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600 रुपये प्रति क्विंटल गन्ना मूल्य घोषित करे सरकार : हरपाल
Tue, 01 Sep 2026 02:27 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मुरादाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, मुरादाबाद
Updated Tue, 01 Sep 2026 02:27 AM IST
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बिलारी। भारतीय किसान यूनियन असली के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी हरपाल सिंह ने कहा कि सरकार डॉ.स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट पूरी तरह से लागू करे। चीनी मिलों का पेराई सत्र शुरू होने से पहले सरकार को गन्ना मूल्य में बढ़ोतरी कर 600 रुपये प्रति क्विंटल घोषित करना चाहिए।
चौधरी हरपाल सिंह सोमवार दोपहर नगर में भाकियू असली के कैंप कार्यालय पर पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जब चीनी 40 रुपये प्रति किलो बिक रही थी तब गन्ना मूल्य 400 रुपये प्रति क्विंटल था। अब चीनी 70 रुपये प्रति किलो बिक रही है तब सरकार को गन्ना मूल्य 600 रुपये प्रति क्विंटल घोषित करना चाहिए। भाकियू असली के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने आगे कहा कि इस समय चीनी के रेटों में वृद्धि होने की वजह से अकेले उत्तर प्रदेश चीनी मिल मालिकों को स्टॉक में रखी चीनी के हिसाब से लगभग 26 हजार करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है। यह मुनाफा देखते हुए गन्ना उत्पादक किसानों को उपभोक्ता के रूप में 40 रुपये प्रति किलो के रेट से चीनी दिलवाई जाए।
चौधरी हरपाल सिंह ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार ब्राजील से दस लाख मीट्रिक टन चीनी आयात करने जा रही है। आगामी गन्ना पेराई सीजन में ब्राजील से चीनी आते ही देश में फिर चीनी के रेट गिर जाएंगे और उसी हिसाब से गन्ना की मांग और रेटों में भी कमी आ जाएगी। हरपाल सिंह ने प्रदेश सरकार पर सवालिया निशान साधते हुए कहा कि गन्ने का रेट आधा सीजन बीत जाने के बाद क्यों घोषित किया जाता है। स्वयं को किसानों का हमदर्द होने का दावा करने वाली प्रदेश सरकार को चीनी के वर्तमान रेटों को ध्यान में रखते हुए शीघ्र ही आगामी सीजन के लिए गन्ने का रेट घोषित कर देना चाहिए।
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चौधरी हरपाल सिंह सोमवार दोपहर नगर में भाकियू असली के कैंप कार्यालय पर पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जब चीनी 40 रुपये प्रति किलो बिक रही थी तब गन्ना मूल्य 400 रुपये प्रति क्विंटल था। अब चीनी 70 रुपये प्रति किलो बिक रही है तब सरकार को गन्ना मूल्य 600 रुपये प्रति क्विंटल घोषित करना चाहिए। भाकियू असली के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने आगे कहा कि इस समय चीनी के रेटों में वृद्धि होने की वजह से अकेले उत्तर प्रदेश चीनी मिल मालिकों को स्टॉक में रखी चीनी के हिसाब से लगभग 26 हजार करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ है। यह मुनाफा देखते हुए गन्ना उत्पादक किसानों को उपभोक्ता के रूप में 40 रुपये प्रति किलो के रेट से चीनी दिलवाई जाए।
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चौधरी हरपाल सिंह ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार ब्राजील से दस लाख मीट्रिक टन चीनी आयात करने जा रही है। आगामी गन्ना पेराई सीजन में ब्राजील से चीनी आते ही देश में फिर चीनी के रेट गिर जाएंगे और उसी हिसाब से गन्ना की मांग और रेटों में भी कमी आ जाएगी। हरपाल सिंह ने प्रदेश सरकार पर सवालिया निशान साधते हुए कहा कि गन्ने का रेट आधा सीजन बीत जाने के बाद क्यों घोषित किया जाता है। स्वयं को किसानों का हमदर्द होने का दावा करने वाली प्रदेश सरकार को चीनी के वर्तमान रेटों को ध्यान में रखते हुए शीघ्र ही आगामी सीजन के लिए गन्ने का रेट घोषित कर देना चाहिए।
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