{"_id":"57b9f04e4f1c1b270ed4ee90","slug":"wood-loaded-pickup-caught","type":"story","status":"publish","title_hn":"लकड़ी लदी पिकअप पकड़ी, चालक गिरफ्तार ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
लकड़ी लदी पिकअप पकड़ी, चालक गिरफ्तार
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 21 Aug 2016 11:47 PM IST
विज्ञापन
दस बाोटा लकड़ी बरामद
- फोटो : amar ujala
लक्ष्मीपुर/पुरंदरपुर। समरधीरा के समीप स्थित बागीचा के पास से पुरंदरपुर पुलिस ने सागौन की लकड़ी लदी पिकअप पकड़ी। इसके पहले तस्कर भाग निकले। पुलिस ने चालक को हिरासत में ले लिया। वन विभाग के पल्ला झाड़ लेने केे बाद एसओ की तहरीर पर वन अधिनियम व एमवी एक्ट के तहत केस दर्ज कर लिया गया।
शनिवार की देर रात एसओ पुरंदरपुर ओपी चौहान मयफोर्स गश्त पर थे। समरधीरा के समीप बागीचा के पास पहुंचे, तभी सामने से आ रही पिकअप से कुछ लोग भागते हुए दिखे। पुलिस ने वाहन को देखा तो उसमें 10 बोटा सागौन की लकड़ी मिली। पुलिस ने चालक अनिल कन्नौजिया सहित वाहन को कब्जे में ले लिया। पूछताछ में थाना क्षेत्र के ही खजुरिया निवासी चालक अनिल कन्नौजिया ने बताया कि वाहन खजुरिया निवासी भोला अग्रहरि का है। उसमें मानिक तलाव के ओमप्रकाश की लकड़ी लदी है।
बताया जाता है कि जानकारी मिलते ही वन विभाग ने पल्ला झाड़ना शुरू कर दिया। उसके बाद एसओ ओपी चौहान की तहरीर पर चालक और वाहन मालिक समेत तीन के खिलाफ वन अधिनियम व एमवी एक्ट में मामला दर्ज कर लिया गया है। गांव वालों का कहना है कि हकीकत तो यह है कि वन विभाग की मिली भगत से अवैध कटान कराई जाती है। कटान रोकने के नाम पर किसानों को ही निशाना बनाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
शनिवार की देर रात एसओ पुरंदरपुर ओपी चौहान मयफोर्स गश्त पर थे। समरधीरा के समीप बागीचा के पास पहुंचे, तभी सामने से आ रही पिकअप से कुछ लोग भागते हुए दिखे। पुलिस ने वाहन को देखा तो उसमें 10 बोटा सागौन की लकड़ी मिली। पुलिस ने चालक अनिल कन्नौजिया सहित वाहन को कब्जे में ले लिया। पूछताछ में थाना क्षेत्र के ही खजुरिया निवासी चालक अनिल कन्नौजिया ने बताया कि वाहन खजुरिया निवासी भोला अग्रहरि का है। उसमें मानिक तलाव के ओमप्रकाश की लकड़ी लदी है।
विज्ञापन
बताया जाता है कि जानकारी मिलते ही वन विभाग ने पल्ला झाड़ना शुरू कर दिया। उसके बाद एसओ ओपी चौहान की तहरीर पर चालक और वाहन मालिक समेत तीन के खिलाफ वन अधिनियम व एमवी एक्ट में मामला दर्ज कर लिया गया है। गांव वालों का कहना है कि हकीकत तो यह है कि वन विभाग की मिली भगत से अवैध कटान कराई जाती है। कटान रोकने के नाम पर किसानों को ही निशाना बनाता है।
विज्ञापन