फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   The story of an incomplete bridge: For 13 years, three pillars are waiting for the roof

एक अधूरे पुल की कहानी : 13 साल से तीन पिलर कर रहे छत का इंतजार

Mon, 12 Sep 2022 11:57 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 12 Sep 2022 11:57 PM IST
विज्ञापन
The story of an incomplete bridge: For 13 years, three pillars are waiting for the roof
सुभाष नगर मुहल्ले में अधूरा पड़ा पुल। - फोटो : MAHARAJGANJ
एक अधूरे पुल की कहानी : 13 साल से तीन पिलर कर रहे छत का इंतजार
विज्ञापन

शहर के सुभाष नगर और पड़री मोहल्लों को जोड़ने के लिए बलिया नाले पर वर्ष 2009 से बन रहा पुल
99 लाख खर्च करके तीन खंभों का निर्माण करा दिया गया, पर छत नहीं बनी
शासन को फिर भेजी गई है साढ़े चार करोड़ रुपये के संशोधित बजट की फाइल
संजय कुमार पांडेय
महराजगंज। शहर के सुभाष नगर और पड़री मोहल्लों को जोड़ने के लिए बलिया नाले पर एक पुल पिछले 13 वर्षों से बन रहा है। करीब 99 लाख रुपये लगाकर नाले में तीन पिलर तो बना दिए गए हैं, लेकिन उस पर छत नहीं डाली गई। लोक निर्माण विभाग ने अब संशोधित बजट बनाकर प्रस्ताव शासन को भेजा है। दावा कर रहा है कि बजट मिलते ही काम शुरू कर दिया जाएगा।
सुभाष नगर मोहल्ले के पास बलिया नाले पर पुल बनाने की स्वीकृति वर्ष 2009 में बसपा सरकार में मिली थी। उस वक्त ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को पुल बनाने की जिम्मेदारी दी गई थी, लेकिन बाद में पुल बनाने की जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग को सौंप दी गई। लोक निर्माण विभाग ने 99 लाख रुपये खर्च करके पुल के तीन खंभों का निर्माण करा दिया। बताया जा रहा है कि इसके बाद प्रोजेक्ट में कुछ परिवर्तन कर दिया गया, जिससे इसकी लागत बढ़ गई। इसके बाद बजट को फिर संशोधित किया गया। फिर क्या था, फाइल इधर से उधर घूम रही है और पुल के पिलर छत बनने का इंतजार करते रहे। एक बार फिर साढ़े चार करोड़ रुपये के संशोधित बजट के साथ फाइल शासन को भेजी गई है। संवाद
विज्ञापन

--
चुनाव बाद भूल जाते हैं नेता
पड़री एवं सुभाष नगर मोहल्ले को जोड़ने वाला बलिया नाला पुल हर चुनाव में मुद्दा बनता है। नेता इसे बनवाने का वादा करते हैं, लेकिन जीतने या हारने के बाद पुल की याद किसी को नहीं आती है। गौर करने की बात यह है कि पुल सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया के मोहल्ले के करीब है। मोहल्ले के लोगों ने कई बार पुल बनाने के लिए आवाज बुलंद की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
विज्ञापन
विज्ञापन

---
बीस हजार आबादी को फायदा
बलिया नाले पर बनने वाला पुल यदि तैयार हो जाए तो करीब 20 हजार की आबादी को आवागमन में सुविधा हो जाएगी। दोनों तरफ के मोहल्लों के लोगों की आने-जाने में चार से पांच किलोमीटर की दूरी कम हो जाएगी। यह पुल बाईपास का भी काम करेगा। इससे शहर में लगने वाला ट्रैफिक जाम कम हो जाएगा।
-----------------
संशोधित बजट साढ़े चार करोड़ रुपये का बनाकर शासन को भेजा गया है। इसमें 99 लाख रुपये घटकर बजट मिलेगा, क्योंकि इतनी रकम खर्च हो चुकी है। रकम मिलने के बाद पुल और एप्रोच बनाया जाएगा।
- सचिन कुमार, अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग
----------
पुल की छत लगवाने के लिए प्रस्ताव बनाकर शासन में भेजा गया है। मंजूरी मिलते ही छत लगवाने की प्रक्रिया शुरू कराई जाएगी। विधानसभा क्षेत्र में बुनियादी जरूरतों को बेहतर बनाने का प्रयास जारी है।
- जयमंगल कन्नौजिया, विधायक, सदर विधानसभा
---
पुल बनवाने के लिए कारगर पहल करने की जरूरत है। पुल बन जाए तो करीब पांच मोहल्ले के लोगों के लिए काफी सहूलियत हो जाएगी। अधूरा पुल विकास की अधूरी कहानी को बयां कर रहा है।
- दिलीप कुमार शुक्ला, सुभाष नगर
-------------
पुल का बनना तो सपना बनकर रह गया है। नेताओं को वोट लेने के दौरान पुल बनवाने की याद आती है। चुनाव गुजरने के बाद वादे को भूल जाते हैं। पुल बनने से शहर में जाम की समस्या का समाधान हो जाता, लेकिन पता नहीं पुल कब बनेगा।
- बेचन प्रसाद, सुभाष नगर
------------
जनता की समस्या से किसी को कोई मतलब नहीं है। ऐसा ही हाल रहा तो पुल का खंभा कुछ दिन बाद गिर जाएगा। छत लगनी बाकी है, लेकिन अधिकारी और नेता ध्यान नहीं दे रहे हैं। 13 साल गुजर गए, अब तक छत लगवाने के लिए रकम नहीं मिल सकी।

- अजय कुमार, सुभाष नगर
------------
पुल बन जाता तो दो मोहल्ले आपस में जुड़ जाते। अधिकारियों से शिकायत करने के बाद भी समस्या दूर नहीं हुई। जिले में विकास को गति देने के दावे सत्ताधारी दल के नेता करते हैं, लेकिन शहर की प्रमुख समस्या दूर नहीं हो सकी।
- काशीनाथ, सुभाष नगर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed