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सड़कों पर छुट्टा पशुओं का डेरा
महराजगंज (ब्यूरो)
Updated Tue, 23 Oct 2018 12:14 AM IST
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सड़कों पर छुट्टा पशुओं का डेरा
- फोटो : अमर उजाला
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महराजगंज। नगर और आसपास के कस्बों में छुट्टा पशुओं की संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। ऐसे में लोगों को शहर की सड़कों पर घूमने वाले छुट्टा पशुओं से परेशानी बढ़ने लगी है। नगर के सक्सेना चौराहे से गोरखपुर मार्ग पर हनुमान गढ़ी व बैकुंठपुर पावर हाउस तक इनकी संख्या अधिक रहती है। छुट्टा पशु कई लोगों को घायल भी कर चुके हैं। कई बार तो वाहनों का हार्न बजाए जाने के बाद भी सड़कों पर बीच में ही पशु बैठे रहत हैं।
नगर पालिका की ओर से भी इन छुट्टा पशुओं को पकड़ने के लिए अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके चलते लोग छुट्टा पशुओं से किसी तरह बचकर आवागमन करने को विवश हैं। नगर के सक्सेना चौराहा, बस स्टेशन, मउपाकड़, हनुमान गढ़ी, बैकुंठपुर पावर हाउस के अलावा कलेक्ट्रेट परिसर में भी इन छुट्टा पशुओं का आतंक देखा जा सकता है। जिससे लोग परेशान है। राजीव नगर निवासी आत्माराम गुप्त कहते हैं कि शिकायत के बाद भी नगर पालिका प्रशासन का ध्यान इस तरफ नहीं जा रहा है। उनका कहना था कि बीते माह में विकास भवन में पौधरोपण हुआ था। छुट्टा पशुओं के कारण कुछ पौधे खत्म हो गए। कुछ पौधे इसलिए बचे हैं, क्योंकि परियोजना निदेशक कार्यालय के सामने लगे हैं और लोग िनगरानी करते रहते हैं। जब छुट्टा पशु किसी दुकान में सामान को नुकसान पहुंचाते हैं तो दुकानदार इन पशुओं को दौड़ा लेते हैं। ऐसे में कभी कभी सड़क पर दुर्घटना जैसी स्थिति पैदा हो जाती है।
ग्रामीण इलाके में भी छुट्टा पशुओं के आतंक से किसानों को परेशानी हो रही है। किसानों ने कई बार अपनी फसलों की सुरक्षा के लिए डीएम को शिकायती पत्र सौंपकर समस्या के निराकरण की मांग की लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी वीरेंद्र कुमार राव ने कहा कि छुट्टा पशुओं से होने वाली दिक्कतों को दूर करने के लिए योजना बनाई जाएगी। जल्द ही नगरवासियों की समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
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नगर पालिका की ओर से भी इन छुट्टा पशुओं को पकड़ने के लिए अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके चलते लोग छुट्टा पशुओं से किसी तरह बचकर आवागमन करने को विवश हैं। नगर के सक्सेना चौराहा, बस स्टेशन, मउपाकड़, हनुमान गढ़ी, बैकुंठपुर पावर हाउस के अलावा कलेक्ट्रेट परिसर में भी इन छुट्टा पशुओं का आतंक देखा जा सकता है। जिससे लोग परेशान है। राजीव नगर निवासी आत्माराम गुप्त कहते हैं कि शिकायत के बाद भी नगर पालिका प्रशासन का ध्यान इस तरफ नहीं जा रहा है। उनका कहना था कि बीते माह में विकास भवन में पौधरोपण हुआ था। छुट्टा पशुओं के कारण कुछ पौधे खत्म हो गए। कुछ पौधे इसलिए बचे हैं, क्योंकि परियोजना निदेशक कार्यालय के सामने लगे हैं और लोग िनगरानी करते रहते हैं। जब छुट्टा पशु किसी दुकान में सामान को नुकसान पहुंचाते हैं तो दुकानदार इन पशुओं को दौड़ा लेते हैं। ऐसे में कभी कभी सड़क पर दुर्घटना जैसी स्थिति पैदा हो जाती है।
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ग्रामीण इलाके में भी छुट्टा पशुओं के आतंक से किसानों को परेशानी हो रही है। किसानों ने कई बार अपनी फसलों की सुरक्षा के लिए डीएम को शिकायती पत्र सौंपकर समस्या के निराकरण की मांग की लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई। नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी वीरेंद्र कुमार राव ने कहा कि छुट्टा पशुओं से होने वाली दिक्कतों को दूर करने के लिए योजना बनाई जाएगी। जल्द ही नगरवासियों की समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
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