{"_id":"6ab2c3a992fad1961304cea1","slug":"case-of-canal-gate-theft-turns-out-to-be-false-department-removed-it-due-to-garbage-accumulation-lalitpur-news-c-131-1-ltp1030-163627-2026-09-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lalitpur News: नहर के गेट की चोरी का मामला निकला फर्जी, कचरा जमा होने पर विभाग ने हटाया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lalitpur News: नहर के गेट की चोरी का मामला निकला फर्जी, कचरा जमा होने पर विभाग ने हटाया
विज्ञापन
गेट नहीं होनी से पुलिया से बहता पानी
अर्जुन खिरिया। जामनी बांध से निकली बाईं नहर में अर्जुन खिरिया गांव के पास पुलिया पर लगे लोहे के गेट को लेकर चोरी की चर्चा सामने आई थी। इस पर सिंचाई विभाग ने स्थिति स्पष्ट की। विभाग ने बताया कि गेट चोरी नहीं हुआ है। नहर में पानी छोड़े जाने के दौरान कचरा फंसने से गेट जाम हो गया था, जिससे पानी के प्रवाह में बाधा आ रही थी। पानी का सुचारु प्रवाह बनाए रखने के लिए विभागीय कर्मचारियों ने गेट को निकालकर सुरक्षित स्थान पर रख दिया। विभाग ने स्पष्ट किया कि गेट उनके पास सुरक्षित है और चोरी की बात सही नहीं है। अक्तूबर माह में नहर की प्रस्तावित सफाई के दौरान पुलिया में लोहे का गेट दोबारा लगा दिया जाएगा।
जामनी बांध से निकली नहर से दैनपुरा गांव की ओर नाले की तरफ दो लोहे के गेट में से एक गेट एक महीने से गायब है। जिस पर विभाग के अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया है। हजारों लीटर पानी बहकर बर्बाद हो रहा है।-नंद किशोर पटेल
नहर की पुलिया में लगे गेट की चोरी की अफवाह गांव सहित क्षेत्र में फैल गई थी। कोई पता नहीं कर पा रहा था कि आखिर गेट कहां चला गया।-गणेश पाल
नहर के गेटों में कचरा फंसने के कारण उसे हटाया गया था। सफाई के बाद गेट फिर से स्थापित कर दिया जाएगा, जिससे पानी के प्रवाह और सिंचाई व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में मदद मिलेगी।-आकाश गुप्ता, अवर अभियंता सिंचाई विभाग
विज्ञापन
विज्ञापन
जामनी बांध से निकली नहर से दैनपुरा गांव की ओर नाले की तरफ दो लोहे के गेट में से एक गेट एक महीने से गायब है। जिस पर विभाग के अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया है। हजारों लीटर पानी बहकर बर्बाद हो रहा है।-नंद किशोर पटेल
विज्ञापन
नहर की पुलिया में लगे गेट की चोरी की अफवाह गांव सहित क्षेत्र में फैल गई थी। कोई पता नहीं कर पा रहा था कि आखिर गेट कहां चला गया।-गणेश पाल
नहर के गेटों में कचरा फंसने के कारण उसे हटाया गया था। सफाई के बाद गेट फिर से स्थापित कर दिया जाएगा, जिससे पानी के प्रवाह और सिंचाई व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में मदद मिलेगी।-आकाश गुप्ता, अवर अभियंता सिंचाई विभाग
विज्ञापन