Budget 2023: पढ़िए रालोद नेता ने क्यों कहा, सभी वर्ग को बजट से लगी निराशा हाथ, व्यापारियों दीं ये प्रतिकियाएं
Budget 2023 : रालोद नेता ने कहा कि इस बजट से सभी वर्ग को निराशा हाथ लगी है। लेकिन नेता और व्यापारियों ने इस बजट की सराहना की है। पढ़िए सभी की प्रतिकियाएं।
विस्तार
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किए गए बजट की भाजपा नेता एवं व्यापारियों ने सराहना की है। उन्होंने कहा कि सभी वर्गों को ध्यान में रखकर यह बजट पेश किया गया है। इस बजट में मध्यमवर्ग का विशेष ध्यान रखा गया है।
समग्र विकास परक बजट किया प्रस्तुत
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष अजय कुमार सिंघल ने कहा कि समग्र विकास परक बजट प्रस्तुत किया। इनकम टैक्स छूट का दायरा बढ़ाया गया। रेहड़ी पटरी, एमएसएमई, कृषक समेत सभी क्षेत्र के विकास का ध्यान रखने का प्रयास किया गया। अभी जीएसटी के प्रावधानों में व्यापक सुधार और व्यापारी पेंशन आदि कई कार्य करने बाकी हैं।
व्यापारियों को राहत देगा बजट
व्यापारी कृष्ण गोपाल मित्तल ने कहा कि बजट काफी अच्छा रहा। इसमें कोविड से प्रभावित व्यापारियों को राहत, एमएसएमई सेक्टर को स्पेशल पैकेज दिए गए। साथ ही बच्चों व युवाओं के लिए नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी समेत अन्य सुविधाएं, महिलाओं के लिए विशेष बचत योजना, किसानों के लिए कई लाभान्वित योजनाओ सहित आयकर में छूट का बड़ा एलान किया गया।
टैक्स कैटेगिरी से मिलेगी राहत
टैक्स अधिवक्ता एमआर सैनी ने कहा कि बजट पहले से अच्छा है। टैक्स में पहले ढाई लाख रुपये तक छूट थी। इस बार तीन लाख रुपये तक कर दी गई। अब पांच लाख रुपये ऊपर वाला व्यक्ति पांच प्रतिशत टैक्स देगा। इसमें तीन अलग-अलग कैटेगिरी बनाई गई। जिससे आम लोगों को राहत मिलेगी।
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निवेश और सेविंग में लोगों का रुझान घटेगा
सीए हरिमोहन गर्ग ने कहा कि बजट में कुछ खास नहीं आया है। कुछ लोगों को ही लाभ पहुंचेगा है। लोगों का निवेश और सेविंग की ओर रुझान नहीं बढ़ेगा। नई स्कीम में इंवेस्टमेंट में कोई छूट नहीं दी गई। कैपिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए अच्छा काम किया है। इसके लिए 10 हजार करोड़ की घोषणा की गई।
शिक्षकों के लिए बजट में कुछ खास नहीं
जूनियर हाई स्कूल शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष संजीव बालियान ने कहा कि शिक्षकों के लिए बजट बिल्कुल भी अच्छा नहीं है। शिक्षकों के टैक्स में छूट होनी चाहिए थी। हमारा पूरा वेतन टैक्स में ही चला जाता है। एक ही टैक्स दो-तीन बार देना पड़ता है। इसलिए शिक्षकों के लिए बजट लाभदायक नहीं है। हालांकि कई जगह बजट ठीक भी रहा।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर बज़ट बढ़ाने से व्यापार को लाभ
आईआईए के चेयरमैन विपुल भटनागर ने कहा कि बजट अच्छा रहा है। इसमें एमएसएमई के लिए नौ हजार करोड़ का बजट है। डिजिटलाइजेशन से काम आसान होगा और भ्रष्टाचार से मुक्ति मिलेगी। इंफ्रास्ट्रक्चर पर बजट बढ़ाने से व्यापार को लाभ होगा।
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ग्रामीण उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा बजट
अर्थशास्त्र की विभागाध्यक्ष सुषमा सैनी ने कहा कि बजट ग्रामीण उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। बजट में पीएम प्रणाम योजना, अमृत धरोहर योजना, अन्न योजना किसानों पर फोकस की गई है। इस बार खेती को बढ़ाने के साथ-साथ गांवों में खेती से जुड़े रोजगारों को बढ़ाने पर जोर दिया गया।
पेंशनर्स के लिए छूट होगी लाभदायक
सेवानिवृत्त प्रोफेसर डॉ. कलम सिंह ने कहा कि बजट में पेंशनर्स के लिए जो छूट दी गई है, उसका सभी को लाभ मिलेगा। सात लाख रुपये तक जो छूट दी गई है, इसका आम कर दाता को ज्यादा लाभ नहीं मिलेगा। इसलिए बजट ठीक-ठीक सा रहा है।
उद्योग के लिए कोई राहत नहीं
उद्यमी रघुराज गर्ग ने कहा कि बजट में उद्योग के लिए कोई राहत नहीं है। सर्विसमेन को राहत दी गई है। बजट में ऐसी कोई खास बात नहीं दी गई है। एक्सपोर्ट पॉलिसी का भी कोई जिक्र नहीं किया गया है। बजट को लेकर सभी उद्योगों में निराशा है।
सभी वर्ग को बजट से लगी निराशा हाथ
रालोद के राष्ट्रीय सचिव रमा नागर ने कहा कि बजट सभी वर्गों के लिए खुशी देने वाला नहीं है। इससे निराशा हाथ लगी है। किसानों की आय दोगुनी करने वाली योजना बजट में नहीं है। युवाओं के नए रोजगार की कोई गारंटी नहीं दिखाई दे रहीं हैं। महिलाओं के लिए कोई लाभ नहीं हो रहा है। उन्हे भी इस बजट से निराशा हाथ लगी है।