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अनदेखी की भेंट चढ़ा तालाब का सौंदर्यीकरण
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शरारती तत्वों ने तोड़ी सुम्मेरा तालाब की चहारदीवारी
ललितपुर। शहर की ऐतिहासिक धरोहर एवं आस्था का केंद्र सुम्मेरा तालाब अनदेखी की भेंट चढ़ गया है। तालाब के बंध पर कराए गए पौधरोपण एवं टी ग्रार्ड को शरारती तत्वों ने नुकसान पहुंचाया है। वहीं, चहारदीवारी को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। बुधवार को शिकायत पर डीएम ने नगर पालिका के ईओ को दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने के आदेश दिए हैं।
सुम्मेरा तालाब पर प्रतिवर्ष कई धार्मिक आयोजन होते हैं। इसे ध्यान में रखकर ललितपुर जागरूकता अभियान (संगठन) के सदस्यों ने प्रत्येक रविवार को श्रमदान करने का संकल्प लिया है। दो साल इस संगठन के सदस्य श्रमदान भी कर रहे हैं। बीती 28 जुलाई को विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस के अवसर पर जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह के नेतृत्व में तालाब के बंध के चारों ओर पौधरोपण कराया गया था। बीते रविवार को जब इस संगठन के सदस्य तालाब के बंध पर पौधों में पानी डालने पहुंचे तो देखा कि शरारती तत्वों ने पौधों व ट्री गार्डों को नुकसान पहुंचाया है। बुधवार को संगठन के सदस्यों ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर उन्हें इसकी जानकारी दी। इस पर डीएम मानवेंद्र सिंह ने नगर पालिका अधिशाषी अधिकारी मधुसूदन जायसवाल को तालाब का निरीक्षण कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के आदेश दिए। आदेश पर अधिशाषी अधिकारी ने तालाब व बंध का मुआयना किया। उन्होंने पाया कि नामदेव मंदिर के पास विसर्जन कुंड, विसर्जन निषेध पट्टिकाएं, कचरा फैलाने वालों के खिलाफ जुर्माना लगाने व बंध की क्षतिग्रस्त चहारदीवारी को दुबारा बनवाने की बात कही है। इस मौके पर संगठन की अध्यक्ष अर्चना बीके अग्रवाल, सहसंयोजक गोल्डी त्रिवेदी, सचिव अखिलेश कुमार, कोषाध्यक्ष अमित चौबे, दर्शन सेन, देवेंद्र सेन, आशीष पंथ व उमेश सेन आदि उपस्थित रहे।
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ललितपुर। शहर की ऐतिहासिक धरोहर एवं आस्था का केंद्र सुम्मेरा तालाब अनदेखी की भेंट चढ़ गया है। तालाब के बंध पर कराए गए पौधरोपण एवं टी ग्रार्ड को शरारती तत्वों ने नुकसान पहुंचाया है। वहीं, चहारदीवारी को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। बुधवार को शिकायत पर डीएम ने नगर पालिका के ईओ को दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने के आदेश दिए हैं।
सुम्मेरा तालाब पर प्रतिवर्ष कई धार्मिक आयोजन होते हैं। इसे ध्यान में रखकर ललितपुर जागरूकता अभियान (संगठन) के सदस्यों ने प्रत्येक रविवार को श्रमदान करने का संकल्प लिया है। दो साल इस संगठन के सदस्य श्रमदान भी कर रहे हैं। बीती 28 जुलाई को विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस के अवसर पर जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह के नेतृत्व में तालाब के बंध के चारों ओर पौधरोपण कराया गया था। बीते रविवार को जब इस संगठन के सदस्य तालाब के बंध पर पौधों में पानी डालने पहुंचे तो देखा कि शरारती तत्वों ने पौधों व ट्री गार्डों को नुकसान पहुंचाया है। बुधवार को संगठन के सदस्यों ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर उन्हें इसकी जानकारी दी। इस पर डीएम मानवेंद्र सिंह ने नगर पालिका अधिशाषी अधिकारी मधुसूदन जायसवाल को तालाब का निरीक्षण कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के आदेश दिए। आदेश पर अधिशाषी अधिकारी ने तालाब व बंध का मुआयना किया। उन्होंने पाया कि नामदेव मंदिर के पास विसर्जन कुंड, विसर्जन निषेध पट्टिकाएं, कचरा फैलाने वालों के खिलाफ जुर्माना लगाने व बंध की क्षतिग्रस्त चहारदीवारी को दुबारा बनवाने की बात कही है। इस मौके पर संगठन की अध्यक्ष अर्चना बीके अग्रवाल, सहसंयोजक गोल्डी त्रिवेदी, सचिव अखिलेश कुमार, कोषाध्यक्ष अमित चौबे, दर्शन सेन, देवेंद्र सेन, आशीष पंथ व उमेश सेन आदि उपस्थित रहे।
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