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जीवन में मानवता के मापदंड स्थापित करें : न्यायाधीश अहमद
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खतौली के गोल्डन हार्ट एकेडमी में आयोजित कार्यक्रम में बोलते वक्ता।
- फोटो : KHATAULI
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खतौली। गोल्डन हार्ट एकेडमी में राष्ट्रीय मानवाधिकार दिवस पर डिस्ट्रिक लीगल सर्विसिज अथॉरिटी, मुजफ्फरनगर की ओर से सभागार में लीगल अवेयरनेस कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें डीएलएसए के सचिव एवं सिविल कोर्ट के न्यायाधीश मुकीम अहमद ने मानवाधिकारों के महत्व पर प्रकाश डाला।
उन्होंने कहा कि आज विश्व में जगह-जगह मानवाधिकारों की अनभिज्ञता व अनदेखी से अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इससे हमारे समाज को जिन विषम परिस्थितियों का सामना करना पड़ रहा है, वो कष्टप्रद है। ऐसे में आवश्यकता है कि जीवन में मानवता के मापदंड स्थापित करने चाहिए, ताकि हम समाज की श्रेष्ठता को सिद्ध कर सकें। उन्होंने सरकार द्वारा कानूनी जागृति फैलाने के लिए किए जा रहे प्रयासों व हेल्पलाइन नम्बरों से बच्चों व शिक्षकों को अवगत कराया। उन्होंने बच्चों को आगे बढ़कर समाज में असहाय अनभिज्ञ लोगों की सामाजिक व कानूनी मदद करने को प्रोत्साहित किया।
कार्यक्रम में उत्कृष्ट सामाजिक कार्यकर्ता एवं यूएनएचसीआर की एडवाइजरी कमेटी के सदस्य एवं गैर सरकारी संगठन हेल्पिंग हैंड वेलफेयर एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी जॉन रोबिंसन ने, जिन्होंने अंतर्राष्ट्रीय शरणार्थियों के साथ रहकर अनुभवों को साझा किया, मानवीय अधिकारों को उद्धत करते हुए मनुष्यों को मानवता के पथ पर चलने का आह्वान किया ताकि समाज के स्वरूप में आमूलचूल परिवर्तन लाया जा सके। डॉ. मेजर हिमांशु ने भागवत गीता का उल्लेख करते हुए कार्य की प्रधानता पर बल दिया। विद्यालय की प्रधानाचार्या रुहामा अहमद ने भी मानवाधिकारों का समर्थन किया। विद्यालय कमेटी के अध्यक्ष अकील अहमद ने सभी अतिथियों का आभार प्रकट किया।
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उन्होंने कहा कि आज विश्व में जगह-जगह मानवाधिकारों की अनभिज्ञता व अनदेखी से अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इससे हमारे समाज को जिन विषम परिस्थितियों का सामना करना पड़ रहा है, वो कष्टप्रद है। ऐसे में आवश्यकता है कि जीवन में मानवता के मापदंड स्थापित करने चाहिए, ताकि हम समाज की श्रेष्ठता को सिद्ध कर सकें। उन्होंने सरकार द्वारा कानूनी जागृति फैलाने के लिए किए जा रहे प्रयासों व हेल्पलाइन नम्बरों से बच्चों व शिक्षकों को अवगत कराया। उन्होंने बच्चों को आगे बढ़कर समाज में असहाय अनभिज्ञ लोगों की सामाजिक व कानूनी मदद करने को प्रोत्साहित किया।
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कार्यक्रम में उत्कृष्ट सामाजिक कार्यकर्ता एवं यूएनएचसीआर की एडवाइजरी कमेटी के सदस्य एवं गैर सरकारी संगठन हेल्पिंग हैंड वेलफेयर एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी जॉन रोबिंसन ने, जिन्होंने अंतर्राष्ट्रीय शरणार्थियों के साथ रहकर अनुभवों को साझा किया, मानवीय अधिकारों को उद्धत करते हुए मनुष्यों को मानवता के पथ पर चलने का आह्वान किया ताकि समाज के स्वरूप में आमूलचूल परिवर्तन लाया जा सके। डॉ. मेजर हिमांशु ने भागवत गीता का उल्लेख करते हुए कार्य की प्रधानता पर बल दिया। विद्यालय की प्रधानाचार्या रुहामा अहमद ने भी मानवाधिकारों का समर्थन किया। विद्यालय कमेटी के अध्यक्ष अकील अहमद ने सभी अतिथियों का आभार प्रकट किया।
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