{"_id":"5c798639bdec220a742dbf7d","slug":"impact-of-the-ups-and-downs-in-weather","type":"story","status":"publish","title_hn":"मौसम में उतार-चढ़ाव का स्वास्थ्य पर पड़ रहा असर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मौसम में उतार-चढ़ाव का स्वास्थ्य पर पड़ रहा असर
Sat, 02 Mar 2019 12:51 AM IST
राकेश पांडेय
महराजगंज (ब्यूरो)
महराजगंज (ब्यूरो)
Published by: राकेश पांडेय
Updated Sat, 02 Mar 2019 12:51 AM IST
विज्ञापन
मौसम में उतार-चढ़ाव का स्वास्थ्य पर पड़ रहा असर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
महराजगंज। मौसम में आए दिन हो रहे उतार चढ़ाव का असर लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ने लगा है। सर्दी, खांसी, बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ने से लोग परेशान हैं। चिकित्सक इस मौसम में पंखे की हवा से बचने का सुझाव दे रहे हैं।
तापमान में आए दिन उतार चढ़ाव हो रहा है। तापमान कभी बढ़ जाता है तो कभी एकदम से कम हो जाता है। मौसम में हर रोज हो रहे बदलाव का असर लोगों को स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। तमाम लोग सर्दी-जुकाम, बुखार व खांसी की चपेट में आ जा रहे हैं। बच्चे निमोनिया की चपेट में आ जा रहे हैं। यही कारण है कि जिले के सरकारी व निजी अस्पतालों में भी मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। जिला अस्पताल की ओपीडी का प्रतिदिन का आंकड़ा ही 900 से अधिक का चल रहा है। जिला अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ने से तमाम लोगों को समय से इलाज नहीं मिल पा रहा है। इसके चलते लोगों निजी अस्पतालों की ओर रुख करने के लिए विवश होना पड़ रहा है। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. आरबी राम ने बताया कि मरीजों का बेहतर ढंग से इलाज किया जा रहा है। ओपीडी एवं आपातकालीन सेवा में चिकित्सकों की टीम लगी है। एक सप्ताह के आंकड़ों पर गौर करें तो इन दिनों सर्दी, खांसी, जुकाम व बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है। बीते 21 फरवरी को 850, 22 को 890, 23 को 898 मरीज, 25 को 905, 26 को 910 मरीज और 27 फरवरी को 920 और 28 फरवरी को 925 मरीज जिला अस्पताल की ओपीडी में इलाज कराने आए। मौसम वैज्ञानिक कैलाश पांडेय ने बताया कि 21 फरवरी को अधिकतम तापमान 25 व न्यूनतम 13 डिग्री सेल्सियस था। इसी तरह 22 फरवरी को अधिकतम 26 व न्यनूतम 15, 23 को अधिकतम 27 व न्यूनतम 15, 24 को अधिकतम 28 व न्यूनतम 14, 25 को अधिकतम 26 व न्यूनतम 12, 26 को अधिकतम 27 व न्यूनतम 11, 27 को अधिकतम 22 व न्यूनतम 9 तथा 28 फरवरी को अधिकतम 22 और न्यूनतम 12 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। इस तरह हर रोज तापमान में उतार चढ़ाव हो रहा है। मौसम में उतार चढ़ाव के कारण सुबह और शाम तो हल्की सर्दी रहती है, जबकि रात में ठंड ज्यादा हो जाती है। दोपहर में तेज धूप रहने से गर्मी पड़ती है। ऐसे मौसम में तमाम लोग संक्रामक रोगों की चपेट में आ जा रहे हैं। जिला अस्पताल में तैनात डॉ. एएम भास्कर का कहना है कि इस तरह के मौसम में गले व फेफड़ों पर सीधा असर पड़ता है। इससे संक्रमण रोगों का खतरा बढ़ जाता है।
विज्ञापन
तापमान में आए दिन उतार चढ़ाव हो रहा है। तापमान कभी बढ़ जाता है तो कभी एकदम से कम हो जाता है। मौसम में हर रोज हो रहे बदलाव का असर लोगों को स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। तमाम लोग सर्दी-जुकाम, बुखार व खांसी की चपेट में आ जा रहे हैं। बच्चे निमोनिया की चपेट में आ जा रहे हैं। यही कारण है कि जिले के सरकारी व निजी अस्पतालों में भी मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। जिला अस्पताल की ओपीडी का प्रतिदिन का आंकड़ा ही 900 से अधिक का चल रहा है। जिला अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ने से तमाम लोगों को समय से इलाज नहीं मिल पा रहा है। इसके चलते लोगों निजी अस्पतालों की ओर रुख करने के लिए विवश होना पड़ रहा है। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. आरबी राम ने बताया कि मरीजों का बेहतर ढंग से इलाज किया जा रहा है। ओपीडी एवं आपातकालीन सेवा में चिकित्सकों की टीम लगी है। एक सप्ताह के आंकड़ों पर गौर करें तो इन दिनों सर्दी, खांसी, जुकाम व बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है। बीते 21 फरवरी को 850, 22 को 890, 23 को 898 मरीज, 25 को 905, 26 को 910 मरीज और 27 फरवरी को 920 और 28 फरवरी को 925 मरीज जिला अस्पताल की ओपीडी में इलाज कराने आए। मौसम वैज्ञानिक कैलाश पांडेय ने बताया कि 21 फरवरी को अधिकतम तापमान 25 व न्यूनतम 13 डिग्री सेल्सियस था। इसी तरह 22 फरवरी को अधिकतम 26 व न्यनूतम 15, 23 को अधिकतम 27 व न्यूनतम 15, 24 को अधिकतम 28 व न्यूनतम 14, 25 को अधिकतम 26 व न्यूनतम 12, 26 को अधिकतम 27 व न्यूनतम 11, 27 को अधिकतम 22 व न्यूनतम 9 तथा 28 फरवरी को अधिकतम 22 और न्यूनतम 12 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। इस तरह हर रोज तापमान में उतार चढ़ाव हो रहा है। मौसम में उतार चढ़ाव के कारण सुबह और शाम तो हल्की सर्दी रहती है, जबकि रात में ठंड ज्यादा हो जाती है। दोपहर में तेज धूप रहने से गर्मी पड़ती है। ऐसे मौसम में तमाम लोग संक्रामक रोगों की चपेट में आ जा रहे हैं। जिला अस्पताल में तैनात डॉ. एएम भास्कर का कहना है कि इस तरह के मौसम में गले व फेफड़ों पर सीधा असर पड़ता है। इससे संक्रमण रोगों का खतरा बढ़ जाता है।
विज्ञापन