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बालापुर में पहुंचा तेंदुआ, लखनऊ की टीम ने किया दौरा
Updated Sat, 22 Sep 2018 02:48 AM IST
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मुरादाबाद।
तेंदुओं के लगातार हो रहे हमलों से लखनऊ तक अलर्ट हो गया है। शुक्रवार को पांचवें दिन भी तेंदुआ बालापुर गांव तक जा पहुंचा। वन विभाग के अधिकारियों ने भी सर्च आपरेशन शुरू कर दिया है। लखनऊ से वन विभाग के अधिकारियों टीम भी मुरादाबाद पहुंच गई है।
एक बच्चे की जान लेने और दूसरे पर जानलेवा हमला करने के बाद भी तेंदुए ने क्षेत्र नहीं छोड़ा है। शुक्रवार केा बालापुर और मुनीमपुर में दिखने के बाद शनिवार को भी बालापुर में वह जा पहुंचा। सुबह-सुबह दिन निकलते ही लोगों ने गांव के किनारे तेंदुए को देखा और शोर मचाया। इसके बावजूद तेंदुआ नहीं भागा। गांव के लोगों की भीड़ जमा होने पर वह गन्ने के खेतों में गायब हो गया। वन विभाग के अधिकारियों की टीम ने मौका मुआयना कर क्षेत्र का दौरा किया। अभी निरीक्षण किया जा रहा है।
ये अधिकारी पहुंचे - लखनऊ से प्रमुख वन संरक्षक व वन्य जीव विशेषज्ञ पवन कुमार, रुहेलखंड से मुख्य वन संरक्षक अरविंद कुमार, बरेली से वन संरक्षक पीपी सिंह, मुरादाबाद से वन संरक्षक आरपी सिंह, प्रभागीय वन निदेशक मुरादाबाद कन्हई सिंह पटेल, वन्य जीव विशेषज्ञ ज्ञानेंद्र सिंह और दिनेश कुमार शर्मा।
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यह की गई हैं व्यवस्था -
- वन विभाग व डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के विशेषज्ञों ने डेरा डाला।
- तेंदुए की गतिविधियों वाले गांवों के जंगलों में भ्रमण जारी।
- स्थिर पिंजरा लगाने के साथ ही एक मूवमेंट पिंजरा भी लगाया।
- दिनरात काम करने वाले 10 कैमरे भी लगाए गए।
- घायल बच्ची के उपचार को दी गई सहायता राशि।
यह भी जानें -
तेंदुआ न तो आदमी पर हमला करता है और न ही आदमी को खाता है। बैठे हुए आदमी-बच्चे, झुक कर काम करने रहे आदमी बच्चे या बाइक चला रहे व्यक्ति में इसको चौपाए जानवर का भ्रम हो जाता है। ऐसे में सावधान रहने की जरूरत है। जंगलों में बच्चों को अकेले न भेजे। खेतों पर काम करने कुछ समय अकेले न जाएं। - कन्हई सिंह पटेल, डीएफओ।
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तेंदुओं के लगातार हो रहे हमलों से लखनऊ तक अलर्ट हो गया है। शुक्रवार को पांचवें दिन भी तेंदुआ बालापुर गांव तक जा पहुंचा। वन विभाग के अधिकारियों ने भी सर्च आपरेशन शुरू कर दिया है। लखनऊ से वन विभाग के अधिकारियों टीम भी मुरादाबाद पहुंच गई है।
एक बच्चे की जान लेने और दूसरे पर जानलेवा हमला करने के बाद भी तेंदुए ने क्षेत्र नहीं छोड़ा है। शुक्रवार केा बालापुर और मुनीमपुर में दिखने के बाद शनिवार को भी बालापुर में वह जा पहुंचा। सुबह-सुबह दिन निकलते ही लोगों ने गांव के किनारे तेंदुए को देखा और शोर मचाया। इसके बावजूद तेंदुआ नहीं भागा। गांव के लोगों की भीड़ जमा होने पर वह गन्ने के खेतों में गायब हो गया। वन विभाग के अधिकारियों की टीम ने मौका मुआयना कर क्षेत्र का दौरा किया। अभी निरीक्षण किया जा रहा है।
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ये अधिकारी पहुंचे - लखनऊ से प्रमुख वन संरक्षक व वन्य जीव विशेषज्ञ पवन कुमार, रुहेलखंड से मुख्य वन संरक्षक अरविंद कुमार, बरेली से वन संरक्षक पीपी सिंह, मुरादाबाद से वन संरक्षक आरपी सिंह, प्रभागीय वन निदेशक मुरादाबाद कन्हई सिंह पटेल, वन्य जीव विशेषज्ञ ज्ञानेंद्र सिंह और दिनेश कुमार शर्मा।
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यह की गई हैं व्यवस्था -
- वन विभाग व डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के विशेषज्ञों ने डेरा डाला।
- तेंदुए की गतिविधियों वाले गांवों के जंगलों में भ्रमण जारी।
- स्थिर पिंजरा लगाने के साथ ही एक मूवमेंट पिंजरा भी लगाया।
- दिनरात काम करने वाले 10 कैमरे भी लगाए गए।
- घायल बच्ची के उपचार को दी गई सहायता राशि।
यह भी जानें -
तेंदुआ न तो आदमी पर हमला करता है और न ही आदमी को खाता है। बैठे हुए आदमी-बच्चे, झुक कर काम करने रहे आदमी बच्चे या बाइक चला रहे व्यक्ति में इसको चौपाए जानवर का भ्रम हो जाता है। ऐसे में सावधान रहने की जरूरत है। जंगलों में बच्चों को अकेले न भेजे। खेतों पर काम करने कुछ समय अकेले न जाएं। - कन्हई सिंह पटेल, डीएफओ।