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जीआरपी की मदद से वैज्ञानिक को वापस मिला कीमती लैपटॉप
Updated Sun, 03 Jun 2018 01:28 AM IST
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जीआरपी की मदद से वैज्ञानिक को वापस मिला कीमती लैपटॉप
उत्कल एक्सप्रेस से वापस लौटते समय ट्रेन मे छूटा था बैग
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। थाना जीआरपी द्वारा ट्रेनों में किया जाना वाला सेवा भाव आजकल चर्चाओं में बना हुआ है। गत दिनों जहां स्टेशन पर छूटी एक बच्ची को उसके माता पिता से मिलाया, वहीं गत रोज जीआरपी थानाध्यक्ष व उनकी टीम की सक्रियता से राउरकेला के वैज्ञानिक को ट्रेन में छूटा उसका कीमती लैपटॉप व अन्य सामान बैग सहित वापस दिलाया।
जीआरपी थानाध्यक्ष संजय कुमार सिंह ने बताया कि वह मय हमराह के ट्रेनों में अवैध वैंडरों की रोकथाम के लिए सघन चेकिंग अभियान कर रहे थे कि शुक्रवार को उत्कल एक्सप्रेस में चेकिंग के दौरान मोबाइल पर सूचना मिली कि कस्बा पाली निवासी विजयभान पुत्र परशुराम अहिरवार जो राउरकेला में वैज्ञानिक हैं, वह राउरकेला से ललितपुुर उत्कल एक्सप्रेस ट्रेन से लौट रहे थे। जल्दबाजी में उसका एक बैग जिसमें एक लैपटॉप और अन्य कीमती सामान है वह उत्कल एक्सप्रेस में छूट गया है। मोबाइल पर मिली सूचना पर उक्त वैज्ञानिक यात्री का बैग की तलाशी शुरू की, लेकिन शुरुआती तलाशी में बैग नहीं मिल सका। इसके बाद उन्होंने खुद हमराहियों के साथ ट्रेन की बर्थों पर बैग की खोज की तो एक कोच में निचली बर्थ के नीचे उक्त यात्री का बैग मिल गया। जिसे उक्त वैज्ञानिक यात्री को बुलाकर उसके सुपुर्द किया गया। उक्त यात्री द्वारा जीआपी में बताया गया कि वह राउरकेला में वैज्ञानिक है और उक्त लैपटॉप में जरूरी सूचनाएं व डाटा है। साथ ही उसके बैग में अन्य कीमती सामान भी था, जो लगभग 60 हजार रुपए का है। जीआरपी ने उक्त यात्री से जरूरी प्राथमिकताएं पूरी कर उसका बैग उसे सौंप दिया।
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उत्कल एक्सप्रेस से वापस लौटते समय ट्रेन मे छूटा था बैग
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। थाना जीआरपी द्वारा ट्रेनों में किया जाना वाला सेवा भाव आजकल चर्चाओं में बना हुआ है। गत दिनों जहां स्टेशन पर छूटी एक बच्ची को उसके माता पिता से मिलाया, वहीं गत रोज जीआरपी थानाध्यक्ष व उनकी टीम की सक्रियता से राउरकेला के वैज्ञानिक को ट्रेन में छूटा उसका कीमती लैपटॉप व अन्य सामान बैग सहित वापस दिलाया।
जीआरपी थानाध्यक्ष संजय कुमार सिंह ने बताया कि वह मय हमराह के ट्रेनों में अवैध वैंडरों की रोकथाम के लिए सघन चेकिंग अभियान कर रहे थे कि शुक्रवार को उत्कल एक्सप्रेस में चेकिंग के दौरान मोबाइल पर सूचना मिली कि कस्बा पाली निवासी विजयभान पुत्र परशुराम अहिरवार जो राउरकेला में वैज्ञानिक हैं, वह राउरकेला से ललितपुुर उत्कल एक्सप्रेस ट्रेन से लौट रहे थे। जल्दबाजी में उसका एक बैग जिसमें एक लैपटॉप और अन्य कीमती सामान है वह उत्कल एक्सप्रेस में छूट गया है। मोबाइल पर मिली सूचना पर उक्त वैज्ञानिक यात्री का बैग की तलाशी शुरू की, लेकिन शुरुआती तलाशी में बैग नहीं मिल सका। इसके बाद उन्होंने खुद हमराहियों के साथ ट्रेन की बर्थों पर बैग की खोज की तो एक कोच में निचली बर्थ के नीचे उक्त यात्री का बैग मिल गया। जिसे उक्त वैज्ञानिक यात्री को बुलाकर उसके सुपुर्द किया गया। उक्त यात्री द्वारा जीआपी में बताया गया कि वह राउरकेला में वैज्ञानिक है और उक्त लैपटॉप में जरूरी सूचनाएं व डाटा है। साथ ही उसके बैग में अन्य कीमती सामान भी था, जो लगभग 60 हजार रुपए का है। जीआरपी ने उक्त यात्री से जरूरी प्राथमिकताएं पूरी कर उसका बैग उसे सौंप दिया।
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