फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   In the two years only roads became bad

दो साल में ही सड़कें हो गईं खस्ताहाल

Mon, 19 Feb 2018 12:40 AM IST
महराजगंज (ब्यूरो)
महराजगंज (ब्यूरो) Updated Mon, 19 Feb 2018 12:40 AM IST
विज्ञापन
In the two years only roads became bad
दो साल में ही सड़कें हो गईं खस्ताहाल - फोटो : अमर उजाला
महराजगंज। जिले में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनी सड़कें भी बदहाल हो गई हैं। यह स्थिति तब है जबकि इस योजना के तहत बनीं 17 सड़कें दो साल पहले बनी हैं और अभी अनुरक्षण की अवधि में हैं। अनुरक्षण की राशि ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के पास उपलब्ध होने के बाद भी खस्ताहाल सड़कों की मरम्मत का काम नहीं हो रहा है। इसके चलते संबंधित मार्गों से आने जाने वालों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन


 गांवों को मुख्य मार्गों से जोड़ने के लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत जिले में कई सड़कें करोड़ों रुपये खर्च कर बनाई गई थीं। इसमें से 17 सड़कें इस योजना के तहत दो साल पहले बनाई गई हैं।  इसके बावजूद इस योजना के तहत बनीं सड़कें खस्ताहाल हो गई हैं। सड़कों की ज्यादा खराब स्थिति बीते साल अगस्त माह में आई बाढ़ के चलते हुई है। बाढ़ के दौरान सड़कों पर पानी भर गया था। जिससे गिट्टियां उखड़ गईं और कई जगह छोटे - बड़े गड्ढे हो गए। महत्वपूर्ण बात यह है कि इस योजना के तहत बनीं सड़कों की मरम्मत की जिम्मेदारी पांच साल तक कार्यदायी संस्था को निभानी पड़ती है जबकि कार्यदायी संस्था की हालत यह है कि क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत के प्रति गंभीर ही नहीं है। क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत के संबंध में ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अधिशासी अभियंता आरएन सोनकर का कहना है कि होली के बाद सड़कों की मरम्मत का काम शुरू कर दिया जाएगा। मरम्मत कार्य के प्रति विभाग गंभीर है।   
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed