन महिलाओं रानी पत्नी नईम और नियामत खान पत्नी मोबीनजहां 765, योगेंद्र पुरी एवं सीमा पत्नी फाजिल 443, खादरवाला के खातों में 18 लाख 88 हजार 200 रुपया जारी करने के लिए पत्र भेजा था, इन सबके पेन नंबर भी हमें उपलब्ध करा दें।

 परियोजना निदेशक इस बात पर हतप्रभ रह गए। उन्होंने पत्र सीडीओ अवनीश कुमार शर्मा को दिखाया। सीडीओ ने डीएम से बात की। इसके बाद डाक विभाग से संपर्क किया गया तो पता चला कि इससे पहले भी पीएनबी सुजडू में बने एक ड्राफ्ट का पैसा तीन महिलाओं के खातों में जा चुका है।

रात्रि में ही प्रशासन ने सक्रियता दिखाते हुए प्रोबेशन अधिकारी कार्यालय सील कर दिया। बृहस्पतिवार को दिनभर विभाग की फाइलों की जांच-पड़ताल की गई। पता चला कि खेल का मास्टर माइंड विभाग का लिपिक महबूब अली है। पीडी का फर्जी कवरिंग लेटर उसी ने तैयार किया।

 विभाग के रिकार्ड में घोटाले के पैसे से संबंधित किसी भी पत्र का विवरण नहीं है। देर रात इस मामले में परियोजना निदेशक श्रीवास्तव की ओर से लिपिक महबूब अली और पैसा निकालने वाली तीनों महिलाओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।  

ड्राफ्ट का समय बढ़वाया गया
मुजफ्फरनगर। जिस ड्राफ्ट के कारण घोटाला पकड़ में आया, उसका 18 अगस्त को समय भी बढ़वाया गया था। यह ड्राफ्ट सुजडू की पीएनबी शाखा में फरवरी 2015 को बना था। ड्राफ्ट का छह माह का समय पूरा होने पर 18 अगस्त को इसे बढ़वाया गया। प्रोबेशन विभाग के डिस्पेच रजिस्टर में ड्राफ्ट का कोई जिक्र नहीं है।

फुटेज में सामने आया महबूब
मुजफ्फरनगर। पीएनबी सुजडू में ड्राफ्ट का समय बढ़वाने के लिए महबूब अली खुद बैंक गया था। 18 अगस्त को तीन बजकर 19 मिनट से लेकर 15 मिनट तक वह बैंक में रहा। फुटेज में ड्राफ्ट हाथ में लिए हुए और बैंक मैनेजर से बात करते हुए महबूब अली को साफ देखा जा रहा है। सबूत के तौर पर जिला प्रशासन ने फुटेज निकलवाकर कब्जे में ले ली हैं।


10,242 को मिलती है विधवा पेंशन
मुजफ्फरनगर। जिले में 10 हजर 242 विधवा महिलाओं को पेंशन मिलती है। एक महिला को पेंशन के रूप में 300 रुपया प्रतिमाह दिया जाता है। छह माह की पेंशन एक बार खाते में भेजी जाती है। विधवा पेंशन के रूप में सालाना तीन करोड़ 69 लाख जिले को मिलता है।
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