फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mahoba News ›   झांसी जेल से स्थानांतरित होकर बंदी की जेल में पिटाई

झांसी जेल से स्थानांतरित होकर बंदी की जेल में पिटाई

Tue, 08 Jan 2019 10:50 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 08 Jan 2019 10:50 PM IST
विज्ञापन
झांसी जेल से स्थानांतरित होकर बंदी की जेल में पिटाई

विज्ञापन
महोबा। झांसी जेल से प्रशासनिक आधार पर स्थानांतरित होकर उपकारागार महोबा भेजे गए एक बंदी की जेल के लंबरदारों ने पिटाई कर दी। पिटाई मामले से अन्य बंदी दहशत में है। वहीं परिजनों में बेचैनी बढ़ गई हैं। इसका खुलासा पेशी पर आए अन्य बंदी साथियों ने परिजनों से किया।
झांसी निवासी पवन यादव पुत्र जयसिंह यादव धोखाधड़ी करने के मामले में झांसी जेल में बंद था। जहां से उपकारागार महोबा के लिए स्थानांतरित किया गया। जहां पर लंबरदारों द्वारा बंदियों से की जाने वाली वसूली का पवन यादव द्वारा विरोध करने पर उसकी जेल के अंदर जमकर पिटाई कर दी। बंदी का जेल अस्पताल में उपचार भी चल रहा है। मंगलवार को पेशी पर आए बंदियों ने साथी बंदी पवन के साथ की गई मारपीट के बाबत उनके परिजनों को जानकारी दी।
विज्ञापन

बंदियों ने बताया कि पवन यादव की महोबा जेल में बंद कैदियों और लंबरदारों द्वारा लातघूसों से जमकर पिटाई की गई और जेल के सिपाही मूकदर्शक बने रहे। इससे पुलिस भी संदेह के घेरे में आ गई है। उधर डिप्टी जेलर बीएन मिश्रा का कहना है कि पवन यादव को बैरक में रखा गया है। जिस बैरक में रख गया है। उस बैरक से वह आए दिन दूसरी बैरकों में चला जाता है। लंबरदारों और पुलिसकर्मियों द्वारा मना करने के बाद भी वह नहीं माना। उल्टा लंबरदारों से गाली-गालौज करने लगा, जिससे बंदी का लंबरदारों से विवाद हो गया। डिप्टी जेलर ने मारपीट की घटना को निराधार बताया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

झांसी जेल से स्थानांतरित होकर बंदी की जेल में पिटाई
-लंबरदारों ने पुलिस के सामने बंदी को धुना
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed