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17 मिनट बाद एंबुलेंस आपके पास

Mon, 22 Jan 2018 12:03 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर।
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर। Updated Mon, 22 Jan 2018 12:03 AM IST
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After 17 minutes you have an ambulance
health - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। कॉल आने के 17 मिनट बाद एंबुलेंस पीड़ित के पास पहुंच रही है। औसत समय में जिले की एंबुलेंस का प्रदेश में अव्वल स्थान आया है। 102 एंबुलेंस में प्रति नौ मिनट में कॉल रिसीव हो रही है, जबकि 108 पर पांच मिनट पर एक कॉल पहुंच रही है। पीड़ित, घायल और गर्भवती के पास एंबुलेंस पहुंचने का समय 20 मिनट औसत निर्धारित है।
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गांव और शहरों में घायलों, गर्भवती महिलाओं और इमरजेंसी में तत्काल लोगों को बेहतर उपचार मिले। इसके लिए प्रदेश सरकार ने एंबुलेंस की व्यवस्था कर रखी है। यह एंबुलेंस सूचना मिलने के 20 मिनट बाद मरीज, घायलों के पास पहुंचाने के निर्देश हैं।
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 इसके लिए एंबुलेंस को जाम, क्रॉसिंग आदि सब कुछ पार करना होता है, लेकिन जिले की एंबुलेंस ने औसत समय में बाजी मारी है।

अन्य जिलों के मुकाबले यहां पर औसत समय में एंबुलेंस 17 मिनट में पहुंच रही है। खास यह है कि गर्भवती महिला को सीएचसी, पीएचसी और नगर क्षेत्र में जिला महिला चिकित्सालय पहुंचाने के लिए एंबुलेंस करीब 12 से 13 मिनट का समय ले रही है। इसके चलते जिला प्रदेश में औसत समय में अव्वल आया है। लगातार बढ़ती आबादी को देखते हुए जिले को नौ और एंबुलेंस मिल सकती है। इसको लेकर प्रदेश स्तर पर कार्रवाई चल रही है।
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इन बीमारियों पर करें 108 को कॉल

- तेज पेट दर्द व सांस लेने में तकलीफ होने पर।
- तेज बुखार व संक्रमण होने पर।
- दिल का दौरा ( हार्ट अटैक ) होने पर।
- जानवरों के काटने - बेहोश होने पर
- सड़क व अन्य कोई दुर्घटना होने पर।
- लकवा व मिर्गी का दौरा पड़ने पर।
- मानसिक अवसाद होने या जहर खा लेने पर।
- मौसम से संबंधित बीमारी होने पर।
- कोई प्राकृतिक आपदा होने पर।
- कोई बड़ी जनहानि होने पर।  मधुमेह की बीमारी में।

102 पर 6323 और 108 पर 2597 कॉल आई
मुजफ्फरनगर। जनपद में स्वास्थ्य विभाग की एंबुलेंस पर एक साल में काफी कॉल दर्ज की गई है। 102 पर 6323 कॉल आई है। इसका औसत करीब नौ मिनट में एक कॉल पहुंची, जबकि 108 पर दिसंबर माह तक 2597 कॉल रिसीव की गई है। वहीं, एक एंबुलेंस रोजाना करीब नौ चक्कर लगाती है।
32 लाख की आबादी पर मात्र 47 एंबुलेंस
मुजफ्फरनगर। वर्ष 2017 के सभी विधानसभा चुनाव के अनुसार जिले की आबादी करीब 32 लाख है। इस आबादी पर विभाग के पास 47 एंबुलेंस है, जिनमें 24 एंबुलेंस 102, 21 एंबुलेंस 108 की तथा दो एंबुलेंस एडवांस लाइफ सपोर्ट (एएलएस) हैं।
जिले में जाम की समस्या अधिक है। एंबुलेंस चलने तक जगह नहीं मिलती है। कई बार इसको लेकर प्रशासन को अवगत कराया, मगर, एंबुलेंस सेवा अन्य जिलों से बेहतर है। टाइम मैनेजमेंट में एंबुलेंस काफी बेहतर काम कर रही है।

डॉ पीएस मिश्रा, सीएमओ मुजफ्फरनगर।
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औसत समय में एंबुलेंस 17 मिनट में पहुंच रही है। 102 गर्भवती को लाती है, जबकि 108 इमरजेंसी से लेकर अन्य सभी दुर्घटनाओं में मरीजों तक पहुंचाई जाती है। प्रदेश में जिला एंबुलेंस औसत समय में अव्वल है।
काव्य शर्मा, एंबुलेंस इंचार्ज, मुजफ्फरनगर।
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