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ग्रेडेड लर्निंग कार्यक्रम से बढ़ेगी छात्रों में सीखने की क्षमता
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मधुबन। नगर पंचायत के ब्लाक संसाधन केंद्र पर बुद्धवार को खंड शिक्षा अधिकारी पंकज कुमार सिंह की अध्यक्षता में पांच दिवसीय ग्रेडेड लर्निंग कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इस मौके पर खंड शिक्षा अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने कहा कि कक्षा एक से पांच तक के परिषदीय बच्चों में सीखने की क्षमता व समझ को बढ़ाने के लिए परिषदीय विद्यालयों में ग्रेडेड लर्निंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया है।
उन्होंने कहा कि कक्षा 1 से 2 तक के बच्चों की शैक्षिक संप्राप्ति कम होती है। इस कारण छात्र-छात्राएं कक्षा के अनुरूप दक्षता सीख नहीं पाते हैं तथा वे पिछड़ जाते हैं जिससे उनका शैक्षिक विकास अवरुद्ध हो जाता है। बच्चों की इसी सीखने की क्षमता को बढ़ाने के लिए प्राथमिक विद्यालयों में ग्रेडेड लर्निंग कार्यक्रम की शुरुआत की जा रही है। यह कार्यक्रम दो लक्ष्य समूहों में चलाया जाएगा। एक समूह कक्षा 1 व 2 के छात्र-छात्राओं का होगा, जिसमें बच्चों को पठान कौशल में सरल वाक्यों को पढ़ना और समझना व गणना में 1 से 20 तक के अंकों की पहचान करना दिखाया जाएगा। इसी तरह दूसरा समूह में कक्षा 3, 4 व 5 के छात्र-छात्राओं को होगा। इसमें पठन और लेखन कौशल में बच्चों को सरल अनुच्छेद पढ़ना और समझना, विचारों की मौखिक व लिखित अभिव्यक्ति का पाना होगा। इस कार्य योजना में विशेष रूप से ब्लाक संदर्भदाता शंशाक शेखर पांडेय, जमील अहमद, संजीव सिंह तथा सूर्य कांत तिवारी द्वारा विकसित शिक्षण सामग्री तथा वर्कशीट्स, टेस्टिंग टूल्स और चार्ट-पोस्टर टीएलएम का प्रयोग कर शिक्षा की गुणवत्ता वृद्धि हेतु सुझाव दिया गया। इस मौके पर जिला संदर्भदाता चंद्रपीड मिश्र व शैलेश पांडेय सहित राधेश्याम पांडेय, कन्हैया यादव, अमित सिंह आदि शिक्षक उपस्थित रहे।
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उन्होंने कहा कि कक्षा 1 से 2 तक के बच्चों की शैक्षिक संप्राप्ति कम होती है। इस कारण छात्र-छात्राएं कक्षा के अनुरूप दक्षता सीख नहीं पाते हैं तथा वे पिछड़ जाते हैं जिससे उनका शैक्षिक विकास अवरुद्ध हो जाता है। बच्चों की इसी सीखने की क्षमता को बढ़ाने के लिए प्राथमिक विद्यालयों में ग्रेडेड लर्निंग कार्यक्रम की शुरुआत की जा रही है। यह कार्यक्रम दो लक्ष्य समूहों में चलाया जाएगा। एक समूह कक्षा 1 व 2 के छात्र-छात्राओं का होगा, जिसमें बच्चों को पठान कौशल में सरल वाक्यों को पढ़ना और समझना व गणना में 1 से 20 तक के अंकों की पहचान करना दिखाया जाएगा। इसी तरह दूसरा समूह में कक्षा 3, 4 व 5 के छात्र-छात्राओं को होगा। इसमें पठन और लेखन कौशल में बच्चों को सरल अनुच्छेद पढ़ना और समझना, विचारों की मौखिक व लिखित अभिव्यक्ति का पाना होगा। इस कार्य योजना में विशेष रूप से ब्लाक संदर्भदाता शंशाक शेखर पांडेय, जमील अहमद, संजीव सिंह तथा सूर्य कांत तिवारी द्वारा विकसित शिक्षण सामग्री तथा वर्कशीट्स, टेस्टिंग टूल्स और चार्ट-पोस्टर टीएलएम का प्रयोग कर शिक्षा की गुणवत्ता वृद्धि हेतु सुझाव दिया गया। इस मौके पर जिला संदर्भदाता चंद्रपीड मिश्र व शैलेश पांडेय सहित राधेश्याम पांडेय, कन्हैया यादव, अमित सिंह आदि शिक्षक उपस्थित रहे।
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