{"_id":"5b0da5824f1c1ba36e8b5446","slug":"encounter-of-bride-killers","type":"story","status":"publish","title_hn":"दुल्हन के हत्यारों का एनकाउंटर: खुदा ने इंसाफ किया, किए की मिली सजा","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
दुल्हन के हत्यारों का एनकाउंटर: खुदा ने इंसाफ किया, किए की मिली सजा
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर
Updated Wed, 30 May 2018 12:40 AM IST
विज्ञापन
गमजदा बैठे दुल्हन के परिजन।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिछले महीने मेरठ के दौराला क्षेत्र में नेशनल हाईवे पर दुल्हन महविश उर्फ फरहाना की हत्या करने वाले दो बदमाशों हिमांशु और धीरज के पुलिस मुठभेड़ में मारे जाने पर महविश की ससुराल वालों ने कहा कि अल्लाह ने इंसाफ किया है। अपराधियों को उनके किए की सजा मिली, मगर बहू की हत्या का दुख जीवन भर रहेगा। मोहम्मद शाहजेब ने बताया कि हिमांशु ने ही उनकी दुल्हन महविश की गोली मार कर हत्या की थी, जबकि धीरज और अन्य बदमाशों ने उन्हें कवर कर लूटपाट की थी।
शहर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला मिमलाना रोड निवासी शमशाद उर्फ बाबू के बड़े पुत्र मोहम्मद शाहजेब का निकाह गाजियाबाद जिले के मसूरी थाना क्षेत्र के ग्राम नाहल के फरमान की पुत्री महविश परवीन उर्फ फरहाना के साथ तय हुआ था। 27 अप्रैल रात को शाहजेब अपनी दुल्हन महविश को लेकर मुजफ्फरनगर लौट रहा था।
नेशनल हाइवे पर दौराला क्षेत्र के गांव मटौर के पास बदमाशों ने उनकी कार को रोका और लूटपाट की। इसी दौरान बदमाशों ने दुल्हन महविश की गोली मार कर हत्या कर दी थी। मेरठ पुलिस ने वारदात का खुलासा करते हुए मोदीनगर निवासी हिमांशु उर्फ नरसी और शताब्दी नगर परतापुर निवासी धीरज को वांछित कर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
विज्ञापन
मंगलवार को मेरठ के सरधना रोड पर मेरठ पुलिस और एसटीएफ ने मुठभेड़ में दोनों बदमाशों को मार गिराया। महविश के हत्यारों के एनकाउंटर में मारे जाने की जानकारी उसकी ससुराल वालों को हुई। मोहम्मद शाहजेब और उसके पिता शमशाद ने बताया कि उन्हें जब महविश के हत्यारों के एनकाउंटर में मारे जाने की खबर मिली, तो उन्हें अल्लाह के इंसाफ पर पूरा यकीन हो गया।
उन्होंने कहा कि महविश की हत्या का गम अभी भी पूरे परिवार को है। मोहम्मद शाहजेब ने बताया कि पुलिस ने अपराधियों को उनके किए की सजा दी। बताया कि माह उसे एसटीएफ ने मेरठ बुला कर अपराधियों की फाइल फोटो दिखा कर हिमांशु और धीरज की पहचान कराई थी। हिमांशु ने महविश को गोली मारी थी तथा धीरज और अन्य बदमाशों ने लूटपाट की थी।
विज्ञापन
शहर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला मिमलाना रोड निवासी शमशाद उर्फ बाबू के बड़े पुत्र मोहम्मद शाहजेब का निकाह गाजियाबाद जिले के मसूरी थाना क्षेत्र के ग्राम नाहल के फरमान की पुत्री महविश परवीन उर्फ फरहाना के साथ तय हुआ था। 27 अप्रैल रात को शाहजेब अपनी दुल्हन महविश को लेकर मुजफ्फरनगर लौट रहा था।
विज्ञापन
नेशनल हाइवे पर दौराला क्षेत्र के गांव मटौर के पास बदमाशों ने उनकी कार को रोका और लूटपाट की। इसी दौरान बदमाशों ने दुल्हन महविश की गोली मार कर हत्या कर दी थी। मेरठ पुलिस ने वारदात का खुलासा करते हुए मोदीनगर निवासी हिमांशु उर्फ नरसी और शताब्दी नगर परतापुर निवासी धीरज को वांछित कर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
विज्ञापन
मंगलवार को मेरठ के सरधना रोड पर मेरठ पुलिस और एसटीएफ ने मुठभेड़ में दोनों बदमाशों को मार गिराया। महविश के हत्यारों के एनकाउंटर में मारे जाने की जानकारी उसकी ससुराल वालों को हुई। मोहम्मद शाहजेब और उसके पिता शमशाद ने बताया कि उन्हें जब महविश के हत्यारों के एनकाउंटर में मारे जाने की खबर मिली, तो उन्हें अल्लाह के इंसाफ पर पूरा यकीन हो गया।
उन्होंने कहा कि महविश की हत्या का गम अभी भी पूरे परिवार को है। मोहम्मद शाहजेब ने बताया कि पुलिस ने अपराधियों को उनके किए की सजा दी। बताया कि माह उसे एसटीएफ ने मेरठ बुला कर अपराधियों की फाइल फोटो दिखा कर हिमांशु और धीरज की पहचान कराई थी। हिमांशु ने महविश को गोली मारी थी तथा धीरज और अन्य बदमाशों ने लूटपाट की थी।