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Maharajganj News: कम लग रही प्यास तो पानी से बना ली दूरी, बढ़ गए पेट के रोगी
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सर्दी में घटी प्यास से बढ़े पेट के रोगी, 27 मरीज जिला अस्पताल पहुंचे
लूजमोशन-डायरिया और पेट दर्द-गैस की बढ़ी समस्या
मंगलवार को जिला अस्पताल में 576 का हुआ उपचार
महराजगंज। सर्दियों में घटती प्यास के चलते पेट के रोगियों की संख्या में इजाफा हुआ है। ठंड में प्यास कम लगने से लोग पानी कम पी रहे हैं। पानी कम पीने से लूज मोशन, डायरिया के साथ पेटदर्द, गैस व अपच के रोगियों की संख्या बढ़ी है। मंगलवार पेट की समस्या लेकर 27 रोगी पहुंचे। इन्हें जांच रिपोर्ट के मुताबिक चिकित्सकों ने दवा व एहतियात का परामर्श दिया।
मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 576 रोगियों का उपचार हुआ। सर्वाधिक रोगी सर्दी, जुखाम, खांसी व बुखार के बाद पेट संबंधित दिक्कतों के रहे। डाॅ. पवन कुमार ने उन्हें जांच रिपोर्ट के मुताबिक दवा परामर्श व खूब पानी पीने की सलाह दी। बताया कि सर्दी के कारण प्यास कम लग रही है तो लोगों ने पानी से दूरी ही बना ली। इससे पेट दर्द, कब्ज, लूजमोशन व डायरिया के रोगी अधिक आ रहे हैं। कुछ को ठंड लगने के कारण लूजमोशन की शिकायत है, लेकिन अधिकतर में डिहाइड्रेशन ही पेट संबंधित समस्या का कारण मिल रहा है। डिहाइड्रेशन पानी कम पीने से हो रहा है।
सर्दी के मौसम में लोगों का खानपान मसालेदार और तैलीय हो जाता है। साथ-साथ सर्दी से बचने के लिए लोग अधिकांश समय बैठे रहते हैं, मेहनत का कार्य कम कर देते हैं। इसके चलते कब्ज की समस्या बढ़ जाती है। डाॅ. पवन कुमार ने बताया कि सर्दी में पाचन क्रिया धीमी होती है। इससे लोगों के पेट में दर्द व डायरिया जैसी समस्या हो रही है। ठंड के कारण प्यास नहीं लगती और लोग बहुत कम पानी पीते हैं। इससे पेट में दर्द व ऐंठन जैसी समस्या शुरू हो जाती है। मरीजों को सलाह दी जा रही कि गुनगुना पानी अधिक से अधिक पिएं। हल्का भोजन करें।
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ऐसे करें बचाव-
- गर्म और सुपाच्य भोजन ग्रहण करें। बथुआ-मेथी साग, गाजर व चुकंदर का भरपूर सेवन करें।
- अदरक, अजवायन, सौफ व पुदीना मिश्रित हर्बल चाय का सेवन करें।
- दही और घी का सेवन बढ़ाएं। दही से आंत स्वस्थ रहती है व घी पेट की अच्छी बैक्टीरिया बढ़ाता है।
- सुबह की शुरुआत गुनगुने पानी के सेवन से करें। भरपूर मात्रा में पानी गुनगुना करके पीने की आदत डालें।
- बिना जांच और चिकित्सक परामर्श लिए कोई उपचार न शुरू करें।
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लूजमोशन-डायरिया और पेट दर्द-गैस की बढ़ी समस्या
मंगलवार को जिला अस्पताल में 576 का हुआ उपचार
महराजगंज। सर्दियों में घटती प्यास के चलते पेट के रोगियों की संख्या में इजाफा हुआ है। ठंड में प्यास कम लगने से लोग पानी कम पी रहे हैं। पानी कम पीने से लूज मोशन, डायरिया के साथ पेटदर्द, गैस व अपच के रोगियों की संख्या बढ़ी है। मंगलवार पेट की समस्या लेकर 27 रोगी पहुंचे। इन्हें जांच रिपोर्ट के मुताबिक चिकित्सकों ने दवा व एहतियात का परामर्श दिया।
मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 576 रोगियों का उपचार हुआ। सर्वाधिक रोगी सर्दी, जुखाम, खांसी व बुखार के बाद पेट संबंधित दिक्कतों के रहे। डाॅ. पवन कुमार ने उन्हें जांच रिपोर्ट के मुताबिक दवा परामर्श व खूब पानी पीने की सलाह दी। बताया कि सर्दी के कारण प्यास कम लग रही है तो लोगों ने पानी से दूरी ही बना ली। इससे पेट दर्द, कब्ज, लूजमोशन व डायरिया के रोगी अधिक आ रहे हैं। कुछ को ठंड लगने के कारण लूजमोशन की शिकायत है, लेकिन अधिकतर में डिहाइड्रेशन ही पेट संबंधित समस्या का कारण मिल रहा है। डिहाइड्रेशन पानी कम पीने से हो रहा है।
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सर्दी के मौसम में लोगों का खानपान मसालेदार और तैलीय हो जाता है। साथ-साथ सर्दी से बचने के लिए लोग अधिकांश समय बैठे रहते हैं, मेहनत का कार्य कम कर देते हैं। इसके चलते कब्ज की समस्या बढ़ जाती है। डाॅ. पवन कुमार ने बताया कि सर्दी में पाचन क्रिया धीमी होती है। इससे लोगों के पेट में दर्द व डायरिया जैसी समस्या हो रही है। ठंड के कारण प्यास नहीं लगती और लोग बहुत कम पानी पीते हैं। इससे पेट में दर्द व ऐंठन जैसी समस्या शुरू हो जाती है। मरीजों को सलाह दी जा रही कि गुनगुना पानी अधिक से अधिक पिएं। हल्का भोजन करें।
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ऐसे करें बचाव-
- गर्म और सुपाच्य भोजन ग्रहण करें। बथुआ-मेथी साग, गाजर व चुकंदर का भरपूर सेवन करें।
- अदरक, अजवायन, सौफ व पुदीना मिश्रित हर्बल चाय का सेवन करें।
- दही और घी का सेवन बढ़ाएं। दही से आंत स्वस्थ रहती है व घी पेट की अच्छी बैक्टीरिया बढ़ाता है।
- सुबह की शुरुआत गुनगुने पानी के सेवन से करें। भरपूर मात्रा में पानी गुनगुना करके पीने की आदत डालें।
- बिना जांच और चिकित्सक परामर्श लिए कोई उपचार न शुरू करें।