Lockdown: मुजफ्फरनगर को मिली रियायत, कार्यालयों में पहुंचे कर्मचारी, फैक्टरियों ने नहीं उगला धुंआ
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मुजफ्फरनगर लॉकडाउन के दौरान सोमवार को सरकारी कार्यालयों में अधिकारी और कर्मचारी पहुंचे लेकिन फैक्टरियों का संचालन अभी शुरू नहीं हो सका है।
प्रशासन ने जिले में शर्तों के साथ कुछ छूट दी है। सवेरे छह से नौ बजे तक माहौल लॉक डाउन के अन्य दिनों की तरह दिखा। नगर की सब्जी मंडी, दालमंडी में भीड़भाड़ रही। जिला अस्पताल में बीते दिनों के मुकाबले ज्यादा भीड़ नजर आई।
ओपीडी बंद होने का बावजूद सामान्य रोगी लंबी लाइन लगाए काउंटर पर दवा लेने के लिए जुटे थे। सवेरे 11 बजे विकास भवन में डीआरडीए, विकास विभाग, समाज कल्याण विभाग सहित अन्य विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद मिले।
परियोजना निदेशक डीआरडीए जय सिंह यादव ने बताया कि रोस्टर के अनुसार कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। उपनिदेशक कृषि कार्यालय में 2-3 किसान सम्मान निधि से संबंधित समस्या को लेकर आए।
डीडी जसवीर तेवतिया ने बताया कि आधे कर्मचारी एक दिन आएंगे जबकि आधे दूसरे दिन। किसान सम्मान निधि से संबंधित समस्या के लिए फोन पर शिकायतें नोट कर समाधान किया जा रहा है।
अपने कार्यालय में डीआईओएस गजेंद्र कुमार कर्मचारियों के साथ मौजूद थे। एक कक्ष में एक कर्मचारी बैठा मिला। 10 बजे बैंक तो खुले लेकिन बीते दिनों के मुकाबले भीड़ कम दिखी।
नगर में स्टेशनरी, इलेक्ट्रॉनिक्स की दुकानें सवेरे छह से नौ बजे तक खुली। इक्का-दुक्का बाइक सर्विस की दुकानें भी खुली नजर आई। इसके साथ ही कृषि यंत्रों के सर्विस सेंटर, स्पेयर पार्ट्स, बीज एवं उर्वरक की दुकानें दिनभर खुलेंगी।
एडीएम प्रशासन अमित सिंह ने बताया कि फैक्ट्रियों के संचालन की अनुमति तो है लेकिन विस्तृत गाइडलाइन शाम तक जारी होगी।