{"_id":"5f7cd8088ebc3e9b97750072","slug":"infection-posibilites-available-city-news-mbd365140912","type":"story","status":"publish","title_hn":"एंटीजन में थमी रफ्तार, संक्रमण का खतरा बरकरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एंटीजन में थमी रफ्तार, संक्रमण का खतरा बरकरार
विज्ञापन
मुरादाबाद। रैपिड एंटीजन टेस्टिंग में पॉजिटिव मरीज आने की रफ्तार अचानक कम हो गई है। अक्टूबर के पहले सप्ताह में एंटीजन के सैंपलों की तुलना में पॉजिटिव की दर 0.52 फीसदी आ गई है। इससे जिले की ओवरऑल पॉजिटिव दर भी गिरकर 4.83 आ गई है। अगस्त तक संक्रमण की दर छह फीसदी तक पहुंची थी। संक्रमण की रफ्तार भले ही कम हो रही है, लेकिन खतरा बरकरार है। एंटीजन में निगेटिव आने वाले 80 फीसदी लोगों की आरटीपीसीआर जांच नहीं हो रही है। आरटीपीसीआर सैंपल होने से दर बढ़ने की संभावना है। ऐसे में सतर्कता और जागरूकता ही संक्रमण से बचाव कर सकती है।
मुरादाबाद में मंगलवार तक आरटीपीसीआर, एंटीजन और ट्रू नेट के कुल 188060 सैंपलों में 9096 पॉजिटिव मरीज मिले हैं। पॉजिटिव मरीज आने की दर 4.83 फीसदी है। रैपिड एंटीजन की प्रमाणिकता आरटीपीसीआर के सापेक्ष बेहद कम है। अक्टूबर पहले हफ्ते में एंटीजन के सैंपल जांच पर सवाल भी उठने लगे हैं। छह दिन में 13777 जांचें हुई और 73 पॉजिटिव मरीज मिले हैं। इस लिहाज से पॉजिटिव मरीज आने की दर 0.52 फीसदी है। जबकि जिले में जुलाई से मंगलवार तक रैपिड एंटीजन के 141730 सैंपल हुए हैं और 3062 पॉजिटिव मिले हैं। यानी पॉजिटिव मरीज मिलने की दर 2.16 रही है। आरटीपीसीआर की बात करें तो जिले में अब तक 62429 सैंपल जांच में 5485 पॉजिटिव मरीज मिले हैं। आरटीपीसीआर में संक्रमित मरीज मिलने की दर 8.78 फीसदी है। आईसीएमआर की गाइड लाइन के बाद भी एंटीजन में निगेटिव आए मात्र 20 फीसदी लोगों के सैंपल ही आरटीपीसीआर के लिए भेजे जा रहे हैं। एंटीजन में निगेटिव 80 फीसदी लोगों के आरटीपीसीआर नहीं होने से संक्रमण का खतरा बना है।
- एंटीजन सैंपल रिपोर्ट की प्रमाणिकता आरटीपीसीआर की तुलना में बेहद कम है। आईसीएमआर की गाइड लाइन के हिसाब से एंटीजन के निगेटिव लोगों की आरटीपीसीआर कराई जानी अनिवार्य है। मुरादाबाद में प्रतिदिन दो हजार से अधिक एंटीजन और करीब आठ सौ सैंपल आरटीपीसीआर जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। आरटीपीसीआर के लिए पॉजिटिव मरीजों के परिवार के सदस्य एवं संपर्क में आए लोगों के अलावा सारी और आईएलआई पीड़ितों के सैंपल हैं। एंटीजन में निगेटिव करीब 20 फीसदी लोगों के सैंपल भी आरटीपीसीआर के लिए जा रहे हैं। - डा. एमसी गर्ग, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन
मुरादाबाद में मंगलवार तक आरटीपीसीआर, एंटीजन और ट्रू नेट के कुल 188060 सैंपलों में 9096 पॉजिटिव मरीज मिले हैं। पॉजिटिव मरीज आने की दर 4.83 फीसदी है। रैपिड एंटीजन की प्रमाणिकता आरटीपीसीआर के सापेक्ष बेहद कम है। अक्टूबर पहले हफ्ते में एंटीजन के सैंपल जांच पर सवाल भी उठने लगे हैं। छह दिन में 13777 जांचें हुई और 73 पॉजिटिव मरीज मिले हैं। इस लिहाज से पॉजिटिव मरीज आने की दर 0.52 फीसदी है। जबकि जिले में जुलाई से मंगलवार तक रैपिड एंटीजन के 141730 सैंपल हुए हैं और 3062 पॉजिटिव मिले हैं। यानी पॉजिटिव मरीज मिलने की दर 2.16 रही है। आरटीपीसीआर की बात करें तो जिले में अब तक 62429 सैंपल जांच में 5485 पॉजिटिव मरीज मिले हैं। आरटीपीसीआर में संक्रमित मरीज मिलने की दर 8.78 फीसदी है। आईसीएमआर की गाइड लाइन के बाद भी एंटीजन में निगेटिव आए मात्र 20 फीसदी लोगों के सैंपल ही आरटीपीसीआर के लिए भेजे जा रहे हैं। एंटीजन में निगेटिव 80 फीसदी लोगों के आरटीपीसीआर नहीं होने से संक्रमण का खतरा बना है।
विज्ञापन
- एंटीजन सैंपल रिपोर्ट की प्रमाणिकता आरटीपीसीआर की तुलना में बेहद कम है। आईसीएमआर की गाइड लाइन के हिसाब से एंटीजन के निगेटिव लोगों की आरटीपीसीआर कराई जानी अनिवार्य है। मुरादाबाद में प्रतिदिन दो हजार से अधिक एंटीजन और करीब आठ सौ सैंपल आरटीपीसीआर जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। आरटीपीसीआर के लिए पॉजिटिव मरीजों के परिवार के सदस्य एवं संपर्क में आए लोगों के अलावा सारी और आईएलआई पीड़ितों के सैंपल हैं। एंटीजन में निगेटिव करीब 20 फीसदी लोगों के सैंपल भी आरटीपीसीआर के लिए जा रहे हैं। - डा. एमसी गर्ग, सीएमओ
विज्ञापन