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अपने बेटे को लाओ, नहीं तो सस्पेंड कर दूंगा

Sat, 09 Apr 2016 02:22 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ Updated Sat, 09 Apr 2016 02:22 AM IST
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cantt fireing case
फायरिंग के बाद मौके से मिली आरोपियों की कार। - फोटो : अमर उजाला
आर्मी पब्लिक स्कूल के सामने फायरिंग करने वाले सिपाही के बेटे और उसके दोस्तों की तलाश में शुक्रवार को सदर बाजार पुलिस ने दबिश दी, लेकिन उनका सुराग नहीं लगा। दोपहर को एसएसपी ने सिपाही को बुलाकर फटकार लगाते हुए कहा कि बेटे को ढूंढकर लाओ, नहीं तो सस्पेंड कर दूंगा। हैरानी की बात है कि सिपाही के बेटे ने फोन करके बताया कि गोली उसके दोस्त दीपक ने चलाई है। इसके बावजूद भी पुलिस उसको गिरफ्तार नहीं कर सकी। 
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सदर बाजार क्षेत्र के आर्मी पब्लिक स्कूल के सामने बृहस्पतिवार को आई-20 कार सवार युवक सेना की क्यूआरटी के सामने स्कूटर सवार युवक पर फायरिंग करके कार छोड़कर फरार हो गए थे। पुलिस की जांच में कार एलआईयू में तैनात सिपाही ब्रजपाल सिंह की निकली।
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पुलिस के अनुसार यह कार सिपाही का बेटा विक्रांत लेकर गया था, जिसमें उसके साथ तीन दोस्त भी मौजूद थे। शुक्रवार को पुलिस ने विक्रांत और उसके दोस्तों की तलाश में कई जगह दबिश दी, लेकिन उनका पता नहीं चला। 
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पुलिस ने दिया पूरा मौका
बृहस्पतिवार
रात तक पुलिस को ब्रजपाल और विक्रांत के बारे में पता चल चुका था। सदर बाजार पुलिस ब्रजपाल के पुलिस लाइन स्थित क्वार्टर पर पहुंची थी, लेकिन ब्रजपाल से शुक्रवार सुबह विक्रांत पुलिस को सौंपने की बात कह दी थी। पुलिस भी यह सुनकर लौट गई थी।

जबकि शुक्रवार विक्रांत थाने नहीं पहुंचा और फरार हो गया। पुलिस ने एक तरह से उसे फरार होने का पूरा मौका दिया। दोपहर तक आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर एसएसपी डीसी दूबे ने सिपाही ब्रजपाल को अपने आवास पर बुलाकर कहा कि बेटे को तलाश करके लाओ, नहीं तो सस्पेंशन के लिए तैयार रहो। 

फोन पर बात करता रहा विक्रांत
विक्रांत
लगातार अपने पिता ब्रजपाल से फोन पर बात करता रहा। विक्रांत ने बताया कि फायरिंग के दौरान कार में उसके दोस्त दीपक निवासी पठानपुरा, आशीष निवासी शोभापुर और मयंक निवासी लखवाया कंकरखेड़ा साथ में मौजूद थे। इसके बावजूद पुलिस उसकी लोकेशन नहीं निकाल सकी।

ब्रजपाल मूल रूप से गाजियाबाद निवासी है। ब्रजपाल को अंदेशा है कि उसका बेटा गाजियाबाद अपने गांव गया होगा। जिसके बाद वह बेटे की तलाश में  गाजियाबाद निकल गया।


कोट
फायर सिपाही के बेटे विक्रांत के दोस्त दीपक ने किया था। चारों दोस्त शराब के नशे थे। किसी को गोली मारने की नीयत से फायर नहीं किया। स्कूटर वाला कौन शख्स था, इसकी जानकारी की जा रही है।- डीसी दूबे, एसएसपी
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चारों युवक आवारा किस्म के हैं। जिनकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। -गजेंद्र पाल सिंह, इंस्पेक्टर सदर
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