{"_id":"60f5c21c8ebc3e6908303835","slug":"witnesses-recorded-statements-in-pasgwan-case-lakhimpur-news-bly453612220","type":"story","status":"publish","title_hn":"पसगवां कांड में गवाहों ने दर्ज कराए बयान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पसगवां कांड में गवाहों ने दर्ज कराए बयान
विज्ञापन
चुनाव में हंगामा करने वालों को चिह्नित कर रही पुलिस
पसगवां। ब्लॉक प्रमुखी के नामांकन के दौरान आठ जुलाई को सपा प्रत्याशी रितु सिंह व उनकी प्रस्तावक से हुई बदसलूकी मामले में दर्ज एफआईआर के बाद मामले की विवेचना जारी है। सोमवार को गवाह सपा नेता क्रांति सिंह व शफी अहमद ने अपने बयान दर्ज करवाए।
इससे पहले रविवार को वे स्वास्थ्य कारणों से अपने बयान दर्ज नहीं करा सके थे, जबकि सपा नेता जुबैर और दिलीप कुमार यादव ने पसगवां थाने में पहुंचकर बयान दर्ज करवाए थे। यहां बता दें कि पहले चरण में पुलिस उन लोगों के बयान दर्ज करवा रही है, जो आठ जुलाई को पसगवां में दोनों पीड़ित महिलाओं के साथ मौजूद थे। दूसरे चरण में उनके बयान दर्ज होंगे जिनकी गाड़ी में तोड़फोड़ हुई थी। इस चरण में सपा एमएलसी शशांक यादव और पूर्व दर्जा राज्यमंत्री डॉ. आरए उस्मानी के बयान दर्ज किए जाने हैं।
उधर ब्लॉक प्रमुख चुनाव के दौरान बसपा नेता मोहन बाजपेई और उनके समर्थकों पर दस जुलाई को ब्लॉक प्रमुखी के चुनाव में हंगामा करने के मामले में केस दर्ज हुआ था, जिसकी विवेचना अभी जारी है। सीओ सिटी अरविंद वर्मा ने बताया कि कंपलीट लॉकडाउन, धारा 144 लागू होने की वजह से उन्हें रोका गया था। उन्होंने बताया कि चुनाव आचार संहिता, धारा 144 और कोविड प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया है। हंगामा करने पर 20 से 25 के खिलाफ नामजद व इतने ही अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। उन्होंने बताया कि अज्ञात लोगों को चिन्हित कर विवेचना की जा रही है। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
पसगवां। ब्लॉक प्रमुखी के नामांकन के दौरान आठ जुलाई को सपा प्रत्याशी रितु सिंह व उनकी प्रस्तावक से हुई बदसलूकी मामले में दर्ज एफआईआर के बाद मामले की विवेचना जारी है। सोमवार को गवाह सपा नेता क्रांति सिंह व शफी अहमद ने अपने बयान दर्ज करवाए।
इससे पहले रविवार को वे स्वास्थ्य कारणों से अपने बयान दर्ज नहीं करा सके थे, जबकि सपा नेता जुबैर और दिलीप कुमार यादव ने पसगवां थाने में पहुंचकर बयान दर्ज करवाए थे। यहां बता दें कि पहले चरण में पुलिस उन लोगों के बयान दर्ज करवा रही है, जो आठ जुलाई को पसगवां में दोनों पीड़ित महिलाओं के साथ मौजूद थे। दूसरे चरण में उनके बयान दर्ज होंगे जिनकी गाड़ी में तोड़फोड़ हुई थी। इस चरण में सपा एमएलसी शशांक यादव और पूर्व दर्जा राज्यमंत्री डॉ. आरए उस्मानी के बयान दर्ज किए जाने हैं।
विज्ञापन
उधर ब्लॉक प्रमुख चुनाव के दौरान बसपा नेता मोहन बाजपेई और उनके समर्थकों पर दस जुलाई को ब्लॉक प्रमुखी के चुनाव में हंगामा करने के मामले में केस दर्ज हुआ था, जिसकी विवेचना अभी जारी है। सीओ सिटी अरविंद वर्मा ने बताया कि कंपलीट लॉकडाउन, धारा 144 लागू होने की वजह से उन्हें रोका गया था। उन्होंने बताया कि चुनाव आचार संहिता, धारा 144 और कोविड प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया है। हंगामा करने पर 20 से 25 के खिलाफ नामजद व इतने ही अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। उन्होंने बताया कि अज्ञात लोगों को चिन्हित कर विवेचना की जा रही है। संवाद
विज्ञापन