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Moradabad News: डियर पार्क में ही हैं कांठ के मैरिज हॉल और भरतपुर से पकड़े गए तेंदुए
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कांठ। कांठ और छजलैट क्षेत्र में तेंदुओं की दहशत लगातार बनी हुई है। बारिश के कारण खेतों में पानी भरने से तेंदुए बाहर निकल रहे हैं, जिससे किसान खेतों पर जाने से कतरा रहे हैं।
वन विभाग की टीम कांठ क्षेत्र से एक महीने में पांच तेंदुओं को पकड़ चुकी है। 24 सितंबर की आधी रात को कांठ के कासमपुर में नईम सैफी के निर्माणाधीन मैरिज हॉल परिसर में एक तेंदुआ पिंजरे में कैद हुआ था। 26 सितंबर को कांठ के भरतपुर गांव में भी एक दूसरा तेंदुआ पिंजरे में फंसा था।
वन विभाग की टीम इन दोनों तेंदुओं को मुरादाबाद के डियर पार्क ले गई थी, वह रविवार को भी पार्क में ही थे। इधर, समदगढ़ और सिकंदराबाद गांवों में किसान के नलकूप की कोठरी पर एक साथ तीन तेंदुए बैठे दिखाई दिए थे। इन तीनों तेंदुओं की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिसके बाद ग्रामीणों ने पिंजरा लगवाने की मांग की है। वन विभाग ने तेंदुओं को पकड़ने के लिए छजलैट क्षेत्र में छह अलग-अलग स्थानों पर पिंजरे लगाए हैं। टीम लोगों को लगातार जागरूक करते हुए सतर्क रहने के लिए कार्य कर रही है।
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वन विभाग कांठ के डिप्टी रेंजर पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि कांठ में कासमपुर स्थित निर्माणाधीन मैरिज और गांव भरतपुर से पकड़े गए दोनों तेंदुए फिलहाल डियर पार्क में ही हैं। दोनों पूरी तरह से स्वस्थ और सुरक्षित हैं। समदगढ़ उर्फ सिकंदराबाद में भी तेंदुओं को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया जाना है लेकिन लगातार हो रही बारिश के कारण इनमें देरी हो रही है। टीम के साथ क्षेत्र में भ्रमण कर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। अपील है कि यदि कहीं भी तेंदुआ या कोई अन्य वन्य जीव दिखाई दे तो इसकी सूचना 9759730666 या 7017862982 पर अवश्य ही दें।
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वन विभाग की टीम कांठ क्षेत्र से एक महीने में पांच तेंदुओं को पकड़ चुकी है। 24 सितंबर की आधी रात को कांठ के कासमपुर में नईम सैफी के निर्माणाधीन मैरिज हॉल परिसर में एक तेंदुआ पिंजरे में कैद हुआ था। 26 सितंबर को कांठ के भरतपुर गांव में भी एक दूसरा तेंदुआ पिंजरे में फंसा था।
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वन विभाग की टीम इन दोनों तेंदुओं को मुरादाबाद के डियर पार्क ले गई थी, वह रविवार को भी पार्क में ही थे। इधर, समदगढ़ और सिकंदराबाद गांवों में किसान के नलकूप की कोठरी पर एक साथ तीन तेंदुए बैठे दिखाई दिए थे। इन तीनों तेंदुओं की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिसके बाद ग्रामीणों ने पिंजरा लगवाने की मांग की है। वन विभाग ने तेंदुओं को पकड़ने के लिए छजलैट क्षेत्र में छह अलग-अलग स्थानों पर पिंजरे लगाए हैं। टीम लोगों को लगातार जागरूक करते हुए सतर्क रहने के लिए कार्य कर रही है।
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वन विभाग कांठ के डिप्टी रेंजर पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि कांठ में कासमपुर स्थित निर्माणाधीन मैरिज और गांव भरतपुर से पकड़े गए दोनों तेंदुए फिलहाल डियर पार्क में ही हैं। दोनों पूरी तरह से स्वस्थ और सुरक्षित हैं। समदगढ़ उर्फ सिकंदराबाद में भी तेंदुओं को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया जाना है लेकिन लगातार हो रही बारिश के कारण इनमें देरी हो रही है। टीम के साथ क्षेत्र में भ्रमण कर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। अपील है कि यदि कहीं भी तेंदुआ या कोई अन्य वन्य जीव दिखाई दे तो इसकी सूचना 9759730666 या 7017862982 पर अवश्य ही दें।