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Maharajganj News: 244 गंभीर कुपोषित बच्चे चिह्नित, एनआरसी में नौ बेड खाली

Sat, 17 Oct 2026 12:53 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 17 Oct 2026 12:53 AM IST
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244 severely malnourished children identified; nine beds vacant at the NRC
पोषण पुनर्वास केंद्र में खाली बेड।संवाद
महराजगंज। जिले में 244 गंभीर कुपोषित बच्चों के चिह्नित होने के बावजूद जिला अस्पताल स्थित पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) में भर्ती की स्थिति संतोषजनक नहीं है। 10 बेड की क्षमता वाले केंद्र में वर्तमान में केवल एक बच्चे का उपचार चल रहा है, जबकि नौ बेड खाली पड़े हैं। इस माह अब तक महज पांच बच्चों को ही भर्ती कराया गया है। गंभीर कुपोषित बच्चों की संख्या को देखते हुए उन्हें उपचार के लिए केंद्र तक पहुंचाने की व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं।
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पोषण पुनर्वास केंद्र में गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों को विशेषज्ञों की निगरानी में उपचार, पौष्टिक आहार और बेहतर देखभाल उपलब्ध कराई जाती है। साथ ही उनके अभिभावकों को बच्चों के पोषण और खानपान के प्रति जागरूक किया जाता है, ताकि बच्चों को कुपोषण से उबारा जा सके। इसके बावजूद केंद्र में बड़ी संख्या में बेड खाली रहना चिंता का विषय है।
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एनआरसी में इस माह अब तक पांच बच्चों को भर्ती कराया गया। इनमें से चार बच्चों को स्वस्थ होने पर डिस्चार्ज कर दिया गया। वर्तमान में धानी क्षेत्र के कृष्णनगर निवासी एक बच्चे का उपचार चल रहा है। केंद्र में नौ बेड खाली पड़े हैं। जिले में गंभीर कुपोषित बच्चों की संख्या को देखते हुए अधिक से अधिक जरूरतमंद बच्चों को केंद्र में भर्ती कराने की आवश्यकता है।
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आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी
गंभीर कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें पोषण पुनर्वास केंद्र तक पहुंचाने में आशा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) की टीमों की अहम भूमिका है। गांवों में चिह्नित बच्चों को समय से केंद्र में भर्ती कराना जरूरी है। इसके अलावा जिला अस्पताल की ओपीडी में आने वाले बच्चों की जांच के बाद जरूरत पड़ने पर उन्हें भी एनआरसी में भर्ती कराया जा सकता है।

कोट
आरबीएसके की टीम के साथ आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें पोषण पुनर्वास केंद्र लाने के निर्देश दिए गए हैं। जरूरत के अनुसार भर्ती कराया जाए।
-डॉ. एके द्विवेदी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक जिला अस्पताल
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