फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   How to get poisonous injection out of prison

जेल के बाहर कैसे मिले जहरीले इंजेक्शन, हथियार 

Mon, 07 May 2018 12:43 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर Updated Mon, 07 May 2018 12:43 AM IST
विज्ञापन
How to get poisonous injection out of prison
jail
जेल में बंद सहारनपुर के शातिर सन्नी चिड़ा के इशारे पर किसने गिरफ्त में आए बदमाशों को जहरीले इंजेक्शन और अवैध असलाह मुहैया कराए थे। नई मंडी पुलिस जांच में जुट गई है। सहारनपुर शहर कोतवाली पुलिस के शिकंजे में फंसे चिड़ा के भाई राहुल शर्मा उर्फ शेरू ने पुलिस पूछताछ में खुलासा किया है कि दो मई को मुजफ्फरनगर जिला कारागार में वह अपने भाई से मिला था। वहीं चिड़ा के खिलाफ दर्ज मुकदमे के पैरोकार संजय की हत्या करने की साजिश रची गई थी। 
विज्ञापन


हत्या के एक मामले में शातिर सन्नी चिड़ा बीते डेढ़ साल से जिला कारागार में बंद है। संदिग्ध गतिविधियों के चलते जेल प्रशासन ने उसे सहारनपुर जेल से यहां शिफ्ट किया था। सहारनपुर कोतवाली नगर पुलिस ने तीन मई को पैरोकार संजय की हत्या करने आए बदमाशों को गिरफ्तार किया है।
विज्ञापन


पकड़े गए अश्वनी और रविंद्र नागर ने पुलिस पूछताछ में बताया कि उन्हें जहरीले इंजेक्शन और अवैध हथियार मुजफ्फरनगर जेल के बाहर सन्नी चिड़ा के भाई राहुल ने उपलब्ध कराए थे। रविवार को पुलिस ने हत्या की साजिश में शामिल चिड़ा के भाई राहुल पुत्र हरीश शर्मा निवासी गोपालनगर, थाना कोतवाली सहारनपुर को भी पकड़ लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


पुलिस के अनुसार राहुल ने खुलासा किया कि दो मई को मुजफ्फरनगर जेल में उसकी अपने भाई सन्नी चिड़ा से मुलाकात हुई थी। यही पर सन्नी और पकड़े गए अश्वनी, रविंद्र नागर आदि के बीच मुकदमे के पैरोकार संजय पुत्र सोनाराम की हत्या की योजना बनी। जेल के बाहर राहुल ने जहरीले इंजेक्शन और अवैध हथियार मुहैया कराए। 

पुलिस इस बात की जांच में जुटी है कि किसने जेल के बाहर बदमाशों को जहरीले इंजेक्शन और अवैध हथियार उपलब्ध कराने में मदद की है। जहरीले इंजेक्शन कहां से खरीदे गए है, इसकी भी जांच हो रही है। ड्रग्स इंस्पेक्टर से बरामद इंजेक्शनों की डिटेल पुलिस ने मांगी है। इस मामले के खुलासे के बाद नई मंडी पुलिस भी सक्रिय हो गई है।


उधर, इंस्पेक्टर हरशरण शर्मा ने बताया कि जेल चौकी इंचार्ज से जानकारी ली गई है। साथ ही बंदियों से मिलने आने वाले संदिग्धों की सघन जांच के निर्देश दिए है। जेल अधीक्षक एके सक्सेना ने बताया कि सहारनपुर जेल से बंदी सन्नी चिड़ा का डेढ़ साल पहले यहां की जेल में स्थानांतरित किया गया था। सहारनपुर पुलिस की कार्रवाई के बाद चिड़ा की निगरानी बढ़ा दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed