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लीड- चौथे दिन अर्द्धनग्न होकर बीएसए दफ्तर में धरने पर गरजे समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र
Updated Sat, 29 Jul 2017 11:55 PM IST
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चौथे दिन अर्द्धनग्न होकर बीएसए दफ्तर में धरने पर गरजे शिक्षामित्र
बहजोई। शिक्षामत्रों ने धरने के चौथे अर्द्धनग्न होकर हुंकार भरी। सरकार को उसका वायदा याद दिलाते हुए वक्ताओं ने अपने विचार रखे। इस बीच जिले भर के समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र बीएसए दफ्तर में धरनास्थल पर जुटे और राज्यमंत्री के प्रतिनिधि को ज्ञापन सौंपा।
शनिवार को सुबह दस बजे से उत्तर प्रदेश संयुक्त शिक्षक/संघ के बैनर तले जिले भर के समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र बीएसए दफ्तर में धरनास्थल पर जुटना शुरू हो गए। इसके बाद समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों ने अर्द्धनग्न होकर प्रदर्शन व नारेबाजी शुरू की। जिलाध्यक्ष श्रीराम सैनी ने अपने विचार रखते हुए कहा कि इस समय मुसीबत का समय है। समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र किसी भी राजनैतिक पार्टी से नहीं है। यह एक शिक्षा से संबंधित संगठन है। सरकार को भी चाहिए कि निष्पक्ष तरीके से समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों को न्याय दिलाते हुए ठोस समाधान निकाले। गिरीश यादव ने कहा कि आज समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र इस दौर से गुजर रहे हैं कि कोई भी अनुमान लगाना मुश्किल है। सरकार इस ओर गंभीरता से ध्यान दे। कोई भी सरकारी मुलाजिम सिर्फ सरकार का होता है। किसी भी राजनैतिक पार्टी से नहीं। प्रजा सदैव मौजूद राजा की होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए मौजूदा केंद्र व राज्य सरकार अपने प्रजा रूपी समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों को जल्द ही न्याय दिलाने के लिए कोई ठोस न्याय संगत निर्णय ले। जिला महामंत्री उमेश कुमार सौली, अशोक यादव, अंकित सक्सेना, रविंद्र खारी, धर्मपाल, नौरत्न, पुष्पेंद्र शर्मा, नरेश व हरीश ने विचार रखे। इस बीच राज्यमंत्री गुलाब देवी के प्रतिनिधि बनकर धरनास्थल पर पहुंचे पूर्व एमएलसी परमेश्वर लाल सैनी व राजेश शंकर राजू ने भी धरनास्थल पर पहुंचकर समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों का हौंसला बढ़ाया। समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों ने राज्यमंत्री के प्रतिनिधि को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांग मुख्यमंत्री तक भेजी। शफीक अहमद, हाजी मोहम्मद तल्हा, वचन सिंह, पदम सिंह, जकी उल्ला, रक्षपाल सिंह, धर्मवीर सिंह व संगीता समेत अन्य समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र मौजूद रहे।
पी-04,05 व 06
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बहजोई। शिक्षामत्रों ने धरने के चौथे अर्द्धनग्न होकर हुंकार भरी। सरकार को उसका वायदा याद दिलाते हुए वक्ताओं ने अपने विचार रखे। इस बीच जिले भर के समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र बीएसए दफ्तर में धरनास्थल पर जुटे और राज्यमंत्री के प्रतिनिधि को ज्ञापन सौंपा।
शनिवार को सुबह दस बजे से उत्तर प्रदेश संयुक्त शिक्षक/संघ के बैनर तले जिले भर के समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र बीएसए दफ्तर में धरनास्थल पर जुटना शुरू हो गए। इसके बाद समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों ने अर्द्धनग्न होकर प्रदर्शन व नारेबाजी शुरू की। जिलाध्यक्ष श्रीराम सैनी ने अपने विचार रखते हुए कहा कि इस समय मुसीबत का समय है। समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र किसी भी राजनैतिक पार्टी से नहीं है। यह एक शिक्षा से संबंधित संगठन है। सरकार को भी चाहिए कि निष्पक्ष तरीके से समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों को न्याय दिलाते हुए ठोस समाधान निकाले। गिरीश यादव ने कहा कि आज समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र इस दौर से गुजर रहे हैं कि कोई भी अनुमान लगाना मुश्किल है। सरकार इस ओर गंभीरता से ध्यान दे। कोई भी सरकारी मुलाजिम सिर्फ सरकार का होता है। किसी भी राजनैतिक पार्टी से नहीं। प्रजा सदैव मौजूद राजा की होती है। इसी को ध्यान में रखते हुए मौजूदा केंद्र व राज्य सरकार अपने प्रजा रूपी समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों को जल्द ही न्याय दिलाने के लिए कोई ठोस न्याय संगत निर्णय ले। जिला महामंत्री उमेश कुमार सौली, अशोक यादव, अंकित सक्सेना, रविंद्र खारी, धर्मपाल, नौरत्न, पुष्पेंद्र शर्मा, नरेश व हरीश ने विचार रखे। इस बीच राज्यमंत्री गुलाब देवी के प्रतिनिधि बनकर धरनास्थल पर पहुंचे पूर्व एमएलसी परमेश्वर लाल सैनी व राजेश शंकर राजू ने भी धरनास्थल पर पहुंचकर समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों का हौंसला बढ़ाया। समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्रों ने राज्यमंत्री के प्रतिनिधि को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांग मुख्यमंत्री तक भेजी। शफीक अहमद, हाजी मोहम्मद तल्हा, वचन सिंह, पदम सिंह, जकी उल्ला, रक्षपाल सिंह, धर्मवीर सिंह व संगीता समेत अन्य समायोजित शिक्षक/शिक्षामत्र मौजूद रहे।
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पी-04,05 व 06