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कपसाड गांव में पंचायत का आयोजन-सांसद के नजदीकी पर रुपये नहीं देने का आरोप 20-11-14

Thu, 21 Mar 2019 02:03 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 21 Mar 2019 02:03 AM IST
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कपसाड गांव में पंचायत का आयोजन-सांसद के नजदीकी पर रुपये नहीं देने का आरोप 20-11-14
अमर उजाला ब्यूरो
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सरधना। कपसाड़ गांव में बुधवार को आयोजित पंचायत में ग्रामीण रामअवतार ने बताया कि उसकी पत्नी सीमा की नौकरी शिक्षा विभाग में खतौली के एक स्कूल में प्रधानाध्यापक की नौकरी लगवाने के नाम पर सांसद के नजदीकी दो लोगों पर 3 मार्च एवं 4 अप्रैल 2018 तक रुपये 18 लाख 25 रुपये लेने का आरोप लगाया। उन्होंने नौकरी लगने के बाद भी कुछ रुपये देने की बात कही। जिसमें कुल 24 लाख रुपये तय हुए। 9 अप्रैल 2018 का साक्षात्कार बताया एवं 15 अप्रैल 2018 तक नियुक्त पत्र देने की बात कही थी। हालांकि न तो नौकरी लगी और न ही रुपये लौटाए।

उन्होंने बताया कि इस बाबत सांसद से नवंबर 2018 में मुलाकात की। इस पर सांसद ने दोनों पक्षों की बात सुनी। इस दौरान ठाकुर चौबीसी के कई गांव के प्रधान भी मौजूद रहे। सांसद के हस्तक्षेप के बाद सात लाख 55 हजार रुपये आरोपी ने छह माह पूर्व लौटा दिये। अब शेष दस लाख 70 हजार रुपये नहीं दे रहे हैं। ग्रामीणों ने पंचायत कर सांसद पर दबाव बनाने की कोशिश की। यहां कहा कि सांसद रुपये नहीं दिलाते हैं तो चुनाव में विरोध किया जायेगा। पंचायत की अध्यक्षता पूर्व प्रधानाचार्य रेशपाल सिंह ने की। वहीं, संचालन पूर्व प्रधान ब्रजपाल सिंह ने किया। इस मौके पर जनता आदर्श इंटर कॉलेज कपसाड़ के प्रबंधक शिवकुमार, राजकुमार, अजब सिंह, राजवीर सिंह, ब्रजपाल सिंह, अशोक कुमार, किरणपाल, रमेशपाल, प्रेमपाल, सुधीर कुमार, पंकज सिंह, आदेश सोम, रामचरण मुखिया, नकली सिंह, श्याम सिंह, यशपाल सिंह आदि मौजूद रहे। वहीं, इस बाबत सांसद डॉ. संजीव बालियान ने बताया कि उन्हें मामले की ज्यादा जानकारी नहीं है। रामअवतार ने उनसे बूझकर नौकरी दिलाने के लिए न तो रुपये दिये और न ही आरोपियों से उनका कोई संबंध है। मामला उनके संज्ञान में आने पर उन्होंने रुपये वापस कराने का प्रयास किया है। यदि आरोपी रुपये नहीं लौटाते तो पीड़ित मुकदमा दर्ज कराने के लिए स्वतंत्र है।
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मुख्य बातें
शिक्षिका की नौकरी दिलाने के नाम पर सांसद के नजदीकियों पर रुपये ठगने का आरोप
सांसद ने आरोपियों से संबंध नहीं होने की बात कहकर पल्ला झाड़ा
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