नारेबाजी पर विवाद, 10 लोग जख्मी
आरोप है
कि खैरहवां जंगल गांव में
नवनिर्वाचित ग्राम प्रधान
पुजारी यादव का जुलूस रविवार
शाम हारे प्रधान विभूति यादव
के घर के सामने से गुजरा। कुछ
समर्थक वहीं रुक कर नारेबाजी
करने लगे जो दूसरे पक्ष को
नागवार गुजरा।
विभूती पक्ष
के लोगों से कहासुनी शुरू हो
गई। बात बढ़ने पर पुजारी पक्ष
के मंजेश, भोथई और
रंजेश की जमकर पिटाई कर दी गई।
गांव के अन्य लोगों के बीच
बचाव के बाद किसी तरह मामला
शांत हुआ। सोमवार सुबह विभूति
के पट्टीदार झिनकू यादव जा
रहे थे। आरोप है की पुजारी
पक्ष के लोगों ने उन्हें पीट
दिया।
पिटाई की जानकारी होने पर मौके पर पहुंचे झीनकू यादव के घर वालों और पुजारी के समर्थकों में जमकर लाठी डंडा चले। जिससे गांव में अफरा तफरी का माहौल हो गया। शोरशराबा होने से बच्चे भी दहशत में आ गए। मारपीट में विभूति के पक्ष के सुभाष यादव, झिनकू यादव, मिनकू यादव, दीपलाल यादव तथा पुजारी पक्ष के धीरेंद्र कुशवाहा, रामअवध कुशवाहा, अमरसेन घायल हो गए। सभी घायलों को नजदीक के अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना को लेकर गांव में तनाव हो गया।
सूचना पर बरगदवा, परसामलिक, ठूठीबारी कोतवाली पुलिस तथा नौतनवां सीओ पंकज सिंह मौके पर पहुंच गए। घटना के संबंध में दोनों पक्षों ने तहरीर दी है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
पंचायत चुनाव में पूरा गांव दो खेमे में बंट गया था। चुनाव शांतिपूर्ण निपटने के बाद यह अंदेशा नहीं था कि आपस में लोग विवाद करेंगे। रविवार और सोमवार हुई घटना के बाद दोनों पक्ष के लोगों में नाराजगी है। पुलिस अफसरों ने गांव में शांति बनाए रखने के लिए कई थानों की फोर्स लगा दी है।