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चार साल में वादी समेत दो की हुई गवाही
Updated Thu, 07 Sep 2017 12:25 AM IST
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चार साल में वादी समेत दो की हुई गवाही
मुजफ्फरनगर। कवाल कांड में ममेरे भाइयों सचिन, गौरव की हत्या के मुकदमा भी कोर्ट में विचाराधीन है। बीते चार वर्ष में वादी रविंद्र सिंह समेत दो गवाहों की ही गवाही हो सकी। उधर, दोहरे हत्याकांड के पांच हत्यारोपी जेल में बंद है।
चार वर्ष पूर्व कवाल कांड में मलिकपुरा के ममेरे भाइयो सचिन और गौरव की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी। दोहरे हत्याकांड में गौरव के पिता रविंद्र सिंह की ओर से जानसठ कोतवाली पर कवाल निवासी मुजस्सिम, मुजम्मिल, फुरकान, जहांगीर, नदीम, अफजाल और मृतक शाहनवाज के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया गया था। एसआईटी ने जांच के बाद अफजाल की लोकेशन आंध्र प्रदेश में पाए जाने पर उसे क्लीनचिट देकर पांच आरोपियों मुजस्सिम, मुजम्मिल, फुरकान, जहांगीर, नदीम के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दी थी। इस हत्याकांड की सुनवाई एडीजे-6 की कोर्ट में चल रही है। बाकी दो गवाहों की भी गवाही होनीे है, जिसमें के लिए कोर्ट में 15 सितंबर की तारीख लगी है।
शाहनवाज हत्याकांड में हुआ था परिवाद स्वीकार
मुजफ्फरनगर। कवाल कांड में मारे गए शाहनवाज की हत्या में उसके पिता सलीम की ओर से मृतक सचिन, गौरव के अलावा प्रहलाद, बिशन, देवेंद्र, योगेंद्र, जितेंद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। एसआईटी ने जांच के दौरान इस मुकदमे में एफआर लगा दी थी. जिस पर वादी पक्ष ने कोर्ट में एतराज दाखिल किया था। कोर्ट ने जिसे स्वीकार करते हुए एफआर को खारिज कर इसे परिवाद के रूप में दर्ज कर लिया था, मगर अभी तक इसमें कोई सुनवाई नहीं हुई है।
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मुजफ्फरनगर। कवाल कांड में ममेरे भाइयों सचिन, गौरव की हत्या के मुकदमा भी कोर्ट में विचाराधीन है। बीते चार वर्ष में वादी रविंद्र सिंह समेत दो गवाहों की ही गवाही हो सकी। उधर, दोहरे हत्याकांड के पांच हत्यारोपी जेल में बंद है।
चार वर्ष पूर्व कवाल कांड में मलिकपुरा के ममेरे भाइयो सचिन और गौरव की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी। दोहरे हत्याकांड में गौरव के पिता रविंद्र सिंह की ओर से जानसठ कोतवाली पर कवाल निवासी मुजस्सिम, मुजम्मिल, फुरकान, जहांगीर, नदीम, अफजाल और मृतक शाहनवाज के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया गया था। एसआईटी ने जांच के बाद अफजाल की लोकेशन आंध्र प्रदेश में पाए जाने पर उसे क्लीनचिट देकर पांच आरोपियों मुजस्सिम, मुजम्मिल, फुरकान, जहांगीर, नदीम के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दी थी। इस हत्याकांड की सुनवाई एडीजे-6 की कोर्ट में चल रही है। बाकी दो गवाहों की भी गवाही होनीे है, जिसमें के लिए कोर्ट में 15 सितंबर की तारीख लगी है।
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शाहनवाज हत्याकांड में हुआ था परिवाद स्वीकार
मुजफ्फरनगर। कवाल कांड में मारे गए शाहनवाज की हत्या में उसके पिता सलीम की ओर से मृतक सचिन, गौरव के अलावा प्रहलाद, बिशन, देवेंद्र, योगेंद्र, जितेंद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। एसआईटी ने जांच के दौरान इस मुकदमे में एफआर लगा दी थी. जिस पर वादी पक्ष ने कोर्ट में एतराज दाखिल किया था। कोर्ट ने जिसे स्वीकार करते हुए एफआर को खारिज कर इसे परिवाद के रूप में दर्ज कर लिया था, मगर अभी तक इसमें कोई सुनवाई नहीं हुई है।
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