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Murder Case: 33 साल पुराने धर्मपाल हत्याकांड में ब्रजवीर दोषमुक्त, बधाई खुर्द के दो परिवारों से जुड़ा है मामला

Mon, 08 Apr 2024 08:58 PM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, मुजफ्फरनगर
अमर उजाला ब्यूरो, मुजफ्फरनगर Published by: कपिल kapil Updated Mon, 08 Apr 2024 08:58 PM IST
सार

Muzaffarnagar Murder Case : मुजफ्फरनगर में अदालत ने 33 साल पुराने धर्मपाल हत्याकांड में ब्रजवीर को दोषमुक्त कर दिया है। बधाई खुर्द के दो परिवारों के बीच चली रंजिश से जुड़ा यह पहला मुकदमा था।

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Court acquits Brajveer in Dharampal murder case in Muzaffarnagar
अदालत। सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

मुजफ्फरनगर में अदालत ने 33 साल पहले चर्चित धर्मपाल हत्याकांड में ब्रजवीर सिंह को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया। इस मामले में नामजद रहे पूर्व चेयरमैन उदयवीर की हत्या कर दी गई थी, जबकि तीसरा आरोपी फरार चल रहा है। सोमवार को प्रकरण में अपर सत्र न्यायालय कोर्ट नंबर-9 के पीठासीन अधिकारी कनिष्क कुमार सिंह ने फैसला सुनाया। बधाई खुर्द के दो परिवारों के बीच चली रंजिश से जुड़ा यह पहला मुकदमा था।

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बताया गया कि घटना सात मई 1991 की है। थाना कोतवाली नगर के गांव बधाई कलां निवासी वादी रणवीर ने कोतवाली में उदयवीर सिंह, ब्रजवीर सिंह और उनके नौकर राकेश जाेगी के खिलाफ धर्मपाल की हत्या का मुकदमा पंजीकृत कराया था। तीनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। पुलिस ने आरोप पत्र दाखिल किया था।

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घटना के बाद से एक आरोपी राकेश जोगी फरार है। उसकी पत्रावली अलग चल रही है। पूर्व चेयरमैन उदयवीर की दौरान सत्र परीक्षण हत्या हो चुकी है। अभियोजन पक्ष ने दोनों चुटैल सहित छह गवाहों की साक्ष्य कराई। बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अनिल जिंदल ने पैरवी की। उन्होंने बताया कि पीठासीन अधिकारी ने संदेह का लाभ देते हुए आरोपी ब्रजवीर सिंह को दोष मुक्त कर दिया। दरअसल, अभियोजन पक्ष मौके से बरामद हथियारों को अदालत में प्रस्तुत नहीं कर पाया।

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क्या था मामला?
घटना के दिन वादी अपने भाई रविंद्र और रिश्तेदार के साथ घर से घेर जा रहे थे। आरोप लगाया कि सामने से जीप में उदयवीर, ब्रजवीर और राकेश जोगी जीप से आ रहे थे। आरोप लगाया था कि रास्ते में रतिराम गड़रिए के मकान के सामने राकेश ने रविंद्र को गाली दी। उसके कुछ देर बाद आरोपी जीप से दोबारा मौके पर पहुंच गए और धर्मपाल को गोली मार दी थी। घायल धर्मपाल की मेरठ अस्पताल में मृत्यु हो गई। वारदात में ग्रामीण रविंद्र गोली और धर्मेंद्र डंडे की चोट से घायल हुए थे। वादी पक्ष का कहना था कि मौके से उदयवीर को पकड़ कर बंदूक और ब्रजवीर से पिस्टल बरामद कर पुलिस को दी थी।

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