ऑक्सीजन प्लांटों पर ताला: जिला और महिला अस्पताल की फ्लोटिंग सप्लाई बंद, मरीजों की सांसों पर आ सकता है संकट
मैनपुरी में ऑक्सीजन की आपूर्ति के लिए लगाए गए ऑक्सीजन प्लांट ऑपरेटर्स की संविदा समाप्त होने के बाद बंद हो गए हैं। इससे अस्पताल की फ्लोटिंग ऑक्सीजन आपूर्ति भी बंद हो गई है। कोरोना संक्रमण ने भी जिले में दस्तक दे दी है। ऐसे में परेशानी बढ़ सकती है।
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उत्तर प्रदेश के मैनपुरी में कोरोना काल में ऑक्सीजन की आपूर्ति के लिए ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए थे। लेकिन, ऑपरेटर्स की संविदा समाप्त होने के बाद ऑक्सीजन प्लांट भी बंद हो गए हैं। इससे अस्पताल की फ्लोटिंग ऑक्सीजन आपूर्ति बंद हो गई है। कोरोना संक्रमण ने भी जिले में दस्तक दे दी है, ऐसे में परेशानी बढ़ सकती है।
वर्ष 2021 में कोरोना महामारी में आई ऑक्सीजन की कमी को दूर करने के लिए जिले में चार ऑक्सीजन प्लांट स्थापित किए गए थे। जिला अस्पताल प्रांगण में तीन ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए थे। इनमें से एक जिला अस्पताल, दूसरा महिला अस्पताल और तीसरा कोविड-लेवल टू अस्पताल में सप्लाई दे रहा है। जबकि चौथा सीएचसी भोगांव पर कोविड लेवल एक की सप्लाई के लिए स्थापित है।
बंद कर दी गई फ्लोटिंग सप्लाई
इन प्लांटों के संचालन के लिए संविदा पर ऑपरेटरों की तैनाती की गई थी। 31 मार्च को संविदा ऑपरेटरों की संविदा का समय पूरा हो चुका है। इसके बाद उन्हें काम न करने के निर्देश दिए गए हैं। बुधवार को महाराजा तेज सिंह जिला अस्पताल और महिला अस्पताल की फ्लोटिंग सप्लाई बंद कर दी गई।
कर्मचारियों का कहना है कि 31 मार्च को उनकी संविदा समाप्त हो चुकी है। ऐसे में बिना किसी आदेश के वे लोग कैसे काम कर सकते हैं। पांच दिन बीत गए हैं उनके नवीनीकरण पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। प्लांट बंद होने से जिला अस्पताल और जिला महिला अस्पताल में ऑक्सीजन की फ्लोटिंग आपूर्ति बंद कर दी गई।
जिला अस्पताल में केवल छह सिलिंडर उपलब्ध
जिला अस्पताल की फ्लोटिंग ऑक्सीजन आपूर्ति बंद किए जाने के बाद अस्पताल में मात्र छह सिलिंडर ऑक्सीजन ही उपलब्ध थी। यदि ऑक्सीजन प्लांट अगले दो दिन तक और बंद रहता है तो यहां ऑक्सीजन की समस्या पैदा हो सकती है। कोविड लेवल टू और कोविड लेवल एक से संबंधित ऑक्सीजन प्लांट की सप्लाई फिलहाल कर्मचारियों ने बंद नहीं की है। लेकिन कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि बृहस्पतिवार तक यदि कोई आश्वासन नहीं मिला तो ये दोनों प्लांट भी बंद कर दिए जाएंगे।
सीएमओ डॉ. पीपी सिंह ने कहा कि जिले में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है। कर्मचारियों की संविदा को लेकर उच्चाधिकारियों से बात चल रही है। उम्मीद है कि शीघ्र ही नवीनीकरण का आदेश प्राप्त होगा। फिलहाल जिले में ऑक्सीजन की कोई किल्लत नहीं है। पर्याप्त ऑक्सीजन सिलिंडर और कंसंट्रेटर उपलब्ध हैं।