फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mainpuri News ›   Locks on clinics and nursing homes, wandering patient

क्लीनिक और नर्सिंग होम पर ताले, भटके मरीज

Thu, 09 Nov 2023 07:05 PM IST
Anonymous User ब्यूरो, अमर उजाला मैनपुरी
ब्यूरो, अमर उजाला मैनपुरी Published by: Anonymous User Updated Thu, 09 Nov 2023 07:05 PM IST
विज्ञापन
Locks on clinics and nursing homes, wandering patient
मैनपुरी। मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट एवं अन्य मांगों को लेकर आईएमए की हड़ताल में जिले के चिकित्सक भी शामिल रहे। आईएमए के चिकित्सकों ने अपने नर्सिंगहोम और क्लीनिक बंद रखे और कलक्ट्रेट पहुंचकर सीएम को संबोधित मांग पत्र डीएम को सौंपा। चिकित्सकों की हड़ताल से रोगियों को परेशानी उठानी पड़ी। जिसके चलते जिला अस्पताल और आयुष चिकित्सकों के यहां भीड़ देखी गई।
विज्ञापन

शुक्रवार को जिले में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने हड़ताल रखी। गुरुवार रात 12 बजे से ही क्लीनिक और नर्सिंगहोम पर हड़ताल की सूचना चस्पा कर दी गई। शुक्रवार पूर्वाह्न 11 बजे एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर डीएम को हड़ताल की जानकारी दी। मुख्यमंत्री को संबोधित मांग पत्र डीएम को सौंपा। एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष डाक्टर आरएस यादव ने कहा कि मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट का कड़ाई से पालन कराया जाए। जिससे चिकित्सक अपने आपको सुरक्षित महसूस कर सकें। सचिव डाक्टर प्रमोद कुमार गुप्ता ने कहा कि चिकित्सकों का उत्पीड़न रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं। डाक्टर पीके पाठक ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में चिकित्सकों के ऊपर हमलों की घटनाएं बढ़ी हैं। रात के समय गंभीर रोगियों को भर्ती करने में अब चिकित्सक अपने आपको असुरक्षित महसूस करते हैं। एक्ट का कड़ाई से पालन होने से चिकित्सकों और रोगियों दोनों को राहत मिलेगी। बाद में मुख्यमंत्री को संबोधित मांग पत्र डीएम चंद्रपाल सिंह को सौंपा। वहीं चिकित्सकों की हड़ताल से रोगी भटकते रहे। सुबह से ही अस्पताल में जहां 842 रोगियों को प्राथमिक उपचार दिया गया वहीं दोपहर एक बजे तक विभिन्न बीमारियों से पीड़ित गंभीर हालत में 48 रोगी आपातकालीन कक्ष में भर्ती कराए गए। आयुष चिकित्सकों की क्लीनिकों पर भी रोगियों की भीड़ लगी रही।
विज्ञापन


मेडिकल स्टोर भी किए बंद
कुछ नर्सिंगहोम के समीप स्थित मेडिकल स्टोर संचालक भी चिकित्सकों की हड़ताल के चलते अपने मेडिकल स्टोर बंद कर गए। उनका कहना था कि उनके पास चिकित्सक के ही पर्चे आते हैं। ऐसे में मेडिकल खोलने से भी क्या फायदा।
विज्ञापन
विज्ञापन



हड़ताल की जानकारी न होने से परेशानी
नवीगंज से शुक्रवार को राजेश कुमार अपनी पत्नी को दवा दिलाने मैनपुरी एक प्राइवेट चिकित्सक के यहां आए थे। पत्नी के हाथ में प्लास्टर चढ़ा था। हड़ताल होने पर मजबूरन जिला अस्पताल पहुंचकर चिकित्सक से दर्द की दवा ली। अकेले राजेश ही नहीं कई रोगी हड़ताल के चलते अस्पताल में दवा के लिए पहुंचे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed