{"_id":"5c7eda54bdec221448558378","slug":"21551817300-lalitpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"भगवान शिव के भजनों पर श्रद्धालु झूमे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भगवान शिव के भजनों पर श्रद्धालु झूमे
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भगवान शिव के भजनों पर श्रद्धालु झूमे
पुलवारा। कस्बा बार में महाशिवरात्रि पर भगवान भोलेनाथ की आराधना में श्रद्धालु सराबोर रहे। जगह-जगह भगवान की झांकियां सजाई गईं। भगवान शिव के भजनों पर श्रद्धालु देर रात तक झूमते रहे। गाजे-बाजे के साथ भगवान की बरात निकाली गई। रथ पर दूल्हे के स्वरूप में विराजमान भगवान शंकर आकर्षण का स्वरूप बने थे। साथ में अन्य वाहनों पर देवी देवताओं के स्वरूपों की आकर्षक झांकियों ने सभी का मनमोह लिया। कस्बे में भ्रमण के दौरान बरात का जगह-जगह स्वागत किया गया। भगवान के स्वरूपों की झांकियां, कलाकारों की मंत्रमुग्ध करतीं प्रस्तुतियां और शोभायात्रा के पीछे लोग आस्थावान होकर चल रहे थे। शिवमय माहौल में भगवान भोले भंडारी की महिमा का गुणगान करते श्रद्धालुओं का नजारा देखते ही बन रहा था। प्राचीन नवग्रहेश्वर मंदिर पर भगवान भोलेनाथ की बरात की तैयारियां सुबह से शुरू हुईं एवं शाम चार बजे से शोभायात्रा का विधिविधान से शुभारंभ हुई। शोभायात्रा में भगवान शिव के रंग में रंगे कलाकारों की प्रस्तुतियों से मंत्रमुग्ध जनसमूह का नजारा दिखा। श्री कांवड़ सेवा समिति ने शिव बरात निकाली। भगवान शिव के सुंदर भजनों पर भक्त झूमते नजर आए एवं बम-बम भोले के जयकारों की गूंज से कस्बे का भक्तिमय माहौल हो गया। बरात नृसिंह मंदिर पहुंची, जहां विधिविधान से भगवान शिव का विवाह हुआ। शिव के सुंदर भजनों पर भक्त झूमते नजर आए।
विज्ञापन
पुलवारा। कस्बा बार में महाशिवरात्रि पर भगवान भोलेनाथ की आराधना में श्रद्धालु सराबोर रहे। जगह-जगह भगवान की झांकियां सजाई गईं। भगवान शिव के भजनों पर श्रद्धालु देर रात तक झूमते रहे। गाजे-बाजे के साथ भगवान की बरात निकाली गई। रथ पर दूल्हे के स्वरूप में विराजमान भगवान शंकर आकर्षण का स्वरूप बने थे। साथ में अन्य वाहनों पर देवी देवताओं के स्वरूपों की आकर्षक झांकियों ने सभी का मनमोह लिया। कस्बे में भ्रमण के दौरान बरात का जगह-जगह स्वागत किया गया। भगवान के स्वरूपों की झांकियां, कलाकारों की मंत्रमुग्ध करतीं प्रस्तुतियां और शोभायात्रा के पीछे लोग आस्थावान होकर चल रहे थे। शिवमय माहौल में भगवान भोले भंडारी की महिमा का गुणगान करते श्रद्धालुओं का नजारा देखते ही बन रहा था। प्राचीन नवग्रहेश्वर मंदिर पर भगवान भोलेनाथ की बरात की तैयारियां सुबह से शुरू हुईं एवं शाम चार बजे से शोभायात्रा का विधिविधान से शुभारंभ हुई। शोभायात्रा में भगवान शिव के रंग में रंगे कलाकारों की प्रस्तुतियों से मंत्रमुग्ध जनसमूह का नजारा दिखा। श्री कांवड़ सेवा समिति ने शिव बरात निकाली। भगवान शिव के सुंदर भजनों पर भक्त झूमते नजर आए एवं बम-बम भोले के जयकारों की गूंज से कस्बे का भक्तिमय माहौल हो गया। बरात नृसिंह मंदिर पहुंची, जहां विधिविधान से भगवान शिव का विवाह हुआ। शिव के सुंदर भजनों पर भक्त झूमते नजर आए।