दरोगा को गोली मारकर फरार होने के बाद 17 घंटे मुजफ्फरनगर में था कुख्यात, पुलिस को नहीं लगी भनक
बाइक लूट की यह वारदात थाना भोपा क्षेत्र के गांव महमूदपुर माजरा के जंगल में हुई। इस गांव का किसान उपेंद्र बुधवार तड़के करीब पांच बजे बाइक से जनता इंटर कॉलेज के पास स्थित खेत में पानी चलाने जा रहा था।
किसान उपेंद्र ने कस्टडी से फरार रोहित, निवासी जोहरा को पहचान लिया। इसके बाद एसएसपी अभिषेक यादव को दी, जिस पर क्राइम ब्रांच व फोर्स के साथ अफसर मौके पर पहुंचे और कई गांवों के जंगलों में लुटेरों की तलाश में कांबिंग की, लेकिन कोई हत्थे नहीं चढ़ा। इस घटना से साफ हो रहा है कि पुलिस हिरासत से भागने के बाद रोहित करीब 17 घंटे तक जिले में ही रहा।
दोपहर करीब दो बजे रोहित को उसके साथियों ने फायरिंग कर पुलिस हिरासत से छुड़ा लिया था। इस घटना में दरोगा दुर्ग विजय सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।
इस संबंध में इंस्पेक्टर एमएस गिल का कहना है कि किसान ने एक लुटेरे की पहचान रोहित के रूप में की है, रोहित की रिश्तेदारी भी क्षेत्र के एक गांव में बताई जा रही है, जिसके चलते वहां भी उसकी तलाश में सर्च अभियान चलाया जा रहा है।
फरार होने के बाद भी करीब 17 घंटे तक रोहित की सीमा में ही रहना और लूट की वारदात को अंजाम देने से कई सवाल खड़े हो रहे हैं। वह कोई बड़ी वारदात करने की तैयारी में तो नहीं, इसकी भी आशंका बनी हुई है। फिलहाल पुलिस उन लोगों की सुरक्षा को लेकर गंभीर है, जिनको उससे खतरा हो सकता है। पुलिस ने उन्हें सतर्क रहने और पुलिस से मदद लेने की बात भी कही है।
जिले से भागने के लिए तो नहीं लूटी बाइक
रोहित के साथ बाइक लूटने में उसके साथ तीन अन्य लोग भी थे। दोपहर हुई वारदात में वरना कार इस्तेमाल की गई थी। पुलिस ने उसकी चेकिंग भी शुरू करा दी थी। ऐसे में यह भी आशंका है कि उसने पुलिस की घेराबंदी को तोड़कर जिले से निकलने के लिए बाइक लूटी हो और उसी से फरार हो गया हो।
एस्कॉर्ट कर लाए जाएंगे पेशी पर बदमाश
शॉर्प शूटर रोहित की फरारी के बाद एसएसपी अभिषेक यादव ने निर्णय लेते हुए भविष्य में किसी भी बदमाश को जनपद में पेशी पर लाने व ले जाए जाने के दौरान जनपद की सीमा तक उन्हें सकुशल बाहर निकालने के लिए एस्कॉर्ट किया जाएगा।
एसएसपी ने अधीनस्थों से भविष्य में जनपद में पेशी पर बाहर जिलों से आने वाले बड़े अपराधियों की सूचना अपडेट रखने के लिए भी कहा। इसके साथ ही उन्होंने सभी बड़े मामलों की लिस्ट तैयार कर उनके गवाहों को भी पेशी पर आने-जाने के दौरान उनके घर से कचहरी परिसर तक सुरक्षा उपलब्ध कराए जाने के भी आदेश दिए हैं।
वहीं, कोर्ट में चल रहे बड़े मुकदमों की भी सूची तैयार कर उनमें पुलिस को प्रभावी पैरवी करने के लिए कहा गया है, ताकि इन वारदातों में संलिप्त अपराधियों को कड़ी सजा दिलाया जाना सुनिश्चित हो सके।